हरियाणा एटीएस ने अंतरराष्ट्रीय नार्को-आतंक नेटवर्क का भंडाफोड़ किया, 7 गिरफ्तार; 529 ग्राम चिट्टा और हथियार बरामद
सारांश
मुख्य बातें
हरियाणा आतंकवाद निरोधी दस्ते (एटीएस) ने 22 सितंबर 2026 को एक अंतरराष्ट्रीय नार्को-आतंकवाद नेटवर्क का भंडाफोड़ करते हुए सात आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस अधीक्षक वरुण सिंगला के अनुसार यह एटीएस द्वारा सफलतापूर्वक सुलझाया गया पहला ऐसा मामला है। आरोपियों के पास से 529 ग्राम 'चिट्टा', एक अमेरिका निर्मित पिस्तौल सहित दो हथियार, 12 राउंड गोला-बारूद, तीन कैश काउंटिंग मशीनें और पाँच मोबाइल फोन जब्त किए गए हैं।
मामले की शुरुआत: पंचकूला में गोलीबारी
13 सितंबर 2026 की तड़के पंचकूला के अलिफ लैला क्लब में गोलीबारी की सूचना मिली, जिसके बाद पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुँची। जाँच में सामने आया कि पाँच युवक दो वाहनों में क्लब पहुँचे थे और शराब पीने के दौरान हुई कहासुनी के बाद एक आरोपी ने वाहन से पिस्तौल निकालकर दो गोलियाँ चलाईं, जिससे एक युवती घायल हो गई। घायल महिला को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया।
घटनास्थल से साक्ष्य जुटाने और तकनीकी जाँच के बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए इसे एटीएस को सौंप दिया गया।
गिरफ्तारियों का क्रम
गोलीबारी में शामिल एक आरोपी को 15 सितंबर को गिरफ्तार किया गया, जबकि नेटवर्क में मध्यस्थ की भूमिका निभाने वाले एक अन्य आरोपी को 19 सितंबर को लुधियाना से पकड़ा गया। इसी दौरान 529 ग्राम चिट्टा जब्त हुआ, जिसके संबंध में एटीएस ने अलग से मादक पदार्थ का मामला दर्ज किया।
कुल सात गिरफ्तारियों में तीन आरोपियों को घटनास्थल से, एक को पंजाब के मोहाली से और तीन को लुधियाना से हिरासत में लिया गया। लुधियाना में की गई छापेमारी में एक वाहन, एक कैश काउंटिंग मशीन और अन्य महत्त्वपूर्ण साक्ष्य भी मिले।
अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क के तार
पुलिस अधीक्षक सिंगला ने बताया कि पूछताछ और तकनीकी जाँच के दौरान आरोपियों के अंतरराष्ट्रीय नार्को-आतंकवादी नेटवर्क से जुड़े होने के महत्त्वपूर्ण साक्ष्य सामने आए हैं। आरोप है कि नेटवर्क के कुछ संचालक अमेरिका सहित विदेशों में बैठकर स्थानीय हैंडलरों को आवास, वाहन और धन मुहैया कराते थे।
कथित तौर पर यह नेटवर्क ड्रोन के ज़रिये सीमापार से नशीले पदार्थ, हथियार और आपत्तिजनक सामग्री मँगाकर उन्हें निर्धारित स्थानों तक पहुँचाने के लिए स्थानीय लोगों का इस्तेमाल करता था। ड्रग्स से अर्जित धन को भी इसी तंत्र के ज़रिये संचालकों तक भेजा जाता था।
बरामद सामग्री का ब्यौरा
जाँच एजेंसियों ने आरोपियों के पास से निम्नलिखित सामग्री जब्त की — एक अमेरिका निर्मित पिस्तौल, एक 30 बोर की पिस्तौल, 12 राउंड गोला-बारूद, 529 ग्राम चिट्टा (हेरोइन), तीन कैश काउंटिंग मशीनें, पाँच मोबाइल फोन और कई वाहन। सभी मोबाइल फोन का तकनीकी विश्लेषण शुरू कर दिया गया है, जिससे नेटवर्क के और सदस्यों का पता लगाने में मदद मिलने की उम्मीद है।
आगे की जाँच
यह ऐसे समय में आया है जब पंजाब और हरियाणा दोनों राज्यों में सीमापार ड्रोन-आधारित हथियार और नशीले पदार्थों की तस्करी लगातार बढ़ रही है। गौरतलब है कि अंतरराष्ट्रीय संचालकों के शामिल होने की कथित जानकारी को देखते हुए जाँच एजेंसियाँ केंद्रीय खुफिया एजेंसियों के साथ समन्वय कर रही हैं। फरार संचालकों और नेटवर्क के शेष सदस्यों की तलाश जारी है।