उगादी की सौगात: बेंगलुरु में लंबित पानी बिलों पर 100%25 ब्याज माफी, ओटीएस योजना की घोषणा
सारांश
Key Takeaways
- 100%25 ब्याज माफी की योजना उपभोक्ताओं को राहत देगी।
- योजना अप्रैल से जून 2026 तक लागू होगी।
- बीडब्ल्यूएसएसबी द्वारा लागू की जाएगी।
- बकाया मूलधन चुकाने पर ब्याज माफ होगा।
- लगभग 5.11 लाख उपभोक्ताओं को लाभ मिलेगा।
बेंगलुरु, 21 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। उगादी के अवसर पर कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार ने शहरवासियों को एक महत्वपूर्ण राहत प्रदान करते हुए लंबित पानी के बिलों पर 100 प्रतिशत ब्याज माफी की घोषणा की है। उन्होंने वन-टाइम सेटलमेंट (ओटीएस) योजना का ऐलान किया, जो अप्रैल से जून 2026 तक तीन महीनों के लिए लागू होगी।
यह योजना बैंगलोर वाटर सप्लाई एंड सीवरेज बोर्ड (बीडब्ल्यूएसएसबी) के माध्यम से लागू की जाएगी। प्रेस विज्ञप्ति में शिवकुमार ने उल्लेख किया कि इस पहल का उद्देश्य उन उपभोक्ताओं को राहत प्रदान करना है, जिन पर लंबे समय से पानी के बिल बकाया हैं।
योजना के अनुसार, यदि उपभोक्ता अपने बकाया मूलधन (प्रिंसिपल अमाउंट) का पूरा भुगतान करते हैं, तो अप्रैल 2026 तक जमा हुए सभी ब्याज को माफ कर दिया जाएगा। इससे उपभोक्ताओं पर आर्थिक बोझ कम होगा और उन्हें बकाया चुकाने में सुविधा मिलेगी।
आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, बीडब्ल्यूएसएसबी के अंतर्गत लगभग 11 लाख जल कनेक्शन हैं, जिनमें से करीब 5.11 लाख उपभोक्ताओं पर बकाया है। फरवरी 2026 के अंत तक कुल बकाया राशि 851.33 करोड़ रुपये है, जिसमें 539.43 करोड़ रुपये मूलधन और 311.90 करोड़ रुपये ब्याज शामिल है।
सरकार का कहना है कि यह योजना जहां उपभोक्ताओं को राहत देगी, वहीं जल बोर्ड की वित्तीय स्थिति को भी मजबूती प्रदान करेगी। तीन महीने की इस अवधि में जो उपभोक्ता पूरा मूलधन चुका देंगे, उन्हें ब्याज में पूरी छूट दी जाएगी।
यह ओटीएस योजना सभी श्रेणियों के उपभोक्ताओं - घरेलू, वाणिज्यिक और औद्योगिक - पर लागू होगी। इसके अतिरिक्त, सरकारी विभागों और संस्थानों के बकाया का निपटान भी खातों के मिलान के माध्यम से किया जाएगा।
भुगतान को सरल बनाने के लिए बीडब्ल्यूएसएसबी प्रत्येक बकायेदार को उसका आरआर नंबर, मूलधन, माफ किया जाने वाला ब्याज और अंतिम देय राशि की जानकारी प्रदान करेगा। उपभोक्ता बीडब्ल्यूएसएसबी कियोस्क, ऑनलाइन पोर्टल और विभिन्न डिजिटल भुगतान माध्यमों के जरिए अपने बिल का भुगतान कर सकेंगे।
शिवकुमार ने कहा कि इस योजना से 5.11 लाख से अधिक उपभोक्ताओं को लाभ मिलने की संभावना है और लगभग 311 करोड़ रुपये के ब्याज की माफी से उनका आर्थिक बोझ काफी कम होगा। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि वे इस तीन महीने की अवधि में अपने बकाया का निपटान करने का पूरा लाभ उठाएं।