मध्य प्रदेश: सागर का वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व चीतों का नया घर बनेगा

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मध्य प्रदेश: सागर का वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व चीतों का नया घर बनेगा

सारांश

मध्य प्रदेश के सागर में वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व अब चीतों का नया ठिकाना बनने जा रहा है। यह परियोजना वन्यजीव संरक्षण और इको-टूरिज्म को बढ़ावा देने का एक महत्वपूर्ण कदम है।

मुख्य बातें

वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व चीतों का नया ठिकाना बनेगा।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने भूमि पूजन किया।
यह परियोजना वन्यजीव संरक्षण को बढ़ावा देगी।
इको-टूरिज्म और रोजगार के नए अवसर मिलेंगे।
सॉफ्ट रिलीज बोमा तकनीक का उपयोग किया जाएगा।

सागर, २५ मार्च (राष्ट्र प्रेस)। मध्य प्रदेश के सागर जिले में स्थित वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व चीतों का एक नया ठिकाना बनने जा रहा है। इस प्रकार, यह राज्य का तीसरा स्थान होगा जहां चीतों का पुनर्स्थापन किया जाएगा। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने अपने जन्मदिवस के अवसर पर प्रदेश के वन्यजीव प्रेमियों और बुंदेलखंड वासियों को एक ऐतिहासिक उपहार प्रस्तुत किया है।

मुख्यमंत्री ने वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व में चीतों के पुनर्वास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए सॉफ्ट रिलीज बोमा का विधि-विधान से भूमि पूजन किया। कूनो नेशनल पार्क में चीता प्रोजेक्ट की सफलता के बाद अब गांधी सागर अभ्यारण में चीतों का पुनर्स्थापन किया जाएगा, और वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व को चीतों का नया घर बनाने की प्रक्रिया में है।

वन्य प्राणी विशेषज्ञों के अनुसार, सॉफ्ट रिलीज बोमा तकनीक के तहत चीतों को नए परिवेश में ढालने के लिए एक बड़े क्षेत्र में विशेष बाड़े (बोमा) तैयार किए जाते हैं, जहां उन्हें प्रारंभिक निगरानी में रखा जाता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि यह परियोजना न केवल वन्यजीव संरक्षण को मजबूती प्रदान करेगी, बल्कि बुंदेलखंड में इको-टूरिज्म और रोजगार के नए अवसर भी उत्पन्न करेगी। विशेषज्ञों के अनुसार, वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व का घनत्व और यहाँ के घास के मैदान चीतों के लिए अत्यंत अनुकूल हैं।

मुख्यमंत्री यादव ने कहा कि कूनो के बाद अब वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व चीतों के खेलने का नया केंद्र बन जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रदेश सरकार केवल थलचर ही नहीं, बल्कि नभचर और जलचर जीवों के संरक्षण की दिशा में भी मिशन मोड में कार्य कर रही है।

उन्होंने कहा कि जंगल की असली सुंदरता वहाँ के जानवरों से ही होती है। यह कदम न केवल बुंदेलखंड के प्राकृतिक संतुलन को बनाए रखेगा बल्कि पर्यटन को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा और यहाँ रोजगार के नए अवसर भी पैदा करेगा।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि यह क्षेत्र में इको-टूरिज्म को भी बढ़ावा देगा।
RashtraPress
13 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व कहाँ स्थित है?
यह टाइगर रिजर्व मध्य प्रदेश के सागर जिले में स्थित है।
चीतों का पुनर्स्थापन कब होगा?
चीतों का पुनर्स्थापन जल्द ही शुरू होगा, जैसा कि मुख्यमंत्री ने बताया है।
सॉफ्ट रिलीज बोमा तकनीक क्या है?
यह तकनीक चीतों को नए परिवेश में ढालने के लिए विशेष बाड़े तैयार करने की प्रक्रिया है।
इस परियोजना से क्या लाभ होगा?
यह परियोजना वन्यजीव संरक्षण के साथ-साथ इको-टूरिज्म और रोजगार के नए अवसर भी उत्पन्न करेगी।
मुख्यमंत्री ने इस परियोजना का भूमि पूजन कब किया?
मुख्यमंत्री ने यह भूमि पूजन अपने जन्मदिवस के अवसर पर किया।
राष्ट्र प्रेस