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टीएमसी विचारधारा नहीं, ममता की पार्टी है — सुकांत मजूमदार का तीखा हमला

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टीएमसी विचारधारा नहीं, ममता की पार्टी है — सुकांत मजूमदार का तीखा हमला

सारांश

केंद्रीय राज्यमंत्री सुकांत मजूमदार ने कोलकाता में TMC को 'डूबती नाव' और ममता बनर्जी की व्यक्तिगत पार्टी करार दिया। साथ ही UCC, एंटी-सोशल एक्टिविटीज बिल, मदरसा सर्वे और दमदम एयरपोर्ट मस्जिद विवाद पर BJP की स्थिति स्पष्ट की — यह बयान 2026 चुनावी रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।

मुख्य बातें

सुकांत मजूमदार ने 12 जुलाई को कोलकाता में TMC को 'डूबती नाव' और विचारधाराविहीन पार्टी बताया।
उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी के अधिकांश विधायक और सांसद उनके साथ नहीं हैं; रितब्रत बनर्जी की मध्यस्थता भी बेनतीजा है।
BJP के 'भरोसा पत्र' में किए वादे के अनुसार UCC लागू करने की प्रतिबद्धता दोहराई।
दमदम एयरपोर्ट के पास मस्जिद हटाने के फैसले का बचाव करते हुए कहा — मस्जिद दूसरी जगह बनेगी, तुष्टिकरण नहीं चलेगा।
बंगाल में मदरसा सर्वे को सही ठहराया; पूर्व CM बुद्धदेव भट्टाचार्य के पुराने बयान का हवाला दिया।

केंद्रीय राज्यमंत्री सुकांत मजूमदार ने 12 जुलाई को कोलकाता में मीडिया से बातचीत के दौरान तृणमूल कांग्रेस (TMC) पर तीखा हमला बोला और कहा कि यह पार्टी किसी ठोस विचारधारा पर नहीं, बल्कि एक व्यक्ति पर टिकी है। उन्होंने TMC को 'डूबती हुई नाव' करार देते हुए कहा कि उसके सहयोगी एक-एक कर किनारा कर रहे हैं।

टीएमसी पर सीधा प्रहार

मजूमदार ने कहा, 'मुझे लगता है कि आने वाले समय में TMC की ओर से कोई बड़ी चुनौती नहीं मिलेगी, क्योंकि यह किसी विचारधारा पर आधारित पार्टी नहीं है — यह मुख्य रूप से ममता बनर्जी की पार्टी है।' उन्होंने आगे कहा कि अधिकांश विधायक और सांसद ममता बनर्जी के साथ नहीं हैं और पार्टी में सत्ता का केंद्र एक तरफ है जबकि बाकी पार्टी दूसरी दिशा में है। रितब्रत बनर्जी इस स्थिति को सुधारने की कोशिश में हैं, लेकिन मजूमदार के अनुसार वह प्रयास सफल नहीं हो पा रहा।

यूसीसी पर प्रतिबद्धता

समान नागरिक संहिता (UCC) का जिक्र करते हुए मजूमदार ने कहा कि बंगाल सरकार पहले ही UCC से जुड़े कुछ प्रावधान लागू कर चुकी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भारतीय जनता पार्टी (BJP) के 'भरोसा पत्र' में UCC लागू करने का वादा किया गया था और आने वाले समय में इस पर विधानसभा में चर्चा होगी।

एंटी-सोशल एक्टिविटीज बिल का बचाव

एंटी-सोशल एक्टिविटीज बिल पर मजूमदार ने कहा कि यह विधेयक पुलिस को किसी बड़ी घटना से पहले एहतियातन गिरफ्तारी की शक्ति देता है। उनके अनुसार हिंसा और दंगों में आपराधिक तत्वों की भूमिका होती है और अगर पुलिस ऐसे लोगों को पहले ही हिरासत में ले सके तो दंगों को रोकने और शांति बनाए रखने में मदद मिलेगी।

मदरसा सर्वे और दमदम मस्जिद विवाद

बंगाल में मदरसों के सर्वे को लेकर मजूमदार ने इसे 'बहुत अच्छा फैसला' बताया। उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री बुद्धदेव भट्टाचार्य का हवाला दिया, जिन्होंने कभी सीमा के पास अनधिकृत मदरसों में देश-विरोधी गतिविधियों की बात कही थी, लेकिन बाद में पार्टी दबाव और तुष्टिकरण की राजनीति के कारण अपना बयान वापस लेना पड़ा था।

