पवन कुमार मुटनेजा हरियाणा के नए एडवोकेट जनरल नियुक्त, अनुच्छेद 165(1) के तहत तत्काल प्रभाव से पदभार
सारांश
मुख्य बातें
हरियाणा सरकार ने 22 अगस्त को पवन कुमार मुटनेजा को राज्य का नया एडवोकेट जनरल (एजी) नियुक्त किया है। पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय के वरिष्ठ अधिवक्ता मुटनेजा ने प्रविंद्र सिंह चौहान का स्थान लिया है, जिन्हें हाल ही में उसी उच्च न्यायालय में अतिरिक्त न्यायाधीश के रूप में नियुक्त किया गया था। यह पद उनके न्यायाधीश बनने के बाद से रिक्त था।
नियुक्ति का कानूनी आधार
मुटनेजा की नियुक्ति भारतीय संविधान के अनुच्छेद 165(1) के तहत राज्यपाल द्वारा तत्काल प्रभाव से की गई है। आधिकारिक अधिसूचना के अनुसार, नियुक्ति की शर्तें बाद में अलग से जारी की जाएंगी। यह आदेश अतिरिक्त मुख्य सचिव सुधीर राजपाल ने जारी किया।
मुटनेजा का अनुभव और विशेषज्ञता
पवन कुमार मुटनेजा का पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय में दशकों का व्यावसायिक अनुभव है। वे दीवानी, आपराधिक, श्रम एवं कंपनी कानून से जुड़े मामलों में पैरवी करते रहे हैं। उल्लेखनीय है कि वे इससे पूर्व भी हरियाणा के महाधिवक्ता के पद पर कार्य कर चुके हैं, जिससे उन्हें राज्य के विधि-तंत्र की गहरी समझ है।
चौहान की न्यायाधीश नियुक्ति की पृष्ठभूमि
5 मई को भारत के प्रधान न्यायाधीश (सीजेआई) सूर्यकांत की अध्यक्षता वाले सर्वोच्च न्यायालय कॉलेजियम ने पंजाब, हरियाणा और आंध्र प्रदेश के उच्च न्यायालयों में न्यायाधीशों की नियुक्ति की सिफारिश की थी। कॉलेजियम की 4 मई की बैठक में पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय के लिए जिन अधिवक्ताओं के नाम स्वीकृत किए गए, उनमें प्रविंद्र सिंह चौहान, राजेश गौड़ और मिंदरजीत यादव शामिल थे।
आगे क्या होगा
नियुक्ति की विस्तृत शर्तें सरकार द्वारा अलग अधिसूचना के माध्यम से जारी की जाएंगी। मुटनेजा के पूर्व अनुभव को देखते हुए कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि वे राज्य सरकार के विधि-प्रतिनिधित्व में निरंतरता सुनिश्चित करेंगे।