छगन भुजबल: महाराष्ट्र में घरेलू गैस की आपूर्ति में कोई कमी नहीं, लोगों को अफवाहों से बचने की सलाह
सारांश
Key Takeaways
- राज्य में गैस की कोई कमी नहीं है।
- रोजाना 11,000 मीट्रिक टन गैस उपलब्ध है।
- अफवाहों पर विश्वास न करें।
- सरकार ने आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाए हैं।
मुंबई, 14 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। एनसीपी के नेता और महाराष्ट्र के खाद्य, नागरिक आपूर्ति तथा उपभोक्ता संरक्षण मंत्री छगन भुजबल ने एलपीजी सिलेंडर और ईंधन की आपूर्ति को लेकर फैली अफवाहों पर गहरी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्य में घरेलू गैस की कोई कमी नहीं है और लोगों को किसी भी प्रकार की अफवाहों पर विश्वास नहीं करना चाहिए।
मंत्री छगन भुजबल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में बताया कि मध्य पूर्व में युद्ध जैसी स्थितियों के कारण गैस और ईंधन की आपूर्ति को लेकर राज्यभर में कई गलतफहमियां और अफवाहें फैल रही हैं, लेकिन राज्य सरकार पूरी स्थिति को नियंत्रित कर रही है। रोजाना की घरेलू एलपीजी की मांग लगभग 9,000 मीट्रिक टन है, जबकि उत्पादन बढ़ाकर 11,000 मीट्रिक टन कर दिया गया है। इसका अर्थ है कि मांग से अधिक गैस उपलब्ध है।
उन्होंने यह भी कहा कि मार्च में पिछले छह महीनों की तुलना में और भी अधिक सिलेंडर उपलब्ध हैं। पेट्रोल और डीजल का स्टॉक भी संतोषजनक है और रिफाइनरियां अपनी पूर्ण क्षमता से कार्य कर रही हैं। इसलिए नागरिकों को यह विश्वास रखना चाहिए कि उनके घरों में गैस सिलेंडर आसानी से उपलब्ध होगा।
उन्होंने जानकारी दी कि गैस आपूर्ति श्रृंखला पर निगरानी रखने के लिए जिला स्तर पर विशेष समितियां बनाई गई हैं, जिनका नेतृत्व जिला कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक कर रहे हैं। इसका उद्देश्य यह है कि आपूर्ति समय पर और बिना रुकावट के सुनिश्चित की जा सके। विशेष रूप से अस्पतालों, स्कूलों, आश्रमों और अन्य आवश्यक सेवाओं को प्राथमिकता दी जा रही है।
भुजबल ने कहा कि यदि कहीं कोई तकनीकी समस्या या शिकायत होती है, तो तालुका और जिला स्तर पर कंट्रोल रूम और व्हाट्सएप सुविधा तुरंत सक्रिय करने के निर्देश दिए गए हैं। सप्लाई विभाग लगातार स्थिति पर नजर रख रहा है और यह सुनिश्चित कर रहा है कि किसी को भी गैस या ईंधन की कमी का सामना न करना पड़े।
उन्होंने लोगों से अपील की कि वे अफवाहों में न आएं और केवल सरकारी जानकारी और अपडेट पर भरोसा करें। राज्य सरकार ने हर स्थिति के लिए पूरी तैयारी की है ताकि नागरिकों को अपनी रोजमर्रा की आवश्यकताओं में कोई परेशानी न हो।