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नागालैंड CM नेफियू रियो ने दीमापुर में खाद्य प्रसंस्करण इनक्यूबेशन सेंटर का उद्घाटन किया, युवा उद्यमिता पर जोर

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नागालैंड CM नेफियू रियो ने दीमापुर में खाद्य प्रसंस्करण इनक्यूबेशन सेंटर का उद्घाटन किया, युवा उद्यमिता पर जोर

सारांश

नागालैंड के मुख्यमंत्री नेफियू रियो ने दीमापुर के तोलुवी औद्योगिक क्षेत्र में खाद्य प्रसंस्करण इनक्यूबेशन सेंटर का उद्घाटन किया। राज्य की 70% आबादी कृषि पर निर्भर है — रियो ने युवाओं से उद्यमिता अपनाने और आयात-निर्भरता घटाने का आह्वान किया।

मुख्य बातें

मुख्यमंत्री नेफियू रियो ने दीमापुर के तोलुवी स्थित राज्य औद्योगिक क्षेत्र में खाद्य प्रसंस्करण इनक्यूबेशन सेंटर का उद्घाटन किया।
नागालैंड की लगभग 70 प्रतिशत आबादी कृषि पर निर्भर; खाद्य प्रसंस्करण को औद्योगिक विकास का सबसे आशाजनक अवसर बताया गया।
परियोजनाएँ केंद्र सरकार की SASCI (राज्यों को पूंजी निवेश हेतु विशेष सहायता) योजना के तहत क्रियान्वित हो रही हैं।
रियो ने बिचौलियों की भूमिका कम करने पर ज़ोर दिया ताकि किसानों को उपज का अधिक लाभ मिले।
युवाओं को मुख्यमंत्री सूक्ष्म वित्त योजना के ज़रिए उद्यमिता अपनाने का आग्रह किया गया।

नागालैंड के मुख्यमंत्री नेफियू रियो ने 9 जून 2025 को दीमापुर के तोलुवी स्थित राज्य औद्योगिक क्षेत्र में खाद्य प्रसंस्करण इनक्यूबेशन सेंटर का उद्घाटन किया और कृषि तथा संबद्ध क्षेत्रों को सुदृढ़ करने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि राज्य की लगभग 70 प्रतिशत आबादी अपनी आजीविका के लिए खेती पर निर्भर है, इसलिए खाद्य प्रसंस्करण और लघु उद्योग औद्योगिक विकास के सबसे आशाजनक मार्ग हैं।

इनक्यूबेशन सेंटर का महत्व

मुख्यमंत्री रियो ने नए केंद्रों को नागालैंड की आर्थिक आत्मनिर्भरता की दिशा में एक निर्णायक कदम बताया। उनके अनुसार ये सुविधाएँ स्थानीय उद्यमियों को सहयोग देंगी, बाज़ार संपर्क स्थापित करेंगी और स्थानीय रूप से उत्पादित कच्चे माल को बाज़ार के लिए तैयार उत्पादों में परिवर्तित करने में सक्षम बनाएंगी।

उन्होंने कहा कि नागालैंड मुख्यतः एक उपभोक्ता राज्य रहा है जो बाहरी आयात पर अत्यधिक निर्भर है। खाद्य प्रसंस्करण केंद्र इस निर्भरता को कम करने और स्थानीय उत्पादन को बढ़ावा देने में सहायक होंगे।

सरकारी योजना और वित्तपोषण

रियो ने बताया कि ये परियोजनाएँ भारत सरकार की राज्यों को पूंजी निवेश हेतु विशेष सहायता (SASCI) योजना के अंतर्गत क्रियान्वित की जा रही हैं। इस योजना का उद्देश्य बुनियादी ढाँचे को सुदृढ़ करना और राज्यों में आर्थिक विकास को गति देना है।

मुख्यमंत्री ने सुविधाओं के कुशल प्रबंधन पर विशेष ज़ोर देते हुए गुणवत्ता मानकों को बनाए रखने, नियमित रखरखाव सुनिश्चित करने और उपलब्ध बुनियादी ढाँचे का अधिकतम उपयोग करने का आह्वान किया।

किसानों और बिचौलियों का मुद्दा

रियो ने बिचौलियों की भूमिका को सीमित करने की आवश्यकता पर भी प्रकाश डाला ताकि किसानों को उनकी उपज का अधिक उचित मूल्य मिल सके। उनका मानना है कि मूल्य-श्रृंखला में मध्यस्थों की संख्या घटाने से कृषक समुदाय की आय में प्रत्यक्ष वृद्धि होगी।

