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पीएम-वीबीआरवाई: मोदी आज ₹2,400 करोड़ की प्रोत्साहन राशि वितरित करेंगे, 15 लाख रोजगार सृजित

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पीएम-वीबीआरवाई: मोदी आज ₹2,400 करोड़ की प्रोत्साहन राशि वितरित करेंगे, 15 लाख रोजगार सृजित

सारांश

प्रधानमंत्री मोदी आज विज्ञान भवन में पीएम-वीबीआरवाई के तहत ₹2,400 करोड़ की प्रोत्साहन राशि वितरित करेंगे। ₹99,446 करोड़ की इस योजना का लक्ष्य दो वर्षों में 3.5 करोड़ रोजगार सृजित करना है — और अब तक 15 लाख अवसर बन चुके हैं।

मुख्य बातें

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 19 जून को विज्ञान भवन, नई दिल्ली में ₹2,400 करोड़ की प्रोत्साहन राशि वितरित करेंगे।
यह राशि पीएम-वीबीआरवाई के तहत दी जाएगी, जो 1 अगस्त 2025 से प्रभावी है।
योजना का कुल परिव्यय ₹99,446 करोड़ ; लक्ष्य दो वर्षों में 3.5 करोड़ रोजगार सृजित करना।
अब तक 15 लाख रोजगार के अवसर सृजित; 1.92 करोड़ लाभार्थी पहली बार कार्यबल में प्रवेश करेंगे।
पहली बार रोजगार पाने वालों को ₹15,000 तक और नियोक्ताओं को प्रति कर्मचारी प्रति माह ₹3,000 तक का प्रोत्साहन।
विनिर्माण क्षेत्र के नियोक्ताओं को 4 वर्ष , अन्य क्षेत्रों को 2 वर्ष तक प्रोत्साहन का लाभ।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार, 19 जून को नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम में 'प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना' (पीएम-वीबीआरवाई) के तहत लगभग ₹2,400 करोड़ की प्रोत्साहन राशि वितरित करेंगे। प्रधानमंत्री कार्यालय के अनुसार, यह कार्यक्रम शाम 5 बजे निर्धारित है और इस योजना के क्रियान्वयन में एक महत्वपूर्ण पड़ाव माना जा रहा है।

एक्स पर मोदी का संदेश

प्रधानमंत्री मोदी ने शुक्रवार सुबह सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा, 'आज शाम 5 बजे मैं एक कार्यक्रम में भाग लूंगा, जहां प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना के अंतर्गत लगभग ₹2,400 करोड़ की प्रोत्साहन राशि वितरित की जाएगी। यह हमारी युवा शक्ति को सशक्त बनाने के प्रयासों का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, जिसका उद्देश्य रोजगार के अवसर बढ़ाना और सामाजिक सुरक्षा के दायरे का विस्तार करना है।'

पीएम-वीबीआरवाई योजना क्या है

पीएम-वीबीआरवाई भारत सरकार की प्रमुख रोजगार-प्रोत्साहन योजना है, जो 1 अगस्त 2025 से प्रभावी हुई। ₹99,446 करोड़ के कुल परिव्यय वाली इस योजना का लक्ष्य दो वर्षों में 3.5 करोड़ से अधिक रोजगार के अवसर सृजित करना है। इनमें से लगभग 1.92 करोड़ लाभार्थी पहली बार औपचारिक कार्यबल में प्रवेश करेंगे। अब तक इस प्रोत्साहन के माध्यम से देशभर में 15 लाख रोजगार के अवसर सृजित किए जा चुके हैं।

लाभार्थियों को क्या मिलता है

इस योजना के तहत पहली बार रोजगार पाने वाले कर्मचारियों को ₹15,000 तक का प्रोत्साहन दिया जाता है, जिससे उन्हें औपचारिक कार्यबल में प्रवेश में सहायता मिलती है। अतिरिक्त रोजगार सृजित करने वाले नियोक्ताओं को प्रति अतिरिक्त कर्मचारी प्रति माह ₹3,000 तक का प्रोत्साहन मिलता है। गौरतलब है कि विनिर्माण क्षेत्र के नियोक्ता 4 वर्षों तक यह लाभ उठा सकते हैं, जबकि अन्य क्षेत्रों के नियोक्ताओं के लिए यह अवधि 2 वर्ष निर्धारित है।

