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बांकीपुर उपचुनाव: तेज प्रताप यादव ने प्रशांत किशोर को दिया जेजेडी का समर्थन, भाजपा को रोकने का संकल्प

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बांकीपुर उपचुनाव: तेज प्रताप यादव ने प्रशांत किशोर को दिया जेजेडी का समर्थन, भाजपा को रोकने का संकल्प

सारांश

बांकीपुर उपचुनाव में तेज प्रताप यादव का दांव — जेजेडी ने प्रशांत किशोर को समर्थन देकर भाजपा के परंपरागत गढ़ में सेंध लगाने की कोशिश की है। अपनी उम्मीदवार का नामांकन रद्द होने के बाद यह रणनीतिक कदम 30 जुलाई के मतदान से पहले विपक्षी गठजोड़ को नई ऊर्जा दे सकता है।

मुख्य बातें

जेजेडी अध्यक्ष तेज प्रताप यादव ने बांकीपुर उपचुनाव में जन सुराज उम्मीदवार प्रशांत किशोर को पार्टी का समर्थन देने की घोषणा की।
जेजेडी की उम्मीदवार वीणा मानवी का नामांकन जाँच-पड़ताल में रद्द होने के बाद यह निर्णय लिया गया; वह लगभग 15 वर्षों से क्षेत्र में सक्रिय हैं।
तेज प्रताप के अनुसार, प्रशांत किशोर ने कहा कि भाजपा को बांकीपुर सीट नहीं जीतने देनी चाहिए।
तेज प्रताप ने नीट पेपर लीक और जंतर-मंतर पर छात्र आंदोलन को भी समर्थन दिया; बिहार में पेपर लीक को बार-बार की समस्या बताया।
बांकीपुर में मतदान 30 जुलाई 2026 को होना है।

जनशक्ति जनता दल (जेजेडी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष तेज प्रताप यादव ने 25 जुलाई 2026 को घोषणा की कि उनकी पार्टी बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में जन सुराज के उम्मीदवार प्रशांत किशोर को समर्थन देगी। यह निर्णय पार्टी के भीतर सर्वसम्मति से लिया गया और इसका मुख्य उद्देश्य भारतीय जनता पार्टी (BJP) को इस परंपरागत रूप से उसके गढ़ माने जाने वाले क्षेत्र में जीत से रोकना है। 30 जुलाई को होने वाले मतदान से ठीक पहले यह समर्थन बांकीपुर के राजनीतिक समीकरणों को नया आयाम देता है।

समर्थन की घोषणा और पृष्ठभूमि

तेज प्रताप यादव ने शुक्रवार को मीडिया से बातचीत में बताया कि पार्टी के सदस्यों के साथ आंतरिक विचार-विमर्श के बाद यह फैसला सर्वसम्मति से लिया गया। उन्होंने कहा, "हमारी पार्टी के सदस्यों और मैंने तय कर लिया है कि किसे समर्थन देना है। हम प्रशांत किशोर का समर्थन कर रहे हैं।" उन्होंने यह भी बताया कि उन्होंने उसी दिन प्रशांत किशोर से सीधे बात की थी।

गौरतलब है कि जेजेडी ने शुरुआत में बांकीपुर से अपनी नेता वीणा मानवी को उम्मीदवार बनाया था, जो लगभग 15 वर्षों से इस निर्वाचन क्षेत्र में सक्रिय हैं और महिला मतदाताओं के बीच उनकी पहचान है। हालाँकि, नामांकन की जाँच-पड़ताल के दौरान उनका नामांकन रद्द कर दिया गया। अपना उम्मीदवार मैदान में न होने की स्थिति में पार्टी ने प्रशांत किशोर को समर्थन देने का निर्णय लिया।

प्रशांत किशोर की रणनीति और भाजपा विरोध

तेज प्रताप यादव के अनुसार, प्रशांत किशोर ने उनसे बातचीत में कहा कि भाजपा को बांकीपुर सीट जीतने नहीं दी जानी चाहिए और उनकी जीत को रोकना व्यापक जनाकांक्षाओं का प्रतिनिधित्व करता है। तेज प्रताप ने इस विचार से सहमति जताई और कहा कि जनता की भावना अब राजनीतिक बदलाव के पक्ष में है, भले ही यह क्षेत्र परंपरागत रूप से भाजपा का मज़बूत गढ़ रहा हो।

