एसआईआर विवाद: संबित पात्रा का राहुल गांधी पर हमला — 'डेटा नहीं, सिर्फ हंगामा'; कांग्रेस पर भ्रम फैलाने का आरोप
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राष्ट्रीय प्रवक्ता एवं सांसद संबित पात्रा ने 5 नवंबर 2026 को बेंगलुरु स्थित भाजपा के प्रदेश मुख्यालय जगन्नाथ भवन में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कांग्रेस पर आरोप लगाया कि वह मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर देशभर में 'भ्रम' और 'अराजकता' फैला रही है। उन्होंने सीधे कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि उनके पास कोई तथ्यात्मक आधार नहीं है और वे महज हंगामे के लिए विरोध कर रहे हैं।
मुख्य आरोप और बयान
पात्रा ने कहा, 'राहुल गांधी के पास कोई डेटा नहीं है, वे सिर्फ हंगामा करते हैं। उन्हें नहीं पता कि देश में क्या हो रहा है, लेकिन वे सड़कों पर उतरकर हंगामा करते हैं। साथ ही वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ बहस करना चाहते हैं।' उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि राहुल गांधी संसद में पाँच-छह मिनट भी नहीं बैठते और बहसों में हिस्सा लेने के बजाय अक्सर सदन से बाहर आते-जाते रहते हैं।
पात्रा ने कहा कि भाजपा युवाओं, मीडिया और आम जनता तक पहुँचकर यह समझा रही है कि चुनाव आयोग (ECI) जैसी संवैधानिक संस्थाएँ किस प्रकार काम करती हैं। उनके अनुसार, 'एक स्वस्थ लोकतंत्र के लिए भाजपा सभी तक पहुँचने की कोशिश कर रही है।'
एसआईआर प्रक्रिया पर भाजपा का पक्ष
पात्रा ने स्पष्ट किया कि एसआईआर के तहत 'अनुपस्थित, स्थानांतरित, मृत और डुप्लिकेट' श्रेणी के नाम हटाना एक सामान्य और नियमित प्रक्रिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस चाहती है कि मृत लोगों के नाम मतदाता सूची में बने रहें। उन्होंने यह भी बताया कि जिन मतदाताओं के नाम गलती से हटाए गए हैं, वे आवेदन देकर उन्हें पुनः शामिल करा सकते हैं।
पात्रा के अनुसार, एसआईआर प्रक्रिया के दौरान कथित तौर पर लगभग तीन करोड़ मतदाताओं को नोटिस भेजे गए थे, परंतु अनेक लोगों ने कोई जवाब नहीं दिया। कांग्रेस के इस दावे को कि देशभर में 13 करोड़ वोट चोरी हो गए हैं, पात्रा ने खारिज करते हुए कहा कि मतदाता सूची तैयार करने की प्रक्रिया में सभी राजनीतिक दलों के बूथ-स्तरीय एजेंट (BLA) शामिल थे।
'इंडिया' गठबंधन पर सवाल और आंतरिक विरोधाभास
पात्रा ने राहुल गांधी से माँग की कि वे पहले अपने 'इंडिया' गठबंधन के साथियों — आम आदमी पार्टी (AAP) प्रमुख अरविंद केजरीवाल और पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी — के साथ अपने संबंध स्पष्ट करें। उन्होंने याद दिलाया कि राहुल गांधी ने पहले केजरीवाल को अपना दोस्त बताया था, किंतु पंजाब में 'आप' सरकार पर भ्रष्टाचार का आरोप भी लगाया था।
पात्रा ने यह भी दावा किया कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले राहुल गांधी ने ममता बनर्जी नीत सरकार पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए भाजपा की जीत की भविष्यवाणी की थी।
कर्नाटक के घटनाक्रम और डीके शिवकुमार प्रकरण
कर्नाटक के मंत्री सतीश जारकीहोली के उस बयान का उल्लेख करते हुए, जिसमें कहा गया था कि कर्नाटक में एसआईआर प्रक्रिया पर कोई आपत्ति नहीं है, पात्रा ने राहुल गांधी को सुझाव दिया कि वे कर्नाटक आकर इस मुद्दे पर जारकीहोली से चर्चा करें।
दिल्ली में एक विरोध प्रदर्शन के दौरान हुई एक घटना का जिक्र करते हुए पात्रा ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी ने कर्नाटक के मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार को धक्का देकर दूर कर दिया, जिससे शिवकुमार की आँखों में आँसू आ गए। पात्रा ने कहा, 'राहुल गांधी और गांधी परिवार का अहंकार तो देखिए।' उन्होंने कर्नाटक के हाल के विधान परिषद चुनावों में बैलेट पेपर के बावजूद भाजपा की जीत का भी उल्लेख किया। उन्होंने 'वेस्टर्न ग्रेजुएट्स' निर्वाचन क्षेत्र में शिल्पा बडमनवर पर फर्जी मतदान के आरोप का जिक्र करते हुए राहुल गांधी से इस पर स्पष्टीकरण माँगा।
चुनाव आयोग की स्वायत्तता और आगे का रास्ता
चुनाव आयोग को 'कठपुतली' बताने के कांग्रेस के आरोप को पात्रा ने पूरी तरह खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि संवैधानिक संस्थाओं की रक्षा करना हर राजनीतिक दल की जिम्मेदारी है। उल्लेखनीय है कि कांग्रेस पहले ही सर्वोच्च न्यायालय में एसआईआर प्रक्रिया को चुनौती दे चुकी है।
पात्रा ने कांग्रेस को खुली चुनौती दी कि यदि उनके पास चुनावी धाँधली का कोई ठोस सबूत है, तो वे उसे चुनाव आयोग या सर्वोच्च न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत करें। प्रेस कॉन्फ्रेंस में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बीवाई विजयेंद्र, प्रदेश महासचिव व विधायक वी. सुनील कुमार, प्रदेश महासचिव प्रीतम गौड़ा, मुख्य प्रवक्ता अश्वथ नारायण और भाजपा युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष व विधायक धीरज मुनिराजू भी उपस्थित थे।