दमदम एयरपोर्ट के पास स्थित मस्जिद को हटाए जाने के मुद्दे पर मजूमदार ने कहा कि यह समस्या लंबे समय से चली आ रही है और रनवे विस्तार में बाधा बन रही थी। उन्होंने कहा कि मस्जिद को दूसरी जगह बनाया जाएगा और इसमें कोई बड़ी दिक्कत नहीं है — पिछली सरकारें तुष्टिकरण की वजह से कदम नहीं उठा पाईं, लेकिन वर्तमान सरकार उस नीति में विश्वास नहीं रखती।

यह बयान ऐसे समय में आया है जब पश्चिम बंगाल में 2026 विधानसभा चुनाव की तैयारियाँ जोर पकड़ रही हैं और BJP-TMC के बीच राजनीतिक तनाव चरम पर है।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि 2026 बंगाल चुनाव से पहले BJP की सुनियोजित कथा-निर्माण की कड़ी है — TMC को विचारधाराहीन और व्यक्ति-केंद्रित दिखाकर मतदाताओं में अविश्वास पैदा करना। UCC, मदरसा सर्वे और दमदम मस्जिद — तीनों मुद्दे हिंदुत्व एजेंडे की धुरी पर हैं और इनका एक साथ उठाया जाना संयोग नहीं। असली सवाल यह है कि क्या BJP इन बयानों को ज़मीनी संगठन और सामाजिक समीकरण में बदल पाएगी, जहाँ TMC अभी भी मज़बूत है। रितब्रत बनर्जी का ज़िक्र संकेत देता है कि BJP TMC की आंतरिक दरारों पर नज़र रखे हुए है — लेकिन दरारें दिखना और उनसे फ़ायदा उठाना दो अलग बातें हैं।
RashtraPress
13 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

सुकांत मजूमदार ने TMC को 'डूबती नाव' क्यों कहा?
सुकांत मजूमदार ने 12 जुलाई को कोलकाता में कहा कि TMC किसी विचारधारा पर नहीं, बल्कि ममता बनर्जी की व्यक्तिगत छवि पर टिकी है और अधिकांश विधायक-सांसद उनसे दूरी बना रहे हैं। उन्होंने इसे 'डूबती नाव' इसलिए बताया क्योंकि उनके अनुसार पार्टी के सहयोगी साथ छोड़ रहे हैं।
बंगाल में UCC कब लागू होगा?
मजूमदार ने कहा कि बंगाल सरकार पहले ही UCC से जुड़े कुछ प्रावधान लागू कर चुकी है और आने वाले समय में विधानसभा में इस पर विस्तृत चर्चा होगी। BJP ने अपने 'भरोसा पत्र' में UCC लागू करने का वादा किया था, लेकिन कोई निश्चित तारीख अभी तक नहीं बताई गई है।
दमदम एयरपोर्ट के पास मस्जिद हटाने का विवाद क्या है?
दमदम एयरपोर्ट के पास स्थित एक मस्जिद को रनवे विस्तार में बाधा बताया जाता रहा है। मजूमदार ने कहा कि पिछली सरकारें तुष्टिकरण की राजनीति के कारण कदम नहीं उठा पाईं, लेकिन वर्तमान सरकार मस्जिद को दूसरी जगह स्थानांतरित करेगी।
बंगाल में मदरसा सर्वे क्यों हो रहा है?
मजूमदार ने बंगाल में मदरसा सर्वे को उचित ठहराते हुए कहा कि सीमावर्ती इलाकों में अनधिकृत मदरसों में देश-विरोधी गतिविधियों की बात पूर्व CM बुद्धदेव भट्टाचार्य भी उठा चुके थे। उनके अनुसार यह समस्या तब से और बड़ी हो गई है, इसलिए सर्वे जरूरी है।
एंटी-सोशल एक्टिविटीज बिल क्या है और इसका उद्देश्य क्या है?
यह विधेयक पुलिस को किसी बड़ी हिंसक घटना से पहले संदिग्ध आपराधिक तत्वों को एहतियातन गिरफ्तार करने का अधिकार देता है। मजूमदार ने कहा कि इससे दंगों को रोकने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने में मदद मिलेगी।
राष्ट्र प्रेस
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