3 सितंबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

लचित बरफुकन पुलिस अकादमी बनी राष्ट्रीय ट्रेनिंग हब, गोवा-मणिपुर समेत कई राज्यों के जवान ले रहे प्रशिक्षण

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
लचित बरफुकन पुलिस अकादमी बनी राष्ट्रीय ट्रेनिंग हब, गोवा-मणिपुर समेत कई राज्यों के जवान ले रहे प्रशिक्षण

सारांश

डेरगांव की लचित बरफुकन पुलिस अकादमी अब सिर्फ असम की नहीं — गोवा के 700 रंगरूटों ने यहाँ 43 हफ्तों की ट्रेनिंग पूरी की। ₹1,050 करोड़ की इस परियोजना को सीएम सरमा और गृह मंत्री शाह दोनों राष्ट्रीय पुलिस अकादमी बनाने का लक्ष्य रख रहे हैं।

मुख्य बातें

लचित बरफुकन पुलिस अकादमी (एलबीपीए) , डेरगांव, गोलाघाट तेज़ी से राष्ट्रीय पुलिस प्रशिक्षण केंद्र बन रही है।
अगस्त 2025 में गोवा पुलिस के 700 रंगरूटों ने एलबीपीए में 43-सप्ताह का बुनियादी प्रशिक्षण पूरा किया।
अकादमी के पहले चरण में ₹167.4 करोड़ का निवेश; पूरे प्रोजेक्ट की अनुमानित लागत ₹1,050 करोड़ ।
पाठ्यक्रम में साइबर अपराध जाँच , डिजिटल फोरेंसिक , आपदा प्रतिक्रिया और आंतरिक सुरक्षा शामिल।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा था कि एलबीपीए पाँच वर्षों में देश की अग्रणी पुलिस अकादमी बन सकती है।
सीएम हिमंत बिस्वा सरमा ने 3 सितंबर 2026 को कहा कि असम इस लक्ष्य की दिशा में 'अच्छी तरह से आगे बढ़ रहा है।'

असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने 3 सितंबर 2026 को गुवाहाटी में पत्रकारों से बातचीत में कहा कि गोलाघाट जिले के डेरगांव में स्थित लचित बरफुकन पुलिस अकादमी (एलबीपीए) तेज़ी से एक राष्ट्रीय पुलिस प्रशिक्षण केंद्र के रूप में उभर रही है, जहाँ अब कई राज्यों के पुलिसकर्मी प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। सरमा ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार का दीर्घकालिक लक्ष्य एलबीपीए को पूर्ण रूप से एक राष्ट्रीय पुलिस अकादमी के रूप में विकसित करना है।

अकादमी की स्थापना और बुनियादी ढाँचा

एलबीपीए का पहला चरण मार्च 2025 में पूरा हुआ और इसका उद्घाटन तत्काल बाद किया गया। इस चरण में ₹167.4 करोड़ की लागत से एक पाँच मंज़िला शैक्षणिक परिसर बनाया गया है, जिसमें स्मार्ट क्लासरूम, अनुसंधान सुविधाएँ, हथियार सिमुलेटर, प्रशासनिक कार्यालय, एक संग्रहालय और आधुनिक परेड ग्राउंड शामिल हैं। पूरे प्रोजेक्ट को कई चरणों में विकसित किया जा रहा है और इसमें कुल अनुमानित निवेश ₹1,050 करोड़ है।

अंतर-राज्यीय प्रशिक्षण की बढ़ती भूमिका

मणिपुर और गोवा सहित कई राज्यों के पुलिसकर्मी एलबीपीए में प्रशिक्षण प्राप्त कर चुके हैं। अगस्त 2025 में गोवा पुलिस के 700 रंगरूटों ने यहाँ 43 सप्ताह का बुनियादी प्रशिक्षण कार्यक्रम सफलतापूर्वक पूरा किया — जो अकादमी की अंतर-राज्यीय पुलिस प्रशिक्षण में बढ़ती भूमिका को रेखांकित करता है। यह ऐसे समय में आया है जब देश भर में पुलिस बलों के आधुनिकीकरण पर ज़ोर दिया जा रहा है।

आधुनिक चुनौतियों के लिए विशेष पाठ्यक्रम

सरमा ने बताया कि अकादमी के प्रशिक्षण कार्यक्रमों को नए जमाने के अपराधों के अनुरूप अनुकूलित किया जा रहा है। इनमें साइबर अपराध जाँच, डिजिटल फोरेंसिक, आपदा प्रतिक्रिया और आंतरिक सुरक्षा विशेष रूप से शामिल हैं। उन्होंने कहा, 'पुलिसिंग का भविष्य चाहता है कि हम समय से आगे रहें।'

