राहुल गांधी बार-बार रिलॉन्च होने वाली मिसाइल, टारगेट तक कभी नहीं पहुँचते: शेखावत
सारांश
मुख्य बातें
केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने 15 अक्टूबर 2026 को जयपुर में कांग्रेस नेता राहुल गांधी और विपक्षी दलों के आंदोलनों पर तीखा हमला बोला। शेखावत ने आरोप लगाया कि ये आंदोलन 'डिज़ाइन्ड तरीके' से खड़े किए गए हैं और लोकतांत्रिक भारत के सामने 'सबसे बड़ा संकट' उत्पन्न करने की कोशिश है।
मुख्य घटनाक्रम
शेखावत ने कहा, 'मैंने पहले भी अनेक बार कहा, आज फिर कहता हूँ कि ये जो कुछ हो रहा है, जिसमें कांग्रेस पार्टी और अन्य विपक्षी पार्टियाँ भी सहभागी हो गई हैं, ये लोकतांत्रिक भारत के लोकतंत्र के सामने सबसे बड़ा संकट पैदा करने का प्रयास हो रहा है।' उन्होंने यह भी जोड़ा कि भारत को बांग्लादेश बनाने की 'कल्पना भी नहीं की जा सकती, ना परिदृश्य ऐसा है, ना परिस्थितियाँ ऐसी हैं और ना परिणाम ऐसे होंगे।'
राहुल गांधी पर तंज
राहुल गांधी के लगातार सड़कों पर रहने के प्रसंग में शेखावत ने एक तीखी उपमा का सहारा लिया। उन्होंने कहा, 'फेसबुक पिछले बीस-पच्चीस साल में कहाँ से कहाँ पहुँच गया। खेल में एमएस धोनी 2004 में आए और शिखर तक पहुँचे। फिल्म उद्योग में प्रियंका चोपड़ा बीस साल में कहाँ तक पहुँचीं। लेकिन राहुल गांधी उस रिलॉन्च होने वाली मिसाइल हैं जो बार-बार रिलॉन्च होती है, कभी टारगेट तक पहुँचती नहीं।' गौरतलब है कि यह बयान ऐसे समय आया है जब कांग्रेस राजस्थान पंचायत चुनाव प्रचार में सक्रिय है।
इंडिया गठबंधन पर सवाल
शेखावत ने इंडिया गठबंधन को 'मौकापरस्त लोगों का मजबूरीवश बना हुआ गठबंधन' बताया। उनका तर्क था कि गठबंधन के घटक दल राज्यों में एक-दूसरे के खिलाफ चुनाव लड़ते हैं और केंद्र में एकता का नाटक करते हैं। उन्होंने कहा कि राफेल, संविधान और चुनाव आयोग जैसे मुद्दों पर एक-एक कर आंदोलन छेड़े गए और फिर छोड़ दिए गए — जो उनके अनुसार 'राजनीतिक विफलता छुपाने का माध्यम' है।
विदेशी नागरिक प्रसंग और सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन
अभिनेता आमिर खान के भांजे इमरान खान को मुंबई पुलिस द्वारा देश छोड़ने को कहे जाने के प्रश्न पर शेखावत ने कहा कि यह 'उचित' है। उनका कहना था कि कोई भी विदेशी नागरिक भारत में स्थानीय मामलों में हस्तक्षेप नहीं कर सकता। सर्वोच्च न्यायालय की हालिया गाइडलाइन पर उन्होंने कहा कि यह व्यवस्था पहले से थी और न्यायालय ने केवल स्पष्टीकरण दिया है, जिसके लिए वे 'सुप्रीम कोर्ट का अभिनंदन' करते हैं।
राजस्थान पंचायत चुनाव और आगे का रुख
राजस्थान पंचायत चुनाव प्रचार में कांग्रेस की भागीदारी पर शेखावत ने व्यंग्यपूर्वक 'देर आए दुरुस्त आए' कहा। उन्होंने यह भी 'पूर्वानुमान' लगाया कि हार की स्थिति में कांग्रेस इस बार 'प्रशासनिक ताकत के आधार पर भाजपा जीती' का बहाना बनाएगी। उनके अनुसार चुनाव परिणामों को इस प्रकार चुनौती देना मतदाताओं के विवेक का अपमान है। भारतीय जनता पार्टी (BJP) और कांग्रेस के बीच राजस्थान में पंचायत चुनाव को लेकर जुबानी जंग अब और तेज होने के आसार हैं।