पीयूष गोयल: भारत दुनिया को दे रहा अद्वितीय आर्थिक अवसर, वैश्विक आपूर्ति शृंखला में बढ़ेगी भूमिका
सारांश
मुख्य बातें
केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने 22 जून 2026 को कहा कि भारत आज विश्व को अद्वितीय और बेजोड़ आर्थिक अवसर प्रदान कर रहा है। नई दिल्ली में आयोजित 'रिपब्लिक समिट 2026' को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत एक भरोसेमंद वैश्विक आर्थिक साझेदार के रूप में अपनी पहचान मजबूत कर रहा है।
वैश्विक आपूर्ति शृंखला में भारत की उभरती भूमिका
गोयल ने कहा कि वैश्विक आपूर्ति शृंखलाओं में भारत की बढ़ती भागीदारी और राष्ट्रहित को प्राथमिकता देने वाली व्यापार नीतियों ने देश को दुनिया भर के कारोबारों के लिए एक आकर्षक निवेश गंतव्य बना दिया है। उन्होंने कहा, "भारत वैश्विक आपूर्ति शृंखलाओं में लगातार अधिक महत्वपूर्ण भूमिका निभाने के लिए तैयार है, क्योंकि दुनिया भर की कंपनियां भरोसेमंद और विश्वसनीय साझेदारों की तलाश कर रही हैं।"
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि मजबूत आर्थिक आधार, स्थिर नीतिगत माहौल और सरकार द्वारा लागू किए गए विकासोन्मुख सुधारों के कारण वैश्विक कंपनियां तेजी से भारत की ओर रुख कर रही हैं। यह ऐसे समय में आया है जब विश्व भर में विनिर्माण और सोर्सिंग गतिविधियों के विविधीकरण की प्रवृत्ति तेज हो रही है।
व्यापार समझौतों में 'राष्ट्र सर्वोपरि' की नीति
गोयल ने अंतरराष्ट्रीय व्यापार वार्ताओं में सरकार के दृष्टिकोण को स्पष्ट करते हुए कहा कि मोदी सरकार ने हमेशा 'नेशन फर्स्ट' यानी राष्ट्र सर्वोपरि की नीति को केंद्र में रखा है। उन्होंने कहा कि हाल के वर्षों में किए गए सभी व्यापार समझौते राष्ट्रीय हितों को ध्यान में रखकर तैयार किए गए हैं, और इन्होंने भारत तथा उसके वैश्विक साझेदारों के बीच व्यापारिक संबंधों को और सुदृढ़ किया है।
उन्होंने कहा कि इन समझौतों का मूल उद्देश्य भारतीय व्यापारियों, निर्यातकों, उद्योगों और नागरिकों के लिए नए अवसर सृजित करना है, जबकि देश के हितों की पूर्ण सुरक्षा भी सुनिश्चित की गई है। गौरतलब है कि भारत ने हाल के वर्षों में कई देशों के साथ मुक्त व्यापार समझौतों (FTA) पर हस्ताक्षर किए हैं या वार्ताएं आगे बढ़ाई हैं।
किसानों के हितों की सुरक्षा पर जोर
गोयल ने किसानों के हितों की रक्षा के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दोहराते हुए कहा, "मोदी सरकार किसानों के हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।" उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि कृषि संबंधी चिंताएं भारत की व्यापार नीतियों और अंतरराष्ट्रीय वार्ताओं में एक प्रमुख विचारणीय विषय बनी रहेंगी।
निवेशकों और उद्योगों के लिए अभूतपूर्व संभावनाएं
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि भारत की आर्थिक प्रगति ने निवेशकों, व्यापारियों, निर्यातकों और उद्योगों के लिए अभूतपूर्व अवसर पैदा किए हैं। उन्होंने भरोसा जताया कि आने वाले वर्षों में भारत वैश्विक व्यापार और निवेश के क्षेत्र में और अधिक निर्णायक भूमिका निभाएगा, तथा वैश्विक आपूर्ति शृंखला का एक प्रमुख केंद्र बनकर उभरेगा।