26 जुलाई 2026
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उज्ज्वला योजना में सब्सिडी 12 से घटकर 4 सिलेंडर: मनोज झा बोले — 'आम लोगों के बीच जाइए, हकीकत पता चलेगी'

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उज्ज्वला योजना में सब्सिडी 12 से घटकर 4 सिलेंडर: मनोज झा बोले — 'आम लोगों के बीच जाइए, हकीकत पता चलेगी'

सारांश

उज्ज्वला योजना में सब्सिडी 12 से सिकुड़कर 4 सिलेंडर पर आ गई है — और राजद सांसद मनोज झा ने इसे सरकार की जन-विरोधी नीति का प्रतीक बताया। उनका सीधा सवाल: क्या सरकार कभी उन परिवारों से मिलेगी जिनके लिए यह योजना बनी थी?

मुख्य बातें

उज्ज्वला योजना के तहत सालाना सब्सिडी अब घटकर 4 सिलेंडर पर आ गई है — जो शुरुआत में 12 , फिर 9 और अब 4 है।
राजद सांसद मनोज झा ने 9 जून को केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला और आम जनता से संवाद की अपील की।
झा ने कहा कि मध्यम वर्गीय और निम्न मध्यम वर्गीय परिवारों में आर्थिक संकट गहरा हो रहा है।
इंडिया ब्लॉक की हालिया बैठक को झा ने 'सार्थक' बताया; कांग्रेस ने गठबंधन के प्रति सकारात्मक रवैये का आश्वासन दिया।
झा ने सरकार से आग्रह किया कि वह आम नागरिकों के बीच जाकर द्विपक्षीय संवाद स्थापित करे।

राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के सांसद मनोज झा ने 9 जून को केंद्र सरकार की उज्ज्वला योजना में की गई सब्सिडी कटौती पर तीखा हमला बोला। योजना के तहत अब सालाना सिर्फ 4 सिलेंडरों पर सब्सिडी मिलेगी — जो योजना की शुरुआत में 12 थी, फिर घटाकर 9 की गई और अब 4 पर आ गई है। झा ने सरकार से सीधे आग्रह किया कि वह आम नागरिकों से संवाद स्थापित करे।

मुख्य घटनाक्रम

मनोज झा ने कहा, 'आखिर यह सरकार क्या कर रही है? कार्यशैली से यह साफ जाहिर हो रहा है कि यह सरकार अब पूरी तरह से विलीन हो चुकी है, जिसे जनता के हितों से कोई सरोकार नहीं है।' उन्होंने उज्ज्वला योजना में सब्सिडी की क्रमिक कटौती — 12 से 9 और फिर 4 सिलेंडर — को सरकार की जन-विरोधी नीति का प्रमाण बताया।

राजद सांसद ने यह भी आरोप लगाया कि मीडिया का एक हिस्सा सरकार के पक्ष में एकतरफा आख्यान प्रस्तुत कर रहा है, जिससे ज़मीनी हकीकत दब जाती है। उन्होंने कहा, 'मीडिया का एक इकोसिस्टम सरकार के पक्ष में तुहरी बजाएगा और कहेगा कि आपकी सुबह में भी जय हो रही है और शाम को भी जय हो रही है।'

आम जनता पर असर

झा ने कहा कि देश में मध्यम वर्गीय और निम्न मध्यम वर्गीय परिवारों के बीच आर्थिक संकट गहरा हो रहा है। उनका कहना था, 'मेरा अनुरोध है कि आप ऐसे लोगों के बीच में जाइए, वो आपको हकीकत से रूबरू कराएंगे।' उन्होंने सरकार से द्विपक्षीय संवाद स्थापित करने की अपील की।

गौरतलब है कि उज्ज्वला योजना की शुरुआत गरीब परिवारों — विशेषकर महिलाओं — को मुफ्त एलपीजी कनेक्शन और सब्सिडी देने के उद्देश्य से की गई थी। सब्सिडी में यह कटौती ऐसे समय में हुई है जब एलपीजी सिलेंडर की कीमतें पहले से ही आम परिवारों के बजट पर दबाव बना रही हैं।