नीट पेपर लीक और छात्र आंदोलन पर रुख

तेज प्रताप यादव ने इस अवसर पर नीट पेपर लीक विवाद और देशभर में चल रहे छात्र विरोध प्रदर्शनों के प्रति भी अपना समर्थन दोहराया। उन्होंने कहा कि जंतर-मंतर पर छात्रों का आंदोलन परीक्षा में पारदर्शिता और जवाबदेही की माँग को उजागर करता है और इन मुद्दों पर गंभीरता से ध्यान दिया जाना चाहिए।

उन्होंने आरोप लगाया कि बिहार में परीक्षा पेपर लीक एक बार-बार दोहराई जाने वाली समस्या बन गई है और इसके बावजूद सरकार की ओर से कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने राज्य की शिक्षा व्यवस्था के साथ-साथ स्वास्थ्य सेवा प्रणाली की स्थिति की भी आलोचना की।

बांकीपुर उपचुनाव का राजनीतिक महत्व

बांकीपुर विधानसभा सीट पर 30 जुलाई को मतदान होना है और यह उपचुनाव बिहार की राजनीति में व्यापक ध्यान खींच रहा है। कई दलों ने यहाँ जोर-शोर से प्रचार किया है। जेजेडी के समर्थन से प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी को विपक्षी खेमे में एक और सहयोगी मिल गया है, जो भाजपा के लिए इस परंपरागत सीट को बनाए रखने की चुनौती को बढ़ा सकता है। आने वाले दिनों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि क्या अन्य विपक्षी दल भी इस गठजोड़ में शामिल होते हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

न कि किसी गहरी वैचारिक एकता के आधार पर। असली सवाल यह है कि क्या जेजेडी के मतदाता वास्तव में प्रशांत किशोर के पीछे लामबंद होंगे, या यह समर्थन महज़ एक प्रेस कॉन्फ्रेंस तक सीमित रहेगा। बांकीपुर में भाजपा की पकड़ दशकों पुरानी है और विपक्षी वोटों का बिखराव ही उसकी ताकत रही है — एकजुट विपक्ष की यह कोशिश कितनी व्यावहारिक है, यह 30 जुलाई की शाम तय होगी।
RashtraPress
8 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

तेज प्रताप यादव ने बांकीपुर उपचुनाव में प्रशांत किशोर को समर्थन क्यों दिया?
जेजेडी की उम्मीदवार वीणा मानवी का नामांकन जाँच-पड़ताल में रद्द हो जाने के बाद पार्टी के पास अपना उम्मीदवार नहीं बचा। इसके बाद पार्टी ने सर्वसम्मति से भाजपा को रोकने के उद्देश्य से प्रशांत किशोर को समर्थन देने का निर्णय लिया।
बांकीपुर उपचुनाव में मतदान कब होगा?
बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में मतदान 30 जुलाई 2026 को होना है। यह सीट बिहार में काफी राजनीतिक ध्यान खींच रही है और कई दलों ने यहाँ सक्रिय प्रचार किया है।
प्रशांत किशोर किस पार्टी से बांकीपुर उपचुनाव लड़ रहे हैं?
प्रशांत किशोर जन सुराज पार्टी के उम्मीदवार के रूप में बांकीपुर उपचुनाव लड़ रहे हैं। अब जेजेडी ने उन्हें आधिकारिक समर्थन दे दिया है।
वीणा मानवी कौन हैं और उनका नामांकन क्यों रद्द हुआ?
वीणा मानवी जनशक्ति जनता दल (जेजेडी) की नेता हैं, जो लगभग 15 वर्षों से बांकीपुर निर्वाचन क्षेत्र में सक्रिय हैं। नामांकन की जाँच-पड़ताल प्रक्रिया के दौरान उनका नामांकन रद्द कर दिया गया, जिसके बाद पार्टी ने प्रशांत किशोर को समर्थन देने का फैसला किया।
तेज प्रताप यादव ने नीट पेपर लीक पर क्या कहा?
तेज प्रताप यादव ने आरोप लगाया कि बिहार में परीक्षा पेपर लीक एक बार-बार दोहराई जाने वाली समस्या बन गई है और सरकार ने इसके खिलाफ कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की। उन्होंने जंतर-मंतर पर छात्रों के आंदोलन को समर्थन देते हुए कहा कि ये प्रदर्शन परीक्षा में पारदर्शिता और जवाबदेही की जनाकांक्षा को दर्शाते हैं।
राष्ट्र प्रेस
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