27 जून 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

क्या जन सुराज पार्टी प्रमुख प्रशांत किशोर के पास दो वोटर आईडी हैं?

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या जन सुराज पार्टी प्रमुख प्रशांत किशोर के पास दो वोटर आईडी हैं?

सारांश

बिहार विधानसभा चुनाव के पहले जन सुराज पार्टी प्रमुख प्रशांत किशोर के पास दो वोटर आईडी होने का मामला सामने आया है, जिससे राजनीतिक हलचल बढ़ गई है। क्या यह उनके लिए समस्याएं खड़ी करेगा?

मुख्य बातें

प्रशांत किशोर के पास दो वोटर आईडी होने का मामला विवादास्पद है।
मतदाता फॉर्म 8 के माध्यम से जानकारी में सुधार किया जा सकता है।
किसी भी व्यक्ति को एक से अधिक वोटर आईडी रखने की अनुमति नहीं है।
विपक्षी दलों ने प्रशांत किशोर पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
यह मामला चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाता है।

पटना, 28 अक्टूबर (राष्ट्र प्रेस)। बिहार विधानसभा चुनाव से पहले जन सुराज पार्टी के प्रमुख प्रशांत किशोर एक नए विवाद में उलझ गए हैं। उनके नाम की मतदाता सूची में बिहार के साथ-साथ पश्चिम बंगाल में भी उपस्थिति मिली है।

प्रशांत किशोर पश्चिम बंगाल के कोलकाता पश्चिम लोकसभा क्षेत्र की भवानीपुर विधानसभा से मतदाता हैं। यहां उनका एपिक नंबर 'आईयूआई0686683' दर्ज है। उनका सीरियल नंबर 621 है और मतदान केंद्र, आर-1 21बी रानीशंकरी लेन स्थित सेंट हेलेन स्कूल के रूप में नामांकित है।

बिहार में, वह सासाराम संसदीय क्षेत्र के करगहर विधानसभा क्षेत्र में एक मतदाता के रूप में पंजीकृत हैं। उनका मतदान केंद्र रोहतास जिले के अंतर्गत मध्य विद्यालय, कोनार है, जो कि प्रशांत किशोर का पैतृक गांव है।

यह ध्यान देने योग्य है कि प्रशांत किशोर पहले पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी की तृणमूल कांग्रेस के राजनीतिक सलाहकार रह चुके हैं। वर्तमान में, उनकी जन सुराज पार्टी बिहार में विधानसभा चुनाव में भाग ले रही है।

जन प्रतिनिधित्व अधिनियम-1950 की धारा 17 और धारा 18 के अनुसार, कोई भी व्यक्ति एक से अधिक वोटर आईडी नहीं रख सकता है। यदि किसी के पास एक से अधिक वोटर आईडी हैं, तो यह अवैध माना जाएगा। दो वोटर आईडी रखने पर कानूनी कार्रवाई और जुर्माने का प्रावधान है।

हालांकि, मतदाता फॉर्म 8 भरकर अपना पता बदल सकते हैं या एपिक नंबर का प्रतिस्थापन कर सकते हैं। यह फॉर्म-8 चुनाव आयोग का एक फॉर्म है जो त्रुटियों को सुधारने में सहायक है।

इस समय, जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर के पास दो वोटर आईडी मिलने पर विपक्षी दलों के नेताओं ने उन पर निशाना साधा है।

भाजपा आईटी सेल के प्रमुख अमित मालवीय ने 'एक्स' पर लिखा, "यदि उनकी (प्रशांत किशोर) पार्टी की बिहार में कोई वास्तविक उपस्थिति होती, तो यह एक बड़ा विवाद होता। लेकिन ऐसा नहीं है, क्योंकि जन सुराज का कोई महत्व नहीं है। इससे भी ज्यादा चौंकाने वाली बात यह है कि राहुल गांधी के सभी सहयोगी 'वोट चोरी' में शामिल हैं।"

केंद्रीय मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के प्रमुख चिराग पासवान ने कहा, "उन्होंने दो-दो वोटर आईडी बना रखे हैं, यह गलत है। जानकारी होते हुए भी सुधार नहीं किया गया, यह और भी गलत है।"

इस मुद्दे पर कांग्रेस प्रवक्ता अभय दुबे ने कहा, "उन्हें अपना स्पष्टीकरण देना चाहिए।" अभय दुबे ने यह भी कहा कि हमें न तो प्रशांत किशोर पर भरोसा है और न ही चुनाव आयोग पर।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

प्रशांत किशोर के पास कितनी वोटर आईडी हैं?
प्रशांत किशोर के पास दो वोटर आईडी हैं, एक बिहार में और एक पश्चिम बंगाल में।
क्या दो वोटर आईडी रखना कानूनी है?
नहीं, एक व्यक्ति के लिए एक से अधिक वोटर आईडी रखना अवैध है।
इस विवाद पर विपक्षी दलों की क्या प्रतिक्रिया है?
विपक्षी दलों के नेताओं ने प्रशांत किशोर पर निशाना साधा है और उन्हें स्पष्टीकरण देने के लिए कहा है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 7 महीने पहले
  2. 8 महीने पहले
  3. 8 महीने पहले
  4. 8 महीने पहले
  5. 8 महीने पहले
  6. 8 महीने पहले
  7. 10 महीने पहले
  8. 11 महीने पहले