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राबड़ी देवी ने 20 साल बाद खाली किया पटना का 10 सर्कुलर रोड बंगला, लालू परिवार कौटिल्य नगर शिफ्ट

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राबड़ी देवी ने 20 साल बाद खाली किया पटना का 10 सर्कुलर रोड बंगला, लालू परिवार कौटिल्य नगर शिफ्ट

सारांश

दो दशकों तक बिहार की विपक्षी राजनीति का केंद्र रहा पटना का 10 सर्कुलर रोड बंगला राबड़ी देवी के जाने के साथ एक युग के अंत का गवाह बना। सूची विवाद के बावजूद खाली हुआ यह बंगला अब मंत्री नंद किशोर राम को आवंटित हो गया है।

मुख्य बातें

राबड़ी देवी ने 2 जुलाई 2026 को 20 वर्षों बाद पटना का 10 सर्कुलर रोड सरकारी बंगला खाली किया।
वे 2 फरवरी 2006 से इस बंगले में निवास कर रही थीं, जो उन्हें विपक्ष की नेता के रूप में आवंटित हुआ था।
बंगला खाली करने से पहले राबड़ी देवी ने भवन निर्माण विभाग से 2006 की मूल सूची माँगी, जो अभी तक उपलब्ध नहीं कराई गई।
बिहार सरकार ने एक महीने का नोटिस, फिर 15 दिन का विस्तार और अंत में 7 दिन का अंतिम नोटिस जारी किया था।
तेजस्वी यादव पहले ही 1 पोलो रोड के आधिकारिक आवास में जा चुके हैं; परिवार अब कौटिल्य नगर के निजी आवास से संचालित होगा।
बंगला अब पशु एवं मत्स्य संसाधन मंत्री नंद किशोर राम को आवंटित कर दिया गया है।

पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने लगभग 20 वर्षों के बाद 2 जुलाई 2026 को पटना स्थित प्रतिष्ठित 10 सर्कुलर रोड सरकारी बंगला खाली कर दिया। राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव के साथ वे अब कौटिल्य नगर स्थित परिवार के निजी आवास में रह रही हैं, जिससे बिहार की राजनीति के एक महत्वपूर्ण अध्याय का पटाक्षेप हो गया।

दो दशकों का राजनीतिक केंद्र

राबड़ी देवी 2 फरवरी 2006 से इस सरकारी बंगले में निवास कर रही थीं। यह आवास उन्हें विपक्ष की नेता के रूप में उनके कार्यकाल के दौरान आवंटित किया गया था — पहले बिहार विधानसभा में और बाद में विधान परिषद में। वर्षों तक यह पता बिहार में RJD की राजनीति का पर्याय बना रहा, जहाँ महागठबंधन की अनेक रणनीतिक बैठकें आयोजित हुईं और कई अहम राजनीतिक निर्णय लिए गए।

सूची विवाद और खाली करने की प्रक्रिया

बंगला सौंपने से पूर्व राबड़ी देवी ने सरकारी संपत्तियों की आधिकारिक सूची को लेकर चिंता जताई थी। उन्होंने भवन निर्माण विभाग को पत्र लिखकर 2006 में आवास आवंटित किए जाने के समय तैयार किए गए मूल प्रभार रजिस्टर और सूची की माँग की। सूत्रों के अनुसार, विभाग ने अभी तक मूल दस्तावेज़ उपलब्ध नहीं कराए हैं। राबड़ी देवी का कहना था कि भविष्य में सरकारी संपत्ति से जुड़े किसी भी विवाद या आरोप से बचने के लिए औपचारिक हस्तांतरण से पहले सूची का सत्यापन होना चाहिए। इस मामले के लंबित रहने के बावजूद उन्होंने गुरुवार को बंगला खाली कर दिया।

सरकार के नोटिस और समयसीमा

बिहार सरकार ने पहले राबड़ी देवी को एक महीने के भीतर बंगला खाली करने का निर्देश दिया था। इसके बाद 15 दिन का विस्तार दिया गया और फिर सात दिन का अंतिम नोटिस जारी किया गया। पिछले कई दिनों से ट्रकों के ज़रिए घरेलू सामान आवास से बाहर ले जाया जा रहा था, जिससे यह स्पष्ट हो गया था कि परिवार धीरे-धीरे स्थानांतरण की प्रक्रिया पूरी कर रहा है।