इंडिया गठबंधन पर रुख

झा ने हाल ही में हुई इंडिया ब्लॉक की बैठक को 'सार्थक' बताया। उन्होंने कहा कि बैठक में कई बिंदुओं पर विस्तारपूर्वक चर्चा हुई और कांग्रेस की ओर से आश्वासन मिला कि गठबंधन के साथ सकारात्मक रवैया बनाए रखा जाएगा।

राजद सांसद के अनुसार, सभी दलों के बीच आगामी दिनों में तालमेल की रूपरेखा तय करने पर खुले मन से बातचीत हुई और किसी भी मुद्दे को नज़रअंदाज़ नहीं किया गया।

क्या होगा आगे

विपक्षी दलों का दबाव बढ़ने के साथ यह देखना होगा कि केंद्र सरकार उज्ज्वला योजना की सब्सिडी नीति पर कोई पुनर्विचार करती है या नहीं। इंडिया ब्लॉक के एकजुट होने की स्थिति में यह मुद्दा संसद में भी उठाया जा सकता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि उस वर्ग के लिए सीधा आर्थिक झटका है जिसके नाम पर यह योजना बनाई गई थी। विपक्ष का शोर तो हर बजट के बाद उठता है, लेकिन असली सवाल यह है कि एलपीजी की बढ़ती कीमतों के बीच सब्सिडी की यह कटौती ग्रामीण और अर्ध-शहरी परिवारों को 'स्वच्छ ईंधन' से वापस चूल्हे की ओर धकेल रही है या नहीं — इसका कोई सरकारी आकलन सार्वजनिक नहीं है। मनोज झा की आलोचना राजनीतिक है, लेकिन उनका यह सवाल नीतिगत जवाबदेही का है: क्या सरकार के पास यह डेटा है कि कितने लाभार्थी परिवार अब भी नियमित रूप से एलपीजी का उपयोग कर रहे हैं?
RashtraPress
26 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

उज्ज्वला योजना में सब्सिडी कितनी घटाई गई है?
उज्ज्वला योजना के तहत सालाना सब्सिडी अब सिर्फ 4 सिलेंडरों पर मिलेगी। योजना की शुरुआत में यह संख्या 12 थी, जिसे पहले घटाकर 9 और फिर 4 कर दिया गया है।
मनोज झा ने उज्ज्वला योजना पर क्या कहा?
राजद सांसद मनोज झा ने कहा कि सरकार जनता के हितों से विमुख हो चुकी है और मध्यम व निम्न मध्यम वर्गीय परिवारों में हाहाकार मचा हुआ है। उन्होंने सरकार से आग्रह किया कि वह आम लोगों के बीच जाकर हकीकत जाने और द्विपक्षीय संवाद स्थापित करे।
उज्ज्वला योजना क्या है और इसका उद्देश्य क्या था?
उज्ज्वला योजना केंद्र सरकार की एक पहल है, जिसका उद्देश्य गरीब परिवारों — विशेषकर महिलाओं — को मुफ्त एलपीजी कनेक्शन और सब्सिडी प्रदान करना था, ताकि वे धुएँ से मुक्त स्वच्छ ईंधन का उपयोग कर सकें।
इंडिया ब्लॉक की बैठक पर मनोज झा का क्या कहना था?
मनोज झा ने इंडिया ब्लॉक की हालिया बैठक को 'सार्थक' बताया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने गठबंधन के साथ सकारात्मक रवैया बनाए रखने का आश्वासन दिया और सभी दलों के बीच खुले मन से चर्चा हुई।
सब्सिडी कटौती का आम परिवारों पर क्या असर पड़ेगा?
आलोचकों का कहना है कि एलपीजी की बढ़ती कीमतों के बीच सब्सिडी में यह कटौती मध्यम वर्गीय और निम्न मध्यम वर्गीय परिवारों के घरेलू बजट पर सीधा दबाव डालेगी। जो परिवार पहले 12 सब्सिडाइज़्ड सिलेंडर पाते थे, उन्हें अब शेष सिलेंडर बाज़ार मूल्य पर खरीदने होंगे।
राष्ट्र प्रेस
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