नादिया में NDRF की इंटर-बटालियन वॉलीबॉल प्रतियोगिता शुरू, चार बटालियनों के बचावकर्मी मैदान में
सारांश
मुख्य बातें
राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) की इंटर-बटालियन वॉलीबॉल प्रतियोगिता 10 अगस्त 2026 को पश्चिम बंगाल के नदिया जिले के हरिंगहाटा स्थित दूसरी बटालियन के मुख्यालय में आरंभ हुई। देश के पूर्वी और पूर्वोत्तर क्षेत्रों की चार बटालियनों — पहली, दूसरी, नौवीं और बारहवीं — के बचावकर्मी इस प्रतिस्पर्धा में भाग ले रहे हैं।
उद्घाटन समारोह
हरिंगहाटा के विधायक असीम कुमार सरकार और दूसरी बटालियन NDRF के कमांडेंट मनीष रंजन ने संयुक्त रूप से टूर्नामेंट का उद्घाटन किया। समारोह की शुरुआत टुकड़ियों के मार्च पास्ट से हुई, जिसके बाद शांति, सद्भाव और निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा के प्रतीक के रूप में सफेद कबूतर छोड़े गए।
NDRF की भूमिका और सराहना
विधायक सरकार ने संकट की घड़ी में NDRF के नि:स्वार्थ समर्पण, साहस और त्वरित कार्रवाई की सराहना की। उन्होंने कहा कि इस बल ने बाढ़, चक्रवात, भूस्खलन और शहरी इमारत-ध्वंस जैसी आपदाओं में बार-बार खुद को भारत के आपदा प्रबंधन की रीढ़ साबित किया है। उन्होंने एथलीटों से अनुशासन, आपसी भरोसा और खेल भावना अपनाने का आग्रह भी किया।
CBRN प्रदर्शनी का निरीक्षण
विधायक सरकार ने बटालियन परिसर में लगाई गई विशेष केमिकल, बायोलॉजिकल, रेडियोलॉजिकल और न्यूक्लियर (CBRN) प्रदर्शनी का निरीक्षण किया। वरिष्ठ अधिकारियों ने उन्हें डिटेक्टर सिस्टम, डीकंटैमिनेशन उपकरण और तकनीकी व औद्योगिक आपात स्थितियों से निपटने के लिए विशेष रिस्पॉन्स सूट की कार्यप्रणाली से अवगत कराया।
फिटनेस और ऑपरेशनल तैयारी का संदेश
कमांडेंट मनीष रंजन ने इस बात पर जोर दिया कि वास्तविक बचाव अभियानों में आवश्यक शारीरिक फिटनेस, मानसिक सहनशक्ति और रणनीतिक तालमेल बनाए रखने के लिए नियमित एथलेटिक प्रतियोगिताएँ अनिवार्य हैं। दूसरी बटालियन के एक वरिष्ठ NDRF अधिकारी ने कहा, "यह जोश से भरा टूर्नामेंट रेस्क्यू कर्मियों के बीच एथलेटिक कौशल दिखाने, आपसी भाईचारा बढ़ाने और शारीरिक फिटनेस को बढ़ावा देने का एक मंच है।"
हालिया बचाव अभियान और आगे की राह
गौरतलब है कि दूसरी बटालियन NDRF के कर्मियों ने हाल ही में कोलकाता के तारातला में एक निर्माणाधीन गोदाम के ध्वस्त होने पर बचाव अभियान में भाग लिया था। 24 घंटे से अधिक समय तक अनवरत काम करते हुए बचावकर्मियों ने स्टील और कंक्रीट के मलबे के नीचे दबे कई लोगों को जीवित बाहर निकाला। इस सफल अभियान के बाद बटालियन को पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी से विशेष प्रशंसा प्राप्त हुई। रंजन के अनुसार, यह टूर्नामेंट आने वाले दिनों तक जारी रहेगा और इसमें भाग लेने वाली बटालियनों के बीच एकता व ऑपरेशनल तैयारी को और मज़बूत किया जाएगा।