युवा उद्यमिता और बेरोज़गारी

मुख्यमंत्री ने शिक्षित युवाओं में उच्च बेरोज़गारी दर की चिंता जताते हुए कहा कि रोज़गार मेलों में कम भागीदारी कौशल विकास, व्यावसायिक प्रशिक्षण और उद्यमिता पर ध्यान केंद्रित करने की ज़रूरत को रेखांकित करती है। उन्होंने युवाओं से मुख्यमंत्री सूक्ष्म वित्त योजना सहित सरकारी पहलों के माध्यम से उपलब्ध अवसरों का भरपूर लाभ उठाने का आग्रह किया।

यह ऐसे समय में आया है जब पूर्वोत्तर भारत के कई राज्य युवा पलायन और रोज़गार की कमी से जूझ रहे हैं। नागालैंड में इस तरह के इनक्यूबेशन केंद्र स्थानीय स्तर पर आर्थिक अवसर सृजित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास माने जा रहे हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन पूर्वोत्तर में ऐसी कई पहलें बुनियादी ढाँचे के उद्घाटन के बाद उपयोग और रखरखाव के मोर्चे पर पिछड़ जाती हैं। असली परीक्षा यह होगी कि क्या ये केंद्र स्थानीय उद्यमियों तक वास्तव में पहुँच पाते हैं या केवल कागज़ी आँकड़ों तक सीमित रहते हैं। शिक्षित युवाओं की बेरोज़गारी और रोज़गार मेलों में कम भागीदारी यह संकेत देती है कि माँग-पक्ष की समस्या — कौशल और बाज़ार संपर्क — उतनी ही गंभीर है जितनी आपूर्ति-पक्ष की। SASCI योजना के तहत धन का उपयोग पारदर्शी और समयबद्ध हो, तभी यह पहल दीर्घकालिक बदलाव ला सकती है।
RashtraPress
24 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

नागालैंड में खाद्य प्रसंस्करण इनक्यूबेशन सेंटर क्या है?
यह दीमापुर के तोलुवी स्थित राज्य औद्योगिक क्षेत्र में स्थापित एक केंद्र है जो स्थानीय उद्यमियों को खाद्य प्रसंस्करण और मूल्यवर्धन के लिए बुनियादी ढाँचा, प्रशिक्षण और बाज़ार संपर्क प्रदान करेगा। इसका उद्घाटन मुख्यमंत्री नेफियू रियो ने किया।
SASCI योजना क्या है और नागालैंड को इससे क्या लाभ होगा?
SASCI यानी 'राज्यों को पूंजी निवेश हेतु विशेष सहायता' भारत सरकार की एक केंद्रीय योजना है जो राज्यों को बुनियादी ढाँचे और आर्थिक विकास के लिए पूंजीगत सहायता देती है। नागालैंड इसके तहत खाद्य प्रसंस्करण और औद्योगिक सुविधाएँ विकसित कर रहा है।
नागालैंड में युवा बेरोज़गारी की समस्या कितनी गंभीर है?
मुख्यमंत्री रियो ने स्वयं शिक्षित युवाओं में उच्च बेरोज़गारी दर और रोज़गार मेलों में कम भागीदारी का उल्लेख किया। यह कौशल विकास और उद्यमिता प्रशिक्षण की बड़ी ज़रूरत को दर्शाता है।
मुख्यमंत्री सूक्ष्म वित्त योजना से युवाओं को कैसे फायदा होगा?
यह राज्य सरकार की एक वित्तीय सहायता पहल है जिसके ज़रिए युवा उद्यमी छोटे व्यवसाय शुरू करने के लिए ऋण और सहायता प्राप्त कर सकते हैं। रियो ने युवाओं से इस योजना का लाभ उठाने का आग्रह किया।
नागालैंड में कृषि क्षेत्र की स्थिति क्या है?
नागालैंड की लगभग 70 प्रतिशत आबादी अपनी आजीविका के लिए कृषि पर निर्भर है। राज्य मुख्यतः उपभोक्ता-आधारित अर्थव्यवस्था है जो आयातित उत्पादों पर अत्यधिक निर्भर है, और खाद्य प्रसंस्करण इस निर्भरता को कम करने का प्रयास है।
राष्ट्र प्रेस
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