शाहदरा रेलवे स्टेशन पर यात्री पंकज धामा की पीट-पीटकर हत्या, मुजफ्फरनगर से 8 गिरफ्तार
सारांश
मुख्य बातें
शाहदरा रेलवे स्टेशन (पूर्वी दिल्ली) पर शनिवार, 20 जून को हुई हिंसक भीड़-हमले में दिल्ली मेट्रो सुरक्षा गार्ड पंकज धामा (32 वर्ष) की मौत हो गई। घटना के कुछ ही घंटों के भीतर पुलिस ने मुजफ्फरनगर रेलवे स्टेशन से आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया और उनसे पूछताछ जारी है।
घटना का क्रम
प्लेटफॉर्म नंबर 3 पर उस समय हिंसा भड़की जब पंकज धामा समेत अन्य यात्री योगा एक्सप्रेस में सवार होने की कोशिश कर रहे थे। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सात से आठ लोगों के एक समूह ने धामा पर मुक्कों और लातों से हमला किया। मारपीट इतनी गंभीर थी कि वे प्लेटफॉर्म पर ही गिर पड़े और उनकी हालत तेज़ी से बिगड़ती चली गई।
प्रारंभिक जाँच से पता चला है कि झगड़े की शुरुआत ट्रेन में चढ़ने के दौरान यात्रियों के बीच हुई धक्का-मुक्की से हुई, जो देखते-ही-देखते हिंसक रूप ले गई। पुलिस अभी झगड़े की सटीक वजह का पता लगाने में जुटी है।
परिवार के आरोप: समय पर मदद नहीं मिली
मृतक के परिजनों ने रेलवे प्रशासन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। परिवार के एक सदस्य ने कहा कि पंकज धामा को अस्पताल रेलवे अधिकारियों ने नहीं, बल्कि मौजूद कुछ यात्रियों ने पहुँचाया। परिजनों का कहना है कि यदि समय पर चिकित्सा सहायता मिली होती, तो उनकी जान बचाई जा सकती थी। पंकज धामा के पीछे एक बेटी और एक बेटा हैं।
गिरफ्तारी और जाँच
पुलिस टीम ने तेज़ी से कार्रवाई करते हुए मुजफ्फरनगर रेलवे स्टेशन पर दबिश दी और आठ संदिग्धों को हिरासत में लिया। सभी आरोपियों से फिलहाल पूछताछ की जा रही है। जाँचकर्ता यह स्थापित करने की कोशिश कर रहे हैं कि हमले की असल वजह क्या थी और क्या आरोपी पहले से एक-दूसरे को जानते थे।
वायरल वीडियो और सोशल मीडिया
सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेज़ी से फैल रहा है जिसमें कथित तौर पर एक व्यक्ति को प्लेटफॉर्म पर लोगों के समूह द्वारा घेरकर मारते हुए देखा जा सकता है। माना जा रहा है कि यह वीडियो घटनास्थल पर मौजूद किसी यात्री ने अपने मोबाइल फोन से रिकॉर्ड किया था। पुलिस इस वीडियो की प्रामाणिकता की जाँच कर रही है और इसे साक्ष्य के रूप में इस्तेमाल किए जाने की संभावना है।
आगे क्या
पुलिस आरोपियों से पूछताछ के बाद हत्या का मामला दर्ज कर औपचारिक आरोप तय करेगी। रेलवे प्रशासन की भूमिका और प्लेटफॉर्म पर सुरक्षा व्यवस्था की चूक को लेकर भी जाँच होने की संभावना है। परिजनों ने दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की माँग की है।