गुना में सिंधिया ने 'नमो ड्रोन दीदी' किरण के साथ उड़ाया ड्रोन, ग्रामीण महिलाओं की तकनीकी दक्षता को सराहा
सारांश
मुख्य बातें
केंद्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने 18 सितंबर 2026 को मध्य प्रदेश के गुना जिले के बरखेड़ा गिर्द गांव में आयोजित मुख्यमंत्री जनविश्वास शिविर में 'नमो ड्रोन दीदी' किरण के साथ ड्रोन उड़ाया और उनके तकनीकी कौशल एवं आत्मविश्वास की मुक्त कंठ से प्रशंसा की। यह कार्यक्रम ग्रामीण महिलाओं को आधुनिक कृषि तकनीक से जोड़ने की केंद्र सरकार की पहल का हिस्सा है।
ड्रोन प्रदर्शन और मंत्री की भागीदारी
शिविर के दौरान नमो ड्रोन दीदी किरण ने केंद्रीय मंत्री के समक्ष ड्रोन संचालन का जीवंत प्रदर्शन किया और स्वयं सिंधिया को भी ड्रोन उड़ाने का अनुभव कराया। मंत्री ने किरण के तकनीकी ज्ञान, कार्यकुशलता और दृढ़ आत्मविश्वास की सराहना करते हुए कहा कि ग्रामीण महिलाएं आधुनिक तकनीक को अपनाकर कृषि एवं ग्रामीण विकास में नई संभावनाओं के द्वार खोल रही हैं।
नमो ड्रोन दीदी योजना का महत्व
सिंधिया ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ग्रामीण क्षेत्रों में आधुनिक तकनीक के प्रसार के साथ-साथ महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि नमो ड्रोन दीदी योजना इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है, जिसके ज़रिए महिलाएं कृषि कार्यों में ड्रोन तकनीक का प्रभावी उपयोग कर रही हैं। गौरतलब है कि यह योजना देशभर की स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को ड्रोन पायलट के रूप में प्रशिक्षित करने के उद्देश्य से शुरू की गई थी।
राज्य सरकार की प्राथमिकताएं
केंद्रीय मंत्री ने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में मध्य प्रदेश सरकार महिला सशक्तिकरण, ग्रामीण विकास और आधुनिक तकनीक के विस्तार को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। उन्होंने नमो ड्रोन दीदियों को आत्मनिर्भरता, नवाचार और महिला सशक्तिकरण की प्रेरणादायी मिसाल बताया।
बदलते भारत की तस्वीर
सिंधिया ने विशेष रूप से किरण के आत्मविश्वास की सराहना करते हुए कहा कि ग्रामीण महिलाओं द्वारा आधुनिक तकनीक को सहजता से अपनाना बदलते भारत की एक सकारात्मक तस्वीर प्रस्तुत करता है। यह ऐसे समय में आया है जब देश में कृषि क्षेत्र में ड्रोन तकनीक को बड़े पैमाने पर अपनाने की दिशा में सरकारी प्रयास तेज़ हो रहे हैं। आने वाले समय में ऐसी योजनाओं के विस्तार से ग्रामीण महिलाओं की आर्थिक भागीदारी और सशक्तिकरण में और अधिक तेज़ी आने की उम्मीद है।