न्गुलखाम जाथोम गंगटे मेक्सिको में भारत के नए राजदूत नियुक्त, पंकज शर्मा की लेंगे जगह
सारांश
मुख्य बातें
विदेश मंत्रालय (MEA) ने 29 जुलाई 2026 को भारतीय विदेश सेवा (IFS) के 1994 बैच के वरिष्ठ अधिकारी न्गुलखाम जाथोम गंगटे को मेक्सिको में भारत का अगला राजदूत नियुक्त किया। मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि यह नियुक्ति तत्काल प्रभाव से लागू है और गंगटे से शीघ्र ही पदभार ग्रहण करने की अपेक्षा है।
नियुक्ति की पृष्ठभूमि
गंगटे, राजदूत पंकज शर्मा का स्थान लेंगे, जो 2022 से मेक्सिको में भारत के राजदूत के रूप में कार्यरत हैं। नियुक्ति से पूर्व गंगटे विदेश मंत्रालय में विशेष सचिव (स्थापना) के पद पर थे और साथ ही इंडियन काउंसिल ऑफ वर्ल्ड अफेयर्स (ICWA) में कार्यवाहक उप महानिदेशक की जिम्मेदारी भी संभाल रहे थे। उन्होंने 6 जनवरी 2026 को ICWA के इस पद का कार्यभार ग्रहण किया था।
राजनयिक करियर की झलक
गंगटे का राजनयिक अनुभव बहुआयामी और विस्तृत है। उन्होंने काहिरा (मिस्र), रबात (मोरक्को), डबलिन (आयरलैंड), दार-एस-सलाम (तंजानिया) और शिकागो (अमेरिका) स्थित भारतीय मिशनों में विभिन्न पदों पर सेवाएँ दी हैं।
विदेश मंत्रालय मुख्यालय में उन्होंने 2006 से 2008 तक उप सचिव एवं निदेशक (पश्चिम एशिया एवं उत्तरी अफ्रीका) के रूप में कार्य किया। इसके अतिरिक्त वे नई दिल्ली स्थित सुषमा स्वराज इंस्टीट्यूट ऑफ फॉरेन सर्विस में संयुक्त सचिव भी रहे।
गंगटे 2017 से 2021 तक जाम्बिया में भारत के उच्चायुक्त रहे। तत्पश्चात 2021 से 2024 तक उन्होंने ट्यूनीशिया और लीबिया में भारत के राजदूत के रूप में जिम्मेदारी निभाई।
शैक्षणिक योग्यता एवं व्यक्तित्व
शैक्षणिक दृष्टि से गंगटे ने रसायन विज्ञान में स्नातक की डिग्री हासिल की है। वे अंग्रेजी, हिंदी और अरबी भाषाओं के जानकार हैं — एक ऐसी बहुभाषी दक्षता जो मेक्सिको और लैटिन अमेरिकी क्षेत्र में कूटनीतिक संवाद में सहायक होगी। खेलों में उनकी रुचि है और वे टेनिस, टेबल टेनिस तथा फुटबॉल खेलते हैं।
भारत-मेक्सिको संबंधों पर असर
मेक्सिको में गंगटे की नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब भारत लैटिन अमेरिका के साथ अपने कूटनीतिक और आर्थिक संबंधों को सुदृढ़ करने पर विशेष ध्यान दे रहा है। उनके व्यापक अफ्रीकी और मध्य-पूर्वी राजनयिक अनुभव को देखते हुए, विशेषज्ञों का मानना है कि वे भारत-मेक्सिको द्विपक्षीय संबंधों को नई ऊर्जा देने में सक्षम होंगे।