किश्तवाड़ के छात्रू में अपवित्रीकरण मामले में 5 गिरफ्तार, पुलिस ने 7 दिन में सुलझाया केस

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किश्तवाड़ के छात्रू में अपवित्रीकरण मामले में 5 गिरफ्तार, पुलिस ने 7 दिन में सुलझाया केस

सारांश

किश्तवाड़ पुलिस ने छात्रू में अपवित्रीकरण की घटना को महज 7 दिनों में सुलझा लिया — 5 आरोपी गिरफ्तार, धारदार हथियार बरामद। एसएसपी नरेश सिंह ने सांप्रदायिक सौहार्द बनाए रखने की अपील की और चेतावनी दी कि धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाले किसी भी कृत्य पर सख्त कार्रवाई होगी।

मुख्य बातें

8 मई 2026 को जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले के छात्रू में अपवित्रीकरण की घटना की सूचना मिली।
एफआईआर नंबर 13/2026 , भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 299 के तहत दर्ज।
विशेष जांच टीम का गठन; नेतृत्व निरीक्षक ऋषि कुमार , निगरानी एएसपी परदीप सिंह और डीएसपी नितिश शर्मा ने की।
15 मई 2026 को 5 आरोपी — सज्जाद हुसैन , दीन मोहम्मद , मोहम्मद रमजान , गुलाम हसन , मोहम्मद इस्माइल — गिरफ्तार।
सभी आरोपी मुगलमैदान तहसील के कवाथ द्रुबील क्षेत्र के निवासी; धारदार हथियार बरामद।
एसएसपी नरेश सिंह ने शांति और सांप्रदायिक सौहार्द बनाए रखने की अपील की।

जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले के छात्रू क्षेत्र में धार्मिक भावनाओं को आहत करने की घटना में पुलिस ने 5 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। किश्तवाड़ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) नरेश सिंह ने रविवार, 17 मई 2026 को यह जानकारी दी। यह मामला 8 मई 2026 को सामने आया था, जब पुलिस स्टेशन छात्रू को कुछ असामाजिक तत्वों द्वारा अपवित्रीकरण की सूचना मिली थी।

मुख्य घटनाक्रम

सूचना मिलते ही पुलिस ने तत्परता से एफआईआर नंबर 13/2026 दर्ज की, जो भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 299 के तहत दर्ज की गई। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए एक विशेष जांच टीम (SIT) का तत्काल गठन किया गया।

इस टीम का नेतृत्व थाना प्रभारी निरीक्षक ऋषि कुमार ने किया और यह अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक परदीप सिंह तथा डीएसपी नितिश शर्मा की सीधी निगरानी में काम कर रही थी। जांच दल ने तकनीकी साक्ष्यों और खुफिया जानकारी के आधार पर मुख्य संदिग्धों की पहचान की।

गिरफ्तार आरोपी कौन हैं

15 मई 2026 को पुलिस ने पांचों आरोपियों को दबोच लिया। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान सज्जाद हुसैन, दीन मोहम्मद, मोहम्मद रमजान, गुलाम हसन और मोहम्मद इस्माइल के रूप में हुई है। ये सभी मुगलमैदान तहसील के कवाथ द्रुबील क्षेत्र के निवासी बताए जा रहे हैं।

आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने धारदार हथियार भी बरामद किए हैं, जो इस मामले में अहम साक्ष्य माने जा रहे हैं।

पुलिस की अपील और चेतावनी

एसएसपी नरेश सिंह ने आम जनता से शांति और सांप्रदायिक सौहार्द बनाए रखने की अपील की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी समुदाय की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाले कृत्यों को किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और ऐसे मामलों में सख्त कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।

आगे क्या होगा

पांचों आरोपी अभी पुलिस हिरासत में हैं और जांच जारी है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, यह जांच की जा रही है कि क्या इस घटना के पीछे कोई और सूत्रधार है। किश्तवाड़ जिले में सांप्रदायिक तनाव को देखते हुए सुरक्षाबलों की तैनाती बनाए रखी गई है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली सवाल यह है कि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए दीर्घकालिक सामुदायिक तंत्र कितना मजबूत है। जम्मू-कश्मीर में धार्मिक भावनाओं से जुड़े मामले अक्सर स्थानीय तनाव को व्यापक रूप दे देते हैं — इसलिए कानूनी कार्रवाई के साथ-साथ सांप्रदायिक संवाद की भी उतनी ही जरूरत है।
RashtraPress
18 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

किश्तवाड़ के छात्रू में अपवित्रीकरण की घटना क्या थी?
8 मई 2026 को किश्तवाड़ जिले के छात्रू क्षेत्र में कुछ असामाजिक तत्वों द्वारा धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाली अपवित्रीकरण की घटना को अंजाम दिया गया। पुलिस स्टेशन छात्रू में सूचना मिलते ही मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
किश्तवाड़ अपवित्रीकरण मामले में किन्हें गिरफ्तार किया गया?
15 मई 2026 को पांच आरोपियों — सज्जाद हुसैन , दीन मोहम्मद , मोहम्मद रमजान , गुलाम हसन और मोहम्मद इस्माइल — को गिरफ्तार किया गया। ये सभी मुगलमैदान तहसील के कवाथ द्रुबील क्षेत्र के निवासी हैं।
इस मामले में कौन-सी धारा के तहत FIR दर्ज की गई?
यह मामला भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 299 के तहत दर्ज किया गया है, जो धार्मिक भावनाओं को जानबूझकर आहत करने से संबंधित है। एफआईआर नंबर 13/2026 है।
किश्तवाड़ पुलिस ने जांच कैसे की?
पुलिस ने एक विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया, जिसका नेतृत्व निरीक्षक ऋषि कुमार ने किया। टीम ने तकनीकी साक्ष्यों और खुफिया जानकारी के आधार पर संदिग्धों की पहचान की और आरोपियों की निशानदेही पर धारदार हथियार भी बरामद किए।
इस मामले में पुलिस की आगे की कार्रवाई क्या होगी?
पांचों आरोपी अभी पुलिस हिरासत में हैं और जांच जारी है। एसएसपी नरेश सिंह ने स्पष्ट किया है कि ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई जारी रहेगी और किसी भी समुदाय की धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाले कृत्यों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
राष्ट्र प्रेस
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