कच्छ में ACB का बड़ा ऑपरेशन: हेड कांस्टेबल विपुलभाई चौधरी ₹70 हजार की रिश्वत लेते गिरफ्तार
सारांश
मुख्य बातें
भुज एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने 8 नवंबर 2026 को पश्चिमी कच्छ के कोडाई पुलिस स्टेशन में छापा मारकर हेड कांस्टेबल विपुलभाई दलजीभाई चौधरी (आयु 32) को ₹70 हजार की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ पकड़ा। गिरफ्तारी के साथ ही रिश्वत की पूरी रकम मौके से बरामद कर ली गई।
मामले का पूरा घटनाक्रम
प्रकरण की शुरुआत तब हुई जब कोडाई पुलिस ने शिकायतकर्ता के खनिज से लदे डंपर वाहनों को भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 35 के तहत जब्त किया। इस संबंध में भुज खनिज विभाग और मांडवी अदालत को भी रिपोर्ट भेजी गई थी। मामले की जाँच की जिम्मेदारी हेड कांस्टेबल विपुलभाई चौधरी को सौंपी गई थी।
शिकायतकर्ता ने जब्त वाहनों को छुड़ाने के लिए भुज के भूविज्ञानी और मांडवी अदालत से आवश्यक आदेश प्राप्त कर लिए। आरोप है कि जब वह इन आदेशों के साथ पुलिस स्टेशन पहुँचा तो विपुलभाई चौधरी ने वाहन छोड़ने के बदले ₹2 लाख की माँग रखी।
बातचीत में तय हुई रकम और शिकायत
आरोपी और शिकायतकर्ता के बीच बातचीत के बाद रिश्वत की रकम ₹2 लाख से घटकर ₹1 लाख पर तय हुई। शिकायतकर्ता पहले ही ₹30 हजार का भुगतान कर चुका था। शेष ₹70 हजार देने के बाद डंपर की चाबियाँ सौंपने की बात थी।
शेष रकम देने में अनिच्छा के चलते शिकायतकर्ता ने भुज ACB से संपर्क कर शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर ACB ने कोडाई पुलिस स्टेशन में पूरी योजना के साथ जाल बिछाया।
ACB की कार्रवाई और गिरफ्तारी
भुज ACB के पुलिस इंस्पेक्टर जेजे चौधरी और उनकी टीम ने ऑपरेशन को अंजाम दिया। योजनाबद्ध कार्रवाई के दौरान हेड कांस्टेबल विपुलभाई चौधरी को शिकायतकर्ता से ₹70 हजार की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ पकड़ा गया। मौके से रिश्वत की पूरी रकम भी बरामद कर ली गई।
आगे की कानूनी कार्रवाई
गिरफ्तार आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगे की विधिक प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। गौरतलब है कि खनन विवादों से जुड़े मामलों में पुलिसकर्मियों द्वारा रिश्वत माँगने की घटनाएँ राज्य में पहले भी सामने आ चुकी हैं, जो सुशासन के लिए एक चिंताजनक प्रवृत्ति को दर्शाती है।