एनआईए ने अमता बम धमाका मामले में दो मुख्य आरोपी असफार और एंताजुल को किया गिरफ्तार
सारांश
मुख्य बातें
राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) ने मंगलवार रात पश्चिम बंगाल के हावड़ा जिले के अमता इलाके में तलाशी अभियान चलाकर 2022 के बम धमाका मामले के दो मुख्य आरोपियों — असफार और एंताजुल — को गिरफ्तार किया। 23 फरवरी 2022 को चंद्रपुर बाजार के पास हुए इस धमाके में एक व्यक्ति की मौत हो गई थी और तीन लोग गंभीर रूप से घायल हुए थे।
गिरफ्तारी और तलाशी अभियान
एनआईए ने बुधवार, 24 जून को जारी आधिकारिक बयान में बताया कि एजेंसी की टीम ने आरोपियों के तीन ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की। इस कार्रवाई के बाद असफार और एंताजुल को हिरासत में लिया गया। दोनों आरोपी हावड़ा (ग्रामीण) के अमता इलाके के निवासी हैं और जांच एजेंसी ने इन्हें इस मामले के मुख्य सूत्रधार के रूप में चिह्नित किया है।
मुख्य घटनाक्रम: 2022 का बम धमाका
23 फरवरी 2022 को अमता थाना क्षेत्र के चंद्रपुर बाजार के निकट देसी बम बनाने के दौरान अचानक विस्फोट हो गया। एनआईए की जांच के अनुसार, असफार और एंताजुल के निर्देश पर ही इस स्थान पर अवैध रूप से बम तैयार किए जा रहे थे। विस्फोट इतना तीव्र था कि बम बनाने में शामिल एसके महरम की मौके पर ही मृत्यु हो गई।
घायलों में जहधर मोल्ला, मोहब्बत मोल्ला और मोइनुर रहमान शामिल थे, जो गंभीर रूप से जख्मी हुए थे। जांच में सामने आया कि इन बमों का इस्तेमाल स्थानीय लोगों को डराने-धमकाने और इलाके में दहशत फैलाने के लिए किया जाना था।
एनआईए की जांच और पिछली कार्रवाई
यह मामला शुरुआत में स्थानीय पुलिस के पास था, लेकिन अप्रैल 2024 में एनआईए ने जांच अपने हाथ में ले ली। इससे पहले इस मामले में चार अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है और उनके खिलाफ चार्जशीट भी दाखिल की जा चुकी है। अब असफार और एंताजुल की गिरफ्तारी के साथ कुल गिरफ्तारियों की संख्या छह हो गई है।
गौरतलब है कि एनआईए ने जांच में पाया कि दोनों आरोपी न केवल बम बनाने के काम को नियंत्रित कर रहे थे, बल्कि पूरे अभियान के संचालन में केंद्रीय भूमिका में थे।
आगे क्या होगा
एनआईए अधिकारियों के अनुसार, मामले की जांच अभी जारी है और आगे और गिरफ्तारियाँ संभव हैं। दोनों गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर नए तथ्य सामने आने की उम्मीद है। यह मामला पश्चिम बंगाल में अवैध बम निर्माण के व्यापक नेटवर्क की जांच का हिस्सा बन गया है, जिसे एनआईए गहराई से खंगाल रही है।