खान सर कोचिंग पर हमला: कांग्रेस सांसद किशोरी लाल शर्मा बोले- ‘बिहार में असली जंगलराज अब’
सारांश
मुख्य बातें
कांग्रेस सांसद किशोरी लाल शर्मा ने 3 जून को अमेठी के एक दिवसीय दौरे के दौरान पटना स्थित शिक्षक खान सर के कोचिंग सेंटर पर हुए हमले की कड़ी निंदा करते हुए बिहार की कानून-व्यवस्था पर तीखा सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि जिस ‘जंगलराज’ शब्द का इस्तेमाल बिहार चुनाव के दौरान विपक्ष पर किया जाता था, वही स्थिति आज सत्तारूढ़ शासन में देखने को मिल रही है।
मुख्य घटनाक्रम
शर्मा ने कहा कि खान सर जैसे शिक्षक, जो कम खर्च में छात्रों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने के लिए जाने जाते हैं, उनके संस्थान पर हमला होना बेहद चिंताजनक है। उन्होंने कथित तौर पर इस घटना के पीछे व्यावसायिक प्रतिस्पर्धा या अन्य कारणों की भी जाँच की माँग की।
उन्होंने कहा, “जंगलराज अगर सही मायनों में है तो इस समय बिहार में जंगलराज है।” कांग्रेस सांसद ने रेखांकित किया कि खान सर के कोचिंग से निकले कई छात्र आज IAS और IPS जैसे बड़े पदों पर सेवाएँ दे रहे हैं, ऐसे में शैक्षणिक संस्थानों पर हमला पूरे शिक्षा तंत्र पर सवाल खड़े करता है।
KGMU दवा घोटाले पर भी सवाल
शर्मा ने लखनऊ स्थित किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) में सामने आए कथित ₹2 करोड़ के दवा घोटाले पर भी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि यदि आरोप सही साबित हुए तो यह गरीब मरीजों के अधिकारों पर सीधी चोट है, क्योंकि ऐसे बड़े संस्थानों में आर्थिक रूप से कमज़ोर तबका इलाज के लिए पहुँचता है।
उन्होंने मामले की उच्च-स्तरीय जाँच और दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की माँग की, ताकि भविष्य में कोई भी अधिकारी ऐसी अनियमितता करने से पहले ‘सौ बार सोचे’।
विपक्षी एकता और 8 जून की PDA बैठक
विपक्षी एकता पर पूछे गए सवाल पर शर्मा ने 8 जून को होने वाली PDA एकता बैठक को इंडिया गठबंधन के लिए ‘काफी अहम’ बताया। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह किसी एक पार्टी का कार्यक्रम नहीं, बल्कि बहु-राज्यीय इंडिया गठबंधन का हिस्सा है।
तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी के संभावित शामिल होने पर उन्होंने कहा कि ममता पहले ही स्वयं को इंडिया गठबंधन का हिस्सा बता चुकी हैं, और उनकी व्यक्तिगत उपस्थिति गठबंधन को और मज़बूती देगी। गौरतलब है कि कई बार व्यस्तताओं के चलते बड़े नेता प्रतिनिधि भेजते रहे हैं, पर इस बार स्वयं उपस्थित होने की संभावना को उन्होंने सकारात्मक संकेत बताया।
क्या होगा आगे
राजनीतिक हलकों की निगाहें अब 8 जून की बैठक के नतीजों और बिहार सरकार की कोचिंग हमले पर प्रतिक्रिया पर टिकी हैं। KGMU दवा खरीद में कथित अनियमितताओं की जाँच रिपोर्ट भी आने वाले दिनों में राजनीतिक तापमान को प्रभावित कर सकती है।