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क्या रामलिंगम हत्याकांड में एनआईए ने की बड़ी कार्रवाई?

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क्या रामलिंगम हत्याकांड में एनआईए ने की बड़ी कार्रवाई?

सारांश

राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने 2019 में तमिलनाडु के रामलिंगम हत्याकांड में महत्वपूर्ण कार्रवाई की है। डिंडीगुल और तेनकासी जिलों में छापेमारी कर एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है, जो फरार आरोपियों को शरण देने का आरोपित है। इस मामले में और भी चौंकाने वाले तथ्य सामने आ सकते हैं।

मुख्य बातें

एनआईए ने रामलिंगम हत्याकांड में महत्वपूर्ण कार्रवाई की है।
एक व्यक्ति गिरफ्तार किया गया है, जो फरार आरोपियों को शरण देने का आरोपित है।
यह मामला पीएफआई से जुड़ा हुआ है, जो सांप्रदायिक नफरत फैलाने का प्रयास कर रहा था।
एनआईए की कार्रवाई से समाज में न्याय की उम्मीद जागी है।

नई दिल्ली, 21 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने 2019 में तमिलनाडु के रामलिंगम हत्याकांड के सिलसिले में राज्य के डिंडीगुल और तेनकासी जिलों में नौ जगहों पर छापेमारी की। इस दौरान एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया, जिस पर फरार आरोपियों को शरण देने का आरोप है।

यह मामला प्रतिबंधित संगठन पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) से जुड़ा है, जिसने रामलिंगम की हत्या कर लोगों में कथित तौर पर डर और सांप्रदायिक नफरत फैलाने की कोशिश की थी।

एनआईए ने छापेमारी के दौरान कोडाईकनाल में अंबुर बिरयानी होटल्स के मालिक इम्थातुल्लाह को गिरफ्तार किया। उस पर 2021 से फरार आरोपियों को जानबूझकर अपने होटल में शरण देने का आरोप है। छापेमारी में आपत्तिजनक दस्तावेज और डिजिटल उपकरण भी जब्त किए गए। इम्थातुल्लाह द्वारा शरण दिए गए तीन फरार आरोपियों में से दो, अब्दुल मजीद और शाहुल हमीद को एनआईए ने 25 जनवरी को गिरफ्तार कर लिया था। तीसरा आरोपी, मोहम्मद अली जिन्ना अभी भी फरार है।

रामलिंगम की 5 फरवरी 2019 को तंजावुर में हत्या कर दी गई थी। वह पाट्टाली मक्कल काची (पीएमके) के नेता थे। आरोप है कि पीएफआई के सदस्यों ने उनकी हत्या इसलिए की क्योंकि उन्होंने जबरन धर्म परिवर्तन का विरोध किया था। एनआईए ने मार्च 2019 में इस मामले की जांच अपने हाथ में ली थी और अगस्त 2019 में चेन्नई की विशेष अदालत में 18 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दायर की थी। इनमें से छह आरोपी फरार थे।

2021 में एनआईए ने फरार आरोपियों में से एक रहमान सादिक को गिरफ्तार किया था। मोहम्मद अली जिन्ना 19वां आरोपी बनाया गया। एनआईए ने दो अन्य फरार आरोपियों, बुरहानुद्दीन और नफील हसन पर 5-5 लाख रुपये का इनाम रखा है। जांच एजेंसी फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है और मामले की जांच कर रही है।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि यह समाज में शांति और सद्भाव बनाए रखने के लिए भी आवश्यक है। हमें इस प्रकार की घटनाओं से सख्ती से निपटने की आवश्यकता है।
RashtraPress
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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

रामलिंगम हत्याकांड क्या है?
रामलिंगम हत्याकांड 5 फरवरी 2019 को तंजावुर में हुआ था, जिसमें पीएमके के नेता रामलिंगम की हत्या की गई थी।
एनआईए ने कितनी जगहों पर छापेमारी की?
एनआईए ने डिंडीगुल और तेनकासी जिलों में कुल नौ जगहों पर छापेमारी की।
कौन गिरफ्तार किया गया है?
इम्थातुल्लाह, जो कि अंबुर बिरयानी होटल्स का मालिक है, गिरफ्तार किया गया है।
पीएफआई का रामलिंगम हत्या से क्या संबंध है?
आरोप है कि पीएफआई के सदस्यों ने रामलिंगम को इसलिए मारा क्योंकि उन्होंने जबरन धर्म परिवर्तन का विरोध किया था।
एनआईए ने कब से इस मामले की जांच शुरू की थी?
एनआईए ने मार्च 2019 में इस मामले की जांच शुरू की थी।
राष्ट्र प्रेस
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