लालू परिवार की नई राजनीतिक व्यवस्था

बिहार विधान परिषद में विपक्ष की वर्तमान नेता होने के नाते राबड़ी देवी को 39 हार्डिंग रोड पर एक नया सरकारी आवास आवंटित किया गया है, हालाँकि परिवार फिलहाल कौटिल्य नगर के निजी आवास में है। इस बीच, बिहार विधानसभा में विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव पहले ही 1 पोलो रोड स्थित अपने आधिकारिक आवास में जा चुके हैं। इस प्रकार परिवार की राजनीतिक और निजी गतिविधियाँ अब अलग-अलग पतों से संचालित होंगी।

10 सर्कुलर रोड का नया अध्याय

बिहार सरकार ने 10 सर्कुलर रोड स्थित बंगला अब राज्य के पशु एवं मत्स्य संसाधन मंत्री नंद किशोर राम को आवंटित कर दिया है। यह बदलाव ऐसे समय में आया है जब RJD बिहार में विपक्ष की भूमिका में है और 2025 के विधानसभा चुनावों में हार के बाद पार्टी अपनी रणनीति को नए सिरे से आकार दे रही है। गौरतलब है कि जो पता दो दशकों तक बिहार की विपक्षी राजनीति का प्रतीक रहा, वह अब सत्तापक्ष के एक मंत्री का आवास बन गया है।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि बिहार की विपक्षी राजनीति के भूगोल का पुनर्लेखन है। यह उल्लेखनीय है कि जो बंगला दो दशकों तक महागठबंधन की रणनीतियों का केंद्र रहा, वह अब सत्तापक्ष के एक मंत्री का आवास बन गया — यह प्रतीकात्मक रूप से RJD की वर्तमान राजनीतिक स्थिति को रेखांकित करता है। सूची विवाद का अनसुलझा रहना और फिर भी बंगला खाली करना यह दर्शाता है कि दबाव कितना प्रभावी रहा। परिवार के तीन अलग-अलग पतों पर बिखरने से यह सवाल भी उठता है कि क्या RJD की केंद्रीकृत राजनीतिक कमान अब पहले जैसी एकजुट रह पाएगी।
RashtraPress
2 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

राबड़ी देवी ने 10 सर्कुलर रोड बंगला क्यों खाली किया?
बिहार सरकार ने राबड़ी देवी को बंगला खाली करने के लिए पहले एक महीने का नोटिस, फिर 15 दिन का विस्तार और अंत में 7 दिन का अंतिम नोटिस जारी किया था। सरकारी दबाव के चलते उन्होंने 2 जुलाई 2026 को बंगला खाली कर दिया, भले ही सूची सत्यापन का मामला अभी लंबित है।
राबड़ी देवी कब से 10 सर्कुलर रोड में रह रही थीं?
राबड़ी देवी 2 फरवरी 2006 से इस सरकारी बंगले में निवास कर रही थीं, यानी लगभग 20 वर्षों तक। यह आवास उन्हें बिहार विधानसभा और बाद में विधान परिषद में विपक्ष की नेता के रूप में आवंटित किया गया था।
10 सर्कुलर रोड बंगला अब किसे मिला है?
बिहार सरकार ने यह बंगला राज्य के पशु एवं मत्स्य संसाधन मंत्री नंद किशोर राम को आवंटित कर दिया है। इस प्रकार जो पता दो दशकों तक RJD की विपक्षी राजनीति का केंद्र रहा, वह अब सत्तापक्ष के एक मंत्री का आवास बन गया है।
सूची विवाद क्या है और इसका क्या हुआ?
बंगला सौंपने से पहले राबड़ी देवी ने भवन निर्माण विभाग से 2006 में आवंटन के समय तैयार मूल प्रभार रजिस्टर और सूची की माँग की थी, ताकि भविष्य में सरकारी संपत्ति से जुड़े किसी विवाद से बचा जा सके। सूत्रों के अनुसार, विभाग ने अभी तक मूल दस्तावेज़ उपलब्ध नहीं कराए, फिर भी राबड़ी देवी ने बंगला खाली कर दिया।
लालू परिवार अब कहाँ रहेगा और तेजस्वी यादव का आवास कहाँ है?
लालू प्रसाद यादव और राबड़ी देवी फिलहाल कौटिल्य नगर स्थित अपने निजी आवास में शिफ्ट हो गए हैं। बिहार विधानसभा में विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव पहले ही 1 पोलो रोड के आधिकारिक आवास में जा चुके हैं, और राबड़ी देवी को 39 हार्डिंग रोड पर नया सरकारी आवास आवंटित किया गया है।
राष्ट्र प्रेस
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