महिला आरक्षण बिल गिराने पर विपक्ष का 'जघन्य पाप', 25 अप्रैल से झारखंड में आंदोलन की घोषणा: आदित्य साहू
सारांश
मुख्य बातें
हजारीबाग, 20 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। भाजपा के झारखंड प्रदेश अध्यक्ष और राज्यसभा सांसद आदित्य साहू ने महिला आरक्षण बिल (नारी शक्ति वंदन अधिनियम) के संसद में गिरने के लिए कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने इसे देश की महिलाओं के खिलाफ एक भयानक अपराध और राजनैतिक पाप करार दिया और 25 अप्रैल से झारखंड में व्यापक आंदोलन की चेतावनी दी।
साहू ने कहा कि कांग्रेस का इतिहास हमेशा अच्छे कार्यों का विरोध करने और षड्यंत्र रचने का रहा है और इस बार उन्होंने आधी आबादी के अधिकारों को छीनकर अपने असली चेहरे को उजागर किया है।
हजारीबाग में सोमवार को आयोजित प्रेस वार्ता में प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने का ऐतिहासिक निर्णय लिया था, लेकिन विपक्ष की संकीर्ण सोच के कारण यह बिल राजनीति की बलि चढ़ गया।
उन्होंने कहा कि इस अपमान का जवाब भाजपा चुप्पी साधकर नहीं देगी। आगामी 25 अप्रैल को राजधानी रांची के मोराबादी मैदान से एक विशाल आक्रोश पदयात्रा शुरू की जाएगी। इसके बाद 25 से 30 अप्रैल तक राज्य के सभी 595 मंडलों में पदयात्रा कर कांग्रेस और विपक्ष का पुतला दहन किया जाएगा।
आदित्य साहू ने झारखंड की कानून-व्यवस्था पर भी हेमंत सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि झारखंड में बेटियां सुरक्षित नहीं हैं और पिछले कुछ वर्षों में दुष्कर्म की घटनाओं में तेजी आई है।
उन्होंने विष्णुगढ़ में एक बच्ची की हत्या और रांची की मेडिकल छात्रा के साथ हुई घटना का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि सरकार दोषियों को बचाने की कोशिश कर रही है।
प्रेस वार्ता में उपस्थित कोडरमा विधायक डॉ नीरा यादव ने भी कांग्रेस पर तीखा प्रहार किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के लिए नारी शक्ति केवल सोनिया गांधी से लेकर प्रियंका गांधी तक ही सीमित है। उन्हें आम महिलाओं और उनके अधिकारों से कोई मतलब नहीं है।
उन्होंने विपक्ष द्वारा बिल गिरने पर जश्न मनाने को शर्मनाक बताते हुए सभी महिलाओं से अपील की कि वे इस धोखाधड़ी के लिए विपक्ष को चुनाव में कड़ा सबक सिखाएं।