गाजियाबाद: सूर्या हत्याकांड का मुख्य आरोपी असद पुलिस मुठभेड़ में मारा गया, एक सिपाही घायल
सारांश
मुख्य बातें
गाजियाबाद के थाना खोड़ा क्षेत्र में 17 वर्षीय सूर्या प्रताप चौहान की चाकू मारकर हत्या के मामले में फरार चल रहे मुख्य आरोपी असद को 31 मई की देर रात पुलिस मुठभेड़ में मार गिराया गया। खोड़ा थाना और इंदिरापुरम पुलिस की संयुक्त कार्रवाई के दौरान ₹50,000 के इनामी इस बदमाश की पुलिस की जवाबी फायरिंग में लगी गोली से अस्पताल में मौत हो गई। इस मुठभेड़ में एक पुलिसकर्मी भी गोली लगने से घायल हुआ, जिसका उपचार जारी है।
मुख्य घटनाक्रम
28 मई को खोड़ा क्षेत्र में असद और उसके साथियों ने सूर्या प्रताप चौहान पर चाकू से हमला किया था। गंभीर रूप से घायल सूर्या को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ उपचार के दौरान उसकी मृत्यु हो गई। इस मामले में पाँच आरोपियों को नामजद किया गया था, जिनमें से तीन को घटना के तुरंत बाद गिरफ्तार कर लिया गया था। मुख्य आरोपी असद फरार था और उसकी तलाश में पुलिस की कई टीमें गठित की गई थीं।
मुठभेड़ कैसे हुई
पुलिस उपायुक्त (नगर/ट्रांस हिंडन) धवल जायसवाल के अनुसार, पुलिस को सूचना मिली थी कि असद अपने साथियों से पैसे लेकर क्षेत्र छोड़कर भागने की फिराक में है। इस सूचना पर कई स्थानों पर बैरिकेडिंग कर सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। इसी दौरान असद अपने एक साथी के साथ मोटरसाइकिल पर आता दिखाई दिया। पुलिस ने उसे रोकने का प्रयास किया तो उसने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी।
पुलिस की जवाबी कार्रवाई में असद गंभीर रूप से घायल हो गया। उसके साथी ने मौके का फायदा उठाकर भागने में सफलता पाई, जिसकी तलाश में अभियान जारी है। घायल असद को अस्पताल पहुँचाया गया, जहाँ चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
सामाजिक तनाव और विरोध प्रदर्शन
सूर्या की हत्या के बाद पूरे खोड़ा क्षेत्र में तनाव और आक्रोश का माहौल बन गया था। स्थानीय निवासियों और विभिन्न हिंदू संगठनों ने आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की माँग को लेकर विरोध प्रदर्शन किए थे। यह ऐसे समय में आया है जब पश्चिमी उत्तर प्रदेश में सांप्रदायिक संवेदनशीलता पहले से ही चर्चा में रही है।
क्या होगा आगे
पुलिस के अनुसार मुठभेड़ में भागे असद के साथी की तलाश अभी जारी है। घायल पुलिसकर्मी का उपचार चल रहा है। मामले में नामजद पाँच में से चार आरोपियों का अब हिसाब हो चुका है — तीन गिरफ्तार, एक मुठभेड़ में मारा गया — जबकि एक अभी भी फरार बताया जा रहा है।