यूपी एमएलसी चुनाव 2026: भाजपा ने 4 सीटें जीतीं, वाराणसी शिक्षक सीट पर सपा का लाल बिहारी यादव विजयी
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश विधान परिषद के शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्र चुनाव 2026 में 28 अक्टूबर को जारी मतगणना में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने अब तक चार सीटों पर जीत दर्ज की है, जबकि समाजवादी पार्टी (सपा) ने वाराणसी शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में बाज़ी मारी। यह चुनाव 11 सीटों — पाँच स्नातक और छह शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों — के लिए 23 अक्टूबर को हुआ था, जिसमें 14.81 लाख से अधिक मतदाताओं ने मतदान किया। विधानसभा चुनाव से पहले सियासी माहौल के आकलन की दृष्टि से इस चुनाव को अत्यंत महत्त्वपूर्ण माना जा रहा है।
मुख्य परिणाम और जीत का विवरण
मेरठ-सहारनपुर खंड की शिक्षक और स्नातक दोनों सीटों पर भाजपा ने अपना कब्ज़ा बरकरार रखा। शिक्षक सीट पर भाजपा प्रत्याशी श्रीचंद शर्मा ने 18,099 वोट हासिल कर जीत दर्ज की, जबकि स्नातक सीट पर भाजपा के दिनेश गोयल 24,928 वोटों के साथ विजयी रहे।
लखनऊ शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा के उमेश द्विवेदी ने लगातार तीसरी बार जीत दर्ज कर हैट्रिक लगाई। जीत के बाद उन्होंने कहा, 'मैं अपने सभी आदरणीय शिक्षकों और मतदाता मित्रों के प्रति आभार और धन्यवाद व्यक्त करता हूँ। मुझ पर अपना विश्वास जताने के लिए मैं भारतीय जनता पार्टी, पीएम मोदी, सीएम योगी और पार्टी के लाखों कार्यकर्ताओं तथा पदाधिकारियों का हृदय से धन्यवाद करता हूँ।'
बरेली-मुरादाबाद शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा के डॉ. हरि सिंह ढिल्लों ने भी जीत हासिल की।
दूसरी ओर, वाराणसी शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में सपा के लाल बिहारी यादव विजयी रहे। जीत के बाद यादव ने दावा किया कि भाजपा द्वारा दोनों सीटें जीतने के वादे खोखले साबित हुए हैं और शिक्षकों ने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव पर भरोसा जताया है।
आगरा में मतगणना स्थल पर विवाद
आगरा शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में मतगणना के दौरान सपा प्रत्याशी आकाश अग्रवाल ने आरोप लगाया कि मतगणना स्थल पर उनके साथ मारपीट की गई और उनका कुर्ता फाड़ दिया गया। उन्होंने इसके लिए भाजपा समर्थकों को जिम्मेदार ठहराया। घटना के बाद मतगणना स्थल पर तनाव बढ़ गया।
भाजपा कार्यकर्ताओं ने आरोपों को खारिज करते हुए दावा किया कि आकाश अग्रवाल ने खुद अपना कुर्ता फाड़ा है। पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार ने कहा कि दोनों पक्ष एक-दूसरे पर मारपीट के आरोप लगा रहे हैं। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी तक नहीं हो सकी है।
गोरखपुर में सपा का मतगणना बहिष्कार
गोरखपुर-फैजाबाद खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र की मतगणना गोरखपुर विश्वविद्यालय के वाणिज्य विभाग में कराई जा रही है। यहाँ सपा ने कथित धांधली का आरोप लगाते हुए मतगणना का बहिष्कार कर दिया।
सपा नेताओं ने आरोप लगाया कि प्रशासनिक अधिकारी और पर्यवेक्षक कथित तौर पर भाजपा प्रत्याशी को लाभ पहुँचाने का प्रयास कर रहे हैं। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और प्रशासन की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया फिलहाल सामने नहीं आई है।
स्नातक सीटों पर स्थिति
इलाहाबाद-झाँसी खंड स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में पाँचवें चक्र की मतगणना के बाद सपा प्रत्याशी डॉ. मानसिंह यादव ने बढ़त बना ली है। लखनऊ स्नातक सीट पर सपा प्रत्याशी कांति सिंह शुरुआती दौर से आगे चल रही हैं।
वाराणसी स्नातक सीट पर सपा के आशुतोष सिन्हा और भाजपा के केदार सिंह के बीच कड़ा मुकाबला है। प्रथम वरीयता के मतों की गिनती शुरू हो चुकी है और इस सीट का परिणाम आज आने की संभावना है।
क्या होगा आगे
शेष सीटों पर मतगणना जारी है। 152 प्रत्याशियों की किस्मत का फैसला 14.81 लाख से अधिक मतदाताओं के मतों की अंतिम गिनती के बाद होगा। गौरतलब है कि यह चुनाव उत्तर प्रदेश के आगामी विधानसभा चुनाव से पहले दोनों प्रमुख दलों की जमीनी ताकत का एक अहम पैमाना माना जा रहा है। अंतिम नतीजे सामने आने के बाद ही सभी 11 सीटों पर राजनीतिक समीकरण पूरी तरह स्पष्ट होंगे।