5 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

कांग्रेस नेता उदित राज का महाकाल स्टैंडर्ड टाइम पर बयान: आस्था पर नहीं चलती कोई चीज

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
कांग्रेस नेता उदित राज का महाकाल स्टैंडर्ड टाइम पर बयान: आस्था पर नहीं चलती कोई चीज

सारांश

कांग्रेस नेता उदित राज ने महाकाल स्टैंडर्ड टाइम पर अपने विचार साझा किए और कहा कि किसी भी चीज का आधार आस्था नहीं होना चाहिए। उन्हें वैज्ञानिक प्रमाण की आवश्यकता है।

मुख्य बातें

उदित राज ने महाकाल स्टैंडर्ड टाइम पर वैज्ञानिक सिद्धांत की आवश्यकता पर जोर दिया।
भाजपा नेताओं की बयानबाजी पर उन्होंने आलोचना की।
370 हटने के बाद एससी-एसटी वर्ग के साथ भेदभाव बढ़ा है।

नई दिल्ली, 4 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। कांग्रेस नेता उदित राज ने महाकाल स्टैंडर्ड टाइम (एमएसटी) की परिकल्पना पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि कोई भी चीज आस्था पर नहीं चलती है। उन्होंने यह भी कहा कि जब तक इसे वैज्ञानिक और तार्किक तरीके से सिद्ध नहीं किया जाता, तब तक समर्थन करने का सवाल ही नहीं उठता।

केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि अब समय आ गया है कि ग्रीनविच मीन टाइम (जीएमटी) के स्थान पर महाकाल स्टैंडर्ड टाइम की तार्किक स्थापना की जाए।

इस पर उदित राज ने राष्ट्र प्रेस से बात करते हुए कहा, "महाकाल स्टैंडर्ड टाइम जैसी बातों पर वैश्विक सहमति जरूरी है। भाजपा के नेता समय-समय पर ऐसे शिगूफे छोड़ते हैं। कोई भी चीज आस्था पर नहीं चलती है। यदि इसे वैज्ञानिक और तार्किक रूप से सिद्ध किया जाए, तो हम समर्थन कर सकते हैं।"

उन्होंने यह भी कहा, "यहां विश्वगुरु बनने का दावा किया जाता है कि पूरी दुनिया हमारे ज्ञान से चल रही है, जबकि प्राचीन भारत में प्लास्टिक सर्जरी का ज्ञान था, लेकिन आज यह ज्ञान कहीं नहीं दिखाई देता। हम यूरोप के बनाए स्कूलिंग सिस्टम का उपयोग कर रहे हैं।"

उदित राज ने ऑल इंडिया इमाम ऑर्गनाइजेशन के प्रमुख उमर अहमद इलियासी के पीओके वाले बयान पर भी अपनी राय दी। उन्होंने कहा, "एक नैरेटिव बनाया जाता है और सबको पता है कि इसके पीछे क्या कारण हैं। पहले एससी-एसटी का कल्याण होता था, लेकिन 370 के हटने के बाद भेदभाव बहुत बढ़ गया है। उत्तरी भारत के अधिकारी जा चुके हैं और वहां गवर्नर सिस्टम का विस्तार हुआ है।"

कांग्रेस नेता ने आगे कहा, "वहां के लोगों की फीडबैक है कि 370 हटने से पहले स्थितियां बेहतर थीं। अब वे बहुत शोषित और अपमानित महसूस कर रहे हैं।"

संपादकीय दृष्टिकोण

कोई भी विचार बिना ठोस प्रमाण के नहीं होना चाहिए, जो कि एक महत्वपूर्ण दृष्टिकोण है।
RashtraPress
5 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

महाकाल स्टैंडर्ड टाइम क्या है?
महाकाल स्टैंडर्ड टाइम (एमएसटी) एक प्रस्तावित समय मानक है जो ग्रीनविच मीन टाइम (जीएमटी) के विकल्प के रूप में पेश किया गया है।
उदित राज ने इस पर क्या प्रतिक्रिया दी है?
उदित राज ने कहा है कि कोई भी चीज आस्था पर नहीं चलती है और इसे वैज्ञानिक आधार पर सिद्ध करना होगा।
धर्मेंद्र प्रधान का इस मुद्दे पर क्या कहना है?
धर्मेंद्र प्रधान ने महाकाल स्टैंडर्ड टाइम की तार्किक स्थापना की आवश्यकता पर जोर दिया है।
क्या महाकाल स्टैंडर्ड टाइम पर वैश्विक सहमति जरूरी है?
उदित राज का मानना है कि वैश्विक सहमति होना आवश्यक है ताकि इसे स्वीकार किया जा सके।
370 हटने के बाद एससी-एसटी का क्या स्थिति है?
उदित राज के अनुसार, 370 हटने के बाद एससी-एसटी के साथ भेदभाव बढ़ गया है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 10 घंटे पहले
  2. 3 महीने पहले
  3. 3 महीने पहले
  4. 6 महीने पहले
  5. 6 महीने पहले
  6. 6 महीने पहले
  7. 9 महीने पहले
  8. 9 महीने पहले