प्रयागराज में एक ही परिवार के 3 सदस्यों के शव बरामद, 40 वर्षीय बेटा लापता; हत्या का केस दर्ज
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश के प्रयागराज स्थित कोतवाली थाना क्षेत्र के दक्षिण मलाका इलाके में एक बंद घर से एक ही परिवार के तीन सदस्यों के शव बरामद किए गए हैं। मृतकों में वीरेंद्र कुमार, उनकी पत्नी और बेटी शामिल हैं, जबकि परिवार का 40 वर्षीय बेटा लापता बताया जा रहा है। पुलिस ने शवों पर चोट के निशान मिलने के बाद हत्या का मामला दर्ज कर लिया है।
मुख्य घटनाक्रम
पुलिस के अनुसार, घर से बदबू आने की सूचना डायल 112 पर मिलने के बाद टीम मौके पर पहुँची। तलाशी के दौरान घर के अंदर पति, पत्नी और बेटी के शव गंभीर हालत में पाए गए। आसपास के लोगों से प्रारंभिक पूछताछ में पता चला कि रविवार के बाद से परिवार का कोई भी सदस्य घर से बाहर निकलते नहीं देखा गया।
पुलिस का बयान
डीसीपी सिटी मनीष कुमार शांडिल्य ने बताया, ‘घर के अंदर पति, पत्नी और बेटी के शव मिले हैं। उनके 40 वर्षीय बेटे की तलाश की जा रही है। आसपास के लोगों से पूछताछ में पता चला है कि रविवार के बाद से कोई भी सदस्य घर से बाहर नहीं निकला था। परिवार में दो बेटे थे। एक बेटे को 15-20 वर्ष पहले आपराधिक गतिविधियों के कारण परिवार और संपत्ति से बेदखल कर दिया गया था। दूसरा बेटा, जो घर पर ही रहता था, पिता के साथ लगातार झगड़ता रहता था।’
शांडिल्य ने यह भी कहा कि लापता बेटे की भी कथित तौर पर आपराधिक गतिविधियों में संलिप्तता बताई जा रही है, और पुलिस को संदेह है कि वह इस मामले में मुख्य संदिग्ध हो सकता है।
फोरेंसिक जाँच और तलाश
एडिशनल सीपी अजय पाल शर्मा ने पत्रकारों से बातचीत में कहा, ‘डायल 112 पर एक घर से बदबू आने की सूचना मिली थी। जब फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और घर की तलाशी ली तो वीरेंद्र कुमार, उनकी पत्नी और बेटी के शव गंभीर हालत में मिले। शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। फोरेंसिक टीम ने क्राइम सीन को सुरक्षित कर लिया है और सबूत जुटाए जा रहे हैं।’
उन्होंने जोड़ा कि घर के हर कोने की बारीकी से जाँच की जा रही है और साथ रह रहा बेटा, जो कुछ दिनों से दिखाई नहीं दिया, उसकी तलाश में पुलिस की कई टीमें जुटी हैं।
क्या होगा आगे
अधिकारियों के अनुसार, मृत्यु का सही कारण और समय पोस्टमॉर्टम तथा फॉरेंसिक रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। पुलिस ने पूरे इलाके में पूछताछ तेज़ कर दी है और लापता बेटे की गिरफ़्तारी के लिए कई स्थानों पर दबिश दी जा रही है। जाँचकर्ता पारिवारिक विवाद, संपत्ति विवाद और आपराधिक रंजिश सहित सभी कोणों से मामले की पड़ताल कर रहे हैं।