क्या नील गाय पर फायरिंग के दौरान बच्चे को लगी गोली? जानिए पूरी घटना

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क्या नील गाय पर फायरिंग के दौरान बच्चे को लगी गोली? जानिए पूरी घटना

सारांश

बिहार के सीवान जिले में एक चार वर्षीय बच्चे को नीलगाय पर चलाई गई गोली लग गई। इस घटना ने गांव में भय और गुस्से का माहौल बना दिया है। क्या आरोपी पकड़े जाएंगे? जानें पूरी कहानी।

मुख्य बातें

घटना से गांव में दहशत का माहौल बना है।
पुलिस ने जांच शुरू की है और आरोपियों की पहचान कर रही है।
बच्चे की मां ने आरोप लगाया कि युवक नीलगाय का शिकार करने आए थे।
घायल बच्चे का इलाज पटना में जारी है।
गांव वालों ने मुआवजे की मांग की है।

पटना, 30 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। बिहार के सीवान जिले में एक चौंकाने वाली घटना घटित हुई है, जहां नीलगाय पर चलाई गई गोली एक चार साल के बच्चे को लग गई, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया।

इस घटना ने गांव में दहशत और गुस्से का माहौल बना दिया है। यह घटना मंगलवार शाम को सिसवन पुलिस स्टेशन क्षेत्र के एक गांव में हुई।

एक पुलिस अधिकारी के अनुसार, कुछ युवक बिना अनुमति के गैर-कानूनी तरीके से नीलगाय का शिकार करने का प्रयास कर रहे थे। इसी क्रम में, एक गोली भटक गई और घर के बाहर खेल रहे बच्चे के पेट में लग गई।

गंभीर रूप से घायल बच्चे को पहले एक स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां से उसे सिवान जिला अस्पताल में रेफर किया गया। उसकी स्थिति गंभीर बनी हुई थी, इसलिए डॉक्टरों ने उसे बेहतर इलाज के लिए पटना भेज दिया। बच्चे का इलाज अभी भी जारी है और उसकी स्थिति गंभीर बताई जा रही है।

बच्चे के परिवार के अनुसार, यह घटना तब हुई जब बच्चा अपने घर के बाहर खेल रहा था।

बच्चे की मां ने आरोप लगाया कि राइफल

बच्चे की मां ने बताया, "हमने उनका विरोध किया और उन्हें रोकने की कोशिश की, लेकिन वे नहीं माने। कुछ समय बाद, मैंने अपने बेटे की चीख सुनी। जब हम उसके पास पहुंचे, तो उसके पेट से खून बह रहा था और वह बेहोश पड़ा था।"

उन्होंने आगे कहा कि उन्होंने एक आरोपी को पकड़ने की कोशिश की, लेकिन वह भागने में सफल रहा।

शोर सुनकर गांव वाले मौके पर इकट्ठा हो गए और तुरंत घायल बच्चे को अस्पताल ले जाने का प्रबंध किया।

घटना की सूचना मिलते ही सिसवन पुलिस स्टेशन सक्रिय हो गया।

स्टेशन हाउस ऑफिसर अशोक कुमार ने पुष्टि की कि जांच शुरू कर दी गई है।

उन्होंने बताया कि बच्चे की मां के बयान के आधार पर आरोपियों की पहचान की जा रही है और उन्हें पकड़ने के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।

एसएचओ ने कहा, "दोषियों को जल्द ही गिरफ्तार किया जाएगा और उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।"

इस घटना ने एक बार फिर ग्रामीण क्षेत्रों में हथियारों के गैर-कानूनी उपयोग और शिकार की गतिविधियों को लेकर गंभीर चिंताएं पैदा कर दी हैं।

गांव वालों ने आरोपियों की तत्पर गिरफ्तारी और घायल बच्चे के परिवार के लिए मुआवजे की मांग की है।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि यह पुलिस और कानून व्यवस्था की चुनौतियों को भी उजागर करती है। हमें ऐसे मामलों में कठोर कानून और त्वरित कार्रवाई की आवश्यकता है।
RashtraPress
13 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

इस घटना में बच्चे की स्थिति क्या है?
बच्चे की स्थिति गंभीर है और उसका इलाज जारी है।
पुलिस ने क्या कार्रवाई की है?
पुलिस ने जांच शुरू कर दी है और आरोपियों की पहचान करने के लिए छापेमारी कर रही है।
गांव वालों की प्रतिक्रिया क्या रही?
गांव वालों ने आरोपियों की गिरफ्तारी और घायल बच्चे के परिवार के लिए मुआवजे की मांग की है।
राष्ट्र प्रेस
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