यूपी चुनाव 2027: चित्रकूट की दोनों सीटों पर अलग राजनीति, सपा के पास चित्रकूट तो मानिकपुर में अपना दल
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश के चित्रकूट जिले की दोनों विधानसभा सीटों — चित्रकूट और मानिकपुर — पर 2022 के विधानसभा चुनाव में अलग-अलग दलों ने बाजी मारी। जहाँ चित्रकूट सीट पर समाजवादी पार्टी (सपा) का परचम लहराया, वहीं मानिकपुर सीट पर अपना दल (सोनेलाल) ने अपनी पकड़ बनाए रखी। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 नजदीक आते ही इन दोनों सीटों की राजनीतिक स्थिति एक बार फिर चर्चा में है।
चित्रकूट विधानसभा सीट: सपा का गढ़
चित्रकूट विधानसभा सीट उत्तर प्रदेश की 403 सीटों में से 236वीं सीट है। यह एक सामान्य (अनारक्षित) सीट है, जहाँ 2022 के चुनाव में लगभग 3,75,123 पंजीकृत मतदाता थे।
इस सीट से मौजूदा विधायक अनिल प्रधान हैं, जो समाजवादी पार्टी (सपा) से संबंध रखते हैं। उन्होंने 2022 के चुनाव में 1,04,771 वोट हासिल करके भारतीय जनता पार्टी (BJP) के प्रत्याशी चंद्रिका प्रसाद उपाध्याय को 20,876 वोटों के अंतर से पराजित किया था। इस सीट पर मतदान प्रतिशत लगभग 64.66% रहा था।
मानिकपुर विधानसभा सीट: अपना दल की पकड़
मानिकपुर विधानसभा सीट उत्तर प्रदेश की 403 सीटों में से 237वीं सीट है। यह भी एक सामान्य (अनारक्षित) सीट है, जहाँ 2022 के चुनाव में लगभग 3,38,989 पंजीकृत मतदाता थे।
इस सीट के मौजूदा विधायक अविनाश चंद्र द्विवेदी हैं, जो अपना दल (सोनेलाल) के टिकट पर जीते। उन्होंने 73,132 वोट प्राप्त कर समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी वीर सिंह पटेल को महज 1,048 वोटों के अत्यंत संकरे अंतर से हराया था। इस सीट पर मतदान प्रतिशत लगभग 61.38% रहा।
गौरतलब है कि मानिकपुर की जीत का यह फासला इतना कम था कि इसे किसी भी दल के लिए पूरी तरह सुरक्षित सीट नहीं माना जा सकता — 2027 में यहाँ कड़ा मुकाबला देखने को मिल सकता है।
चित्रकूट का ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व
चित्रकूट का शाब्दिक अर्थ 'अनेक चमत्कारों की पहाड़ी' है। यह क्षेत्र उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश की सीमा पर उत्तरी विंध्य पर्वत श्रृंखला में स्थित है। चित्रकूट जिले का गठन 4 सितंबर 1998 को हुआ था।
रामायण महाकाव्य के अनुसार, भगवान राम ने अपने वनवास का अधिकांश समय यहीं व्यतीत किया था। यह वही पावन स्थान है जहाँ भाई भरत उनसे मिलने आए थे और उन्हें अयोध्या लौटकर राज्य सँभालने का अनुरोध किया था। कामद गिरि, हनुमानधारा, जानकी कुंड, लक्ष्मण पहाड़ी और देवंगना जैसे प्रसिद्ध धार्मिक स्थल इस पर्वतमाला की शोभा बढ़ाते हैं।
2027 के लिए राजनीतिक समीकरण
यह ऐसे समय में उल्लेखनीय है जब उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव की तैयारियाँ सभी दल शुरू कर चुके हैं। चित्रकूट सीट पर सपा की जीत का अंतर (20,876 वोट) तुलनात्मक रूप से आरामदेह रहा, लेकिन मानिकपुर में अपना दल की 1,048 वोटों की जीत किसी भी पार्टी के लिए इसे 'सुरक्षित' घोषित करने की गुंजाइश नहीं छोड़ती।
दोनों सीटों पर गठबंधन की रणनीति और प्रत्याशी चयन 2027 के नतीजों में निर्णायक भूमिका निभाएगा।