क्या बिहार चुनाव के पहले राहुल गांधी की ओर से संवैधानिक संस्था पर सवाल उठाना गलत है?

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या बिहार चुनाव के पहले राहुल गांधी की ओर से संवैधानिक संस्था पर सवाल उठाना गलत है?

सारांश

जनता दल (यूनाइटेड) के केसी त्यागी ने राहुल गांधी पर तंज कसा है। उन्होंने कहा कि विपक्ष चुनाव आयोग पर सवाल उठाने की आदत बना चुका है। क्या यह हताशा का संकेत है? जानें इस बयान के पीछे की सच्चाई।

मुख्य बातें

विपक्ष की हताशा और घबराहट का संकेत नीतीश कुमार का विकास कार्य चुनाव आयोग की निष्पक्षता अंतरराष्ट्रीय समर्थन की सराहना लालू यादव के घोटाले पर कोर्ट का फैसला

नई दिल्ली, 18 जुलाई (राष्ट्र प्रेस)। जनता दल (यूनाइटेड) के वरिष्ठ नेता केसी त्यागी ने विपक्षी दलों पर कड़ा प्रहार किया है। उन्होंने कहा कि विपक्षी नेताओं का मुख्य कार्य अब चुनाव के समय चुनाव आयोग पर सवाल उठाना रह गया है। चाहे जातिगत जनगणना का मुद्दा हो या चुनाव परिणामों का, विपक्ष हर बार चुनाव आयोग को निशाना बनाता है।

केसी त्यागी ने विपक्ष की इस रणनीति को उनकी हताशा और घबराहट का परिचायक बताया। उन्होंने राष्ट्र प्रेस से बातचीत में कहा, "राहुल गांधी ने पहले भी ईवीएम के खिलाफ लगातार अभियान चलाया था, जिसमें वे असफल रहे। अब बिहार चुनाव से पहले उन्होंने संवैधानिक संस्था चुनाव आयोग पर अपने हमले तेज कर दिए हैं। जब राहुल गांधी की पार्टी चुनाव में जीतती है, तब उन्हें चुनाव आयोग सही लगता है। कई राज्यों में उनकी सरकारें हैं, तब कोई सवाल नहीं उठता। लेकिन जब वे हारते हैं, तो वे तुरंत ईवीएम और चुनाव आयोग पर सवाल उठाने लगते हैं। चुनाव आयोग निष्पक्ष और स्वतंत्र रूप से अपना कार्य कर रहा है, और विपक्ष को अपनी हार का ठीकरा दूसरों पर फोड़ने की बजाय आत्ममंथन करना चाहिए।"

बिहार की राजनीति पर चर्चा करते हुए केसी त्यागी ने विपक्षी गठबंधन पर तंज कसा। उन्होंने कहा कि बिहार में विपक्षी गठबंधन पूरी तरह घबराया हुआ है। कभी वे ओवैसी को बीजेपी की बी-टीम बताते हैं, तो कभी किसी और पर आरोप लगाते हैं। लेकिन बिहार की जनता अब जाग चुकी है। इस बार भी नीतीश कुमार के नेतृत्व में एनडीए की सरकार बनेगी। बिहार की जनता नीतीश कुमार के विकास कार्यों और नेतृत्व पर भरोसा करती है।

उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री मोदी जब भी बिहार आते हैं, राज्य के लिए विकास परियोजनाएं और सौगातें लेकर आते हैं। उनके लगातार दौरे बिहार के हित में हैं और हम उनका स्वागत करते हैं। बिहार में हाल ही में हुई आपराधिक घटनाएं दुर्भाग्यपूर्ण हैं। इनका किसी राजनीतिक दल या गिरोह से कोई संबंध नहीं है। हमें पूरा विश्वास है कि बिहार पुलिस अपराधियों को पकड़ने में सफल होगी।

सीएम नीतीश कुमार द्वारा 125 यूनिट तक मुफ्त बिजली देने की घोषणा पर जेडीयू नेता केसी त्यागी ने कहा कि नीतीश कुमार के इस फैसले से राज्य के गरीब लोगों को काफी राहत मिलेगी। बिहार की जनता अब विकास और सुशासन चाहती है और नीतीश कुमार के नेतृत्व में एनडीए सरकार इस दिशा में लगातार काम कर रही है।

अंतरराष्ट्रीय मसलों पर बोलते हुए केसी त्यागी ने अमेरिका द्वारा आतंकवादी संगठन टीआरएफ पर प्रतिबंध लगाने के फैसले का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि अमेरिका का यह कदम भारत की नीति का समर्थन करता है। हम इस फैसले की सराहना करते हैं। यह कदम आतंकवाद के खिलाफ वैश्विक लड़ाई में भारत की स्थिति को और मजबूत करता है।

वहीं, लालू प्रसाद यादव और उनके परिवार से जुड़े लैंड फॉर जॉब घोटाले पर कोर्ट के फैसले का समर्थन करते हुए केसी त्यागी ने कहा, "लालू यादव और उनके परिवार ने बिहार में इस घोटाले के जरिए लोगों के साथ धोखा किया। कोर्ट का फैसला सही दिशा में है। हम इस फैसले का स्वागत करते हैं।"

संपादकीय दृष्टिकोण

इस मुद्दे पर विचार करना आवश्यक है कि राजनीतिक दलों का चुनाव आयोग पर सवाल उठाना लोकतांत्रिक प्रक्रिया का हिस्सा है, लेकिन इसे सही तरीके से किया जाना चाहिए। यह हताशा का संकेत भी हो सकता है।
RashtraPress
13 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

क्या केसी त्यागी का कहना सही है?
केसी त्यागी का कहना है कि विपक्ष चुनाव आयोग पर सवाल उठाने में असफलता से हताश हो रहा है, यह विचारणीय है।
बिहार में एनडीए सरकार को लेकर क्या कहा गया?
केसी त्यागी ने कहा कि बिहार की जनता नीतीश कुमार के नेतृत्व में एनडीए सरकार पर भरोसा करती है।
राष्ट्र प्रेस