केंद्र सरकार का समर्थन

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अकादमी के पहले चरण का उद्घाटन करते हुए कहा था कि यह संस्थान पाँच वर्षों के भीतर देश की अग्रणी पुलिस अकादमी के रूप में उभर सकता है और पूरे पूर्वोत्तर तथा उससे आगे की पुलिसिंग आवश्यकताओं को पूरा कर सकता है। गौरतलब है कि केंद्र का यह समर्थन असम की इस महत्वाकांक्षी परियोजना को राष्ट्रीय मान्यता दिलाता है।

आगे की राह

सरमा ने स्पष्ट किया कि असम इस लक्ष्य को हासिल करने की दिशा में 'अच्छी तरह से आगे बढ़ रहा है।' शेष चरणों के पूरे होने के बाद एलबीपीए की क्षमता और विस्तार में उल्लेखनीय वृद्धि अपेक्षित है, जिससे यह पूर्वोत्तर भारत के पुलिस प्रशिक्षण का प्रमुख केंद्र बन सकता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली कसौटी यह होगी कि क्या यह संस्थान केवल क्षमता-निर्माण तक सीमित रहेगा या प्रशिक्षण के मापनीय परिणाम — जैसे अपराध जाँच दर और साइबर मामलों में सफलता — भी सामने आएंगे। ₹1,050 करोड़ की परियोजना के लिए जवाबदेही का ढाँचा अभी सार्वजनिक नहीं है। पूर्वोत्तर में पुलिस सुधार की ऐतिहासिक चुनौतियों को देखते हुए, केंद्र और राज्य दोनों की राजनीतिक इच्छाशक्ति के बावजूद क्रियान्वयन की गति और पारदर्शिता पर नज़र रखना ज़रूरी है।
RashtraPress
3 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

लचित बरफुकन पुलिस अकादमी (एलबीपीए) क्या है?
एलबीपीए असम के गोलाघाट जिले के डेरगांव में स्थित एक आधुनिक, एकीकृत पुलिस प्रशिक्षण संस्थान है, जिसे मार्च 2025 में खोला गया। इसका पहला चरण ₹167.4 करोड़ की लागत से बना है और पूरे प्रोजेक्ट में ₹1,050 करोड़ का निवेश अनुमानित है।
एलबीपीए में किन राज्यों के पुलिसकर्मी प्रशिक्षण ले रहे हैं?
मणिपुर और गोवा सहित कई राज्यों के पुलिसकर्मी एलबीपीए में प्रशिक्षण ले चुके हैं। अगस्त 2025 में गोवा पुलिस के 700 रंगरूटों ने यहाँ 43 सप्ताह का बुनियादी प्रशिक्षण कार्यक्रम पूरा किया।
एलबीपीए में किस तरह के विशेष पाठ्यक्रम उपलब्ध हैं?
अकादमी में साइबर अपराध जाँच, डिजिटल फोरेंसिक, आपदा प्रतिक्रिया और आंतरिक सुरक्षा पर केंद्रित पाठ्यक्रम उपलब्ध हैं। इसके अलावा स्मार्ट क्लासरूम, हथियार सिमुलेटर और अनुसंधान सुविधाएँ भी मौजूद हैं।
केंद्र सरकार एलबीपीए को लेकर क्या कह चुकी है?
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अकादमी के उद्घाटन के समय कहा था कि यह संस्थान पाँच वर्षों के भीतर देश की अग्रणी पुलिस अकादमी बन सकता है और पूरे पूर्वोत्तर की पुलिसिंग आवश्यकताओं को पूरा कर सकता है।
एलबीपीए को राष्ट्रीय पुलिस अकादमी बनाने का लक्ष्य कब तक है?
मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने 3 सितंबर 2026 को कहा कि असम इस लक्ष्य की दिशा में 'अच्छी तरह से आगे बढ़ रहा है,' हालाँकि कोई निश्चित समय-सीमा सार्वजनिक रूप से घोषित नहीं की गई है। अकादमी के शेष चरणों के पूरे होने के बाद क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि अपेक्षित है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 3 दिन पहले
  2. 4 दिन पहले
  3. 6 दिन पहले
  4. 2 महीने पहले
  5. 3 महीने पहले
  6. 4 महीने पहले
  7. 11 महीने पहले
  8. 1 साल पहले