तमिलनाडु मंत्रिमंडल विस्तार: विजय सरकार में 23 नए मंत्री शामिल, दशकों बाद कांग्रेस को मिली जगह
सारांश
मुख्य बातें
मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय के नेतृत्व वाली तमिलनाडु सरकार ने 21 मई 2026 को अपने मंत्रिमंडल का पहला बड़ा विस्तार करते हुए 23 नए मंत्रियों को मंत्रिपरिषद में शामिल किया। इस विस्तार का मुख्य उद्देश्य प्रमुख विभागों में रिक्त पदों को भरना, शासन तंत्र को सुदृढ़ करना और गठबंधन सहयोगियों — विशेष रूप से भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (कांग्रेस) — को उचित प्रतिनिधित्व देना है। उल्लेखनीय बात यह है कि कई दशकों के अंतराल के बाद कांग्रेस के दो विधायक तमिलनाडु मंत्रिमंडल में शामिल हुए हैं।
मंत्रिमंडल विस्तार की पृष्ठभूमि
विधानसभा चुनाव में तमिलगा वेट्री कझगम (TVK) ने 108 सीटें जीतकर सबसे बड़ी पार्टी का दर्जा हासिल किया था। बहुमत का आँकड़ा पार करने के लिए पार्टी ने गठबंधन सहयोगियों और निर्दलीय विधायकों का समर्थन जुटाया। विजय ने 10 मई 2026 को नौ मंत्रियों — एन. आनंद, आधव अर्जुन, डॉ. के.जी. अरुणराज, के.ए. सेंगोत्तैयान, पी. वेंकटरमणन, आर. निर्मलकुमार, राजमोहन, डॉ. टी.के. प्रभु और एस. कीर्तना — के साथ मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी।
16 मई 2026 को प्रारंभिक मंत्रिमंडल के लिए विभागों का आवंटन पूरा हुआ, लेकिन वन, कृषि, राजस्व, आवास, सहकारिता और सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (MSME) जैसे अहम विभाग बिना समर्पित मंत्री के बने रहे। इसी कारण मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर व्यापक अटकलें चल रही थीं।
शपथ ग्रहण समारोह और नए मंत्री
राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर ने 21 मई को आयोजित शपथ ग्रहण समारोह में सभी 23 नए मंत्रियों को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। समारोह में वीसीके के अध्यक्ष थोल. थिरुमावलवन सहित कई गठबंधन नेताओं ने भाग लिया।
नवशपथित मंत्रियों में शामिल हैं — श्रीनाथ (थूथुकुडी), कमाली एस (अविनाशी), सी. विजयलक्ष्मी (कुमारपालयम), आर.वी. रंजीतकुमार (कांचीपुरम), विनोद (कुंभकोणम), राजीव (तिरुवदनाई), बी. राजकुमार (कुड्डालोर), वी. गांधीराज (अरक्कोणम), मथन राजा पी (ओट्टापिडारम), जगदेश्वरी के (राजपालयम), एम. विजय बालाजी (इरोड पूर्व), लोगेश तमिलसेल्वन डी (रासीपुरम), विजय तमिलन पार्थिबन ए (सेलम दक्षिण), रमेश (श्रीरंगम), कुमार आर (वेलाचेरी), थेन्नारासु के (श्रीपेरुम्बुदूर), वी. संपत कुमार (कोयंबटूर उत्तर), मोहम्मद फरवास जे (अरंथांगी), डी. सरथकुमार (तांबरम), एन. मैरी विल्सन (डॉ. राधाकृष्णन नगर) और विग्नेश के (किनाथुकडावु)।
दशकों बाद कांग्रेस की मंत्रिमंडल में वापसी
इस विस्तार की सबसे चर्चित बात रही कांग्रेस की तमिलनाडु मंत्रिमंडल में ऐतिहासिक वापसी। कांग्रेस के दो विधायकों — राजेश कुमार एस (किल्लियूर) और केपी विश्वनाथन (मेलूर) — ने मंत्री पद की शपथ ली। यह कई दशकों के बाद पहला मौका है जब कांग्रेस को तमिलनाडु की मंत्रिपरिषद में प्रत्यक्ष प्रतिनिधित्व मिला है, जो गठबंधन की राजनीति में एक महत्वपूर्ण मोड़ है।
आगे की राह
मंत्रिमंडल विस्तार से उन विभागों में प्रशासनिक शून्यता दूर होने की उम्मीद है जो अब तक बिना समर्पित मंत्री के चल रहे थे। विशेषज्ञों का मानना है कि इस विस्तार से राज्य सरकार को क्षेत्रीय और सामाजिक प्रतिनिधित्व के मोर्चे पर भी मज़बूती मिलेगी। अब नज़रें इस बात पर होंगी कि नए मंत्रियों को विभागों का आवंटन कब और किस तरह होता है।