हजारीबाग में प्रिंस खान गिरोह पर पुलिस का शिकंजा: मुठभेड़ के बाद छह अपराधी गिरफ्तार, हथियार बरामद
सारांश
मुख्य बातें
हजारीबाग जिले के बड़कागांव स्थित 13 माइल ट्रांसपोर्टिंग रोड पर 30 जुलाई को पुलिस और प्रिंस खान गिरोह के बीच हुई सशस्त्र मुठभेड़ के बाद झारखंड पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए गैंग से जुड़े छह अपराधियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में एक ऐसा अपराधी भी शामिल है जिसे जवाबी फायरिंग में दाहिने पैर में गोली लगी थी। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से हथियार और जिंदा कारतूस भी बरामद किए हैं।
अभियान की शुरुआत कैसे हुई
पुलिस के अनुसार, गुप्त सूचना मिली थी कि लोहसिंगना थाना क्षेत्र में धनबाद के कुख्यात गैंगस्टर प्रिंस खान का नेटवर्क फिर से सक्रिय हो गया है और गिरोह में नए अपराधियों की भर्ती की जा रही है। सूचना की पुष्टि होने पर बड़कागांव के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ) अमित कुमार सिंह के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित कर छापेमारी अभियान शुरू किया गया।
गिरफ्तारी और बरामदगी का ब्योरा
अभियान के पहले चरण में पुलिस ने गिरोह के दो सक्रिय सदस्यों को हिरासत में लिया। उनसे पूछताछ के आधार पर पेलावल थाना क्षेत्र के आजाद नगर से अमन कुमार सिंह को गिरफ्तार किया गया और उनकी निशानदेही पर मोहम्मद जोशान को भी पकड़ा गया। पुलिस ने इनके पास से .303 बोर की 20 जिंदा गोलियाँ बरामद कीं।
पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि गिरोह के सदस्य हथियारों के बल पर कोयला कारोबारियों, ट्रांसपोर्टरों और स्थानीय व्यवसायियों से रंगदारी वसूलते हैं।
दुड़कापाठ में मुठभेड़
इसी सूचना के आधार पर पुलिस ने दुड़कापाठ कोयला क्षेत्र में छापेमारी की। पुलिस टीम को देखते ही वहाँ मौजूद अपराधियों ने फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में एक आरोपी के दाहिने पैर में गोली लगी, जबकि उसके अन्य साथी जंगल का फायदा उठाकर फरार हो गए। घायल आरोपी की पहचान सैयद मोहम्मद जोशान के रूप में हुई है। उसके कब्जे से एक देसी पिस्तौल और जिंदा कारतूस बरामद किए गए।
गिरोह का नेटवर्क और आगे की कार्रवाई
पुलिस के अनुसार, पूछताछ में सैयद मोहम्मद जोशान ने स्वीकार किया कि वह प्रिंस खान और केएसएस कुबेर गिरोह के लिए काम करता था तथा कोयला कारोबारियों से लेवी वसूलने के उद्देश्य से क्षेत्र में सक्रिय था। गिरफ्तार आरोपियों से गिरोह के नेटवर्क, सहयोगियों और फरार अपराधियों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारियाँ मिली हैं। इन सूचनाओं के आधार पर विभिन्न स्थानों पर लगातार छापेमारी जारी है। यह कार्रवाई झारखंड के कोयला क्षेत्रों में संगठित अपराध और रंगदारी के खिलाफ पुलिस के बढ़ते अभियान की कड़ी है।