योजना का व्यापक उद्देश्य

यह योजना रोजगार सृजन में तेजी लाने, श्रमिकों को औपचारिक अर्थव्यवस्था से जोड़ने और सामाजिक सुरक्षा कवरेज का विस्तार करने के चार मूल लक्ष्यों पर केंद्रित है। यह ऐसे समय में आई है जब भारत में युवा बेरोजगारी और अनौपचारिक रोजगार की चुनौती नीति-निर्माताओं के लिए प्राथमिकता बनी हुई है। सरकार का कहना है कि यह योजना 'विकसित भारत' के विजन को साकार करने की दिशा में एक ठोस कदम है।

आगे की राह

₹2,400 करोड़ के इस वितरण के साथ, पीएम-वीबीआरवाई की कुल वितरित राशि में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। योजना के शेष लक्ष्यों — 3.5 करोड़ रोजगार और ₹99,446 करोड़ का पूर्ण परिव्यय — को पूरा करने के लिए क्रियान्वयन की गति और पारदर्शिता निर्णायक होगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

446 करोड़ की महत्वाकांक्षा और आज का ₹2,400 करोड़ का वितरण सुर्खियों में है, लेकिन असली कसौटी यह है कि 15 लाख के सृजित रोजगार में से कितने टिकाऊ और सत्यापन-योग्य हैं। योजना में नियोक्ता-प्रोत्साहन की संरचना सकारात्मक है, परंतु अनौपचारिक से औपचारिक क्षेत्र में स्थायी संक्रमण के लिए केवल वित्तीय प्रोत्साहन पर्याप्त नहीं — कौशल विकास और श्रम कानून सुधार की भी उतनी ही आवश्यकता है। 3.5 करोड़ रोजगार का लक्ष्य दो वर्षों में हासिल करना तभी संभव होगा जब क्रियान्वयन में पारदर्शी जवाबदेही तंत्र सुनिश्चित किया जाए।
RashtraPress
8 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

पीएम-वीबीआरवाई योजना क्या है और इसका उद्देश्य क्या है?
'प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना' (पीएम-वीबीआरवाई) भारत सरकार की प्रमुख रोजगार-प्रोत्साहन योजना है, जो 1 अगस्त 2025 से प्रभावी हुई। ₹99,446 करोड़ के परिव्यय के साथ इसका लक्ष्य दो वर्षों में 3.5 करोड़ से अधिक रोजगार सृजित करना, रोजगार को औपचारिक बनाना और सामाजिक सुरक्षा कवरेज का विस्तार करना है।
आज ₹2,400 करोड़ का वितरण कहाँ और कब होगा?
यह वितरण 19 जून को नई दिल्ली के विज्ञान भवन में शाम 5 बजे आयोजित विशेष कार्यक्रम में होगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्वयं इस कार्यक्रम की अध्यक्षता करेंगे।
पीएम-वीबीआरवाई के तहत कर्मचारियों और नियोक्ताओं को क्या लाभ मिलता है?
पहली बार रोजगार पाने वाले कर्मचारियों को ₹15,000 तक का प्रोत्साहन दिया जाता है। नियोक्ताओं को प्रति अतिरिक्त कर्मचारी प्रति माह ₹3,000 तक का प्रोत्साहन मिलता है — विनिर्माण क्षेत्र में 4 वर्षों तक और अन्य क्षेत्रों में 2 वर्षों तक।
अब तक पीएम-वीबीआरवाई से कितने रोजगार सृजित हुए हैं?
इस योजना के माध्यम से अब तक देशभर में 15 लाख रोजगार के अवसर सृजित किए जा चुके हैं। योजना के कुल लक्ष्य के अनुसार, लगभग 1.92 करोड़ लाभार्थी पहली बार औपचारिक कार्यबल में प्रवेश करेंगे।
पीएम-वीबीआरवाई का 'विकसित भारत' से क्या संबंध है?
सरकार के अनुसार, यह योजना 'विकसित भारत' के दीर्घकालिक विजन का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य भारत की आर्थिक प्रगति के लाभ को युवाओं के लिए गुणवत्तापूर्ण औपचारिक रोजगार में परिवर्तित करना है। यह योजना श्रमिकों और नियोक्ताओं दोनों को औपचारिक अर्थव्यवस्था में भागीदारी के लिए प्रोत्साहित करती है।
राष्ट्र प्रेस
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