यूपी के 1,565 पीएम श्री स्कूलों में नवंबर में 'मेरा गांव–मेरा विद्यालय' कार्यक्रम, ₹46.95 लाख का बजट
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में राज्य सरकार ने प्रदेश के 1,565 पीएम श्री स्कूलों में नवंबर 2026 में 'मेरा गांव–मेरा विद्यालय' कार्यक्रम आयोजित करने की घोषणा की है। इस पहल के लिए ₹46.95 लाख की वित्तीय सीमा निर्धारित की गई है, जिसका उद्देश्य विद्यालयों को स्थानीय समुदाय, अभिभावकों और ग्राम पंचायतों से जोड़कर शिक्षा के परिवेश को सामाजिक रूप से सशक्त बनाना है।
कार्यक्रम का उद्देश्य और स्वरूप
'मेरा गांव–मेरा विद्यालय' कार्यक्रम के माध्यम से पीएम श्री स्कूलों को उनके सामाजिक परिवेश से जोड़ने, बच्चों की प्रतिभा को मंच देने और अभिभावकों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है। यह पहल विद्यालय, परिवार और ग्राम समुदाय की त्रिस्तरीय साझेदारी पर आधारित है, जो बच्चों के नामांकन, ठहराव और सीखने की गुणवत्ता को बेहतर बनाने की दिशा में काम करेगी।
गौरतलब है कि पीएम श्री स्कूल केंद्र सरकार की उस प्रमुख योजना के तहत विकसित किए जा रहे हैं जिसमें मौजूदा सरकारी स्कूलों को उत्कृष्टता के केंद्र के रूप में उन्नत किया जाता है। उत्तर प्रदेश में इन स्कूलों की संख्या 1,565 है, जो देश के सबसे बड़े राज्यों में से एक होने के नाते शिक्षा सुधार की दृष्टि से महत्वपूर्ण है।
सहभागिता का दायरा
कार्यक्रम में अभिभावकों, विद्यालय प्रबंध समिति के सदस्यों, ग्राम पंचायत प्रतिनिधियों, स्थानीय जनप्रतिनिधियों, सेवानिवृत्त अधिकारियों-कर्मचारियों, शिक्षकों और अन्य स्थानीय प्रभावशाली व्यक्तियों को एक साझा मंच पर लाया जाएगा। इस व्यापक समावेशन से सामुदायिक स्वामित्व की भावना को बल मिलने की उम्मीद है।
यह ऐसे समय में आया है जब देशभर में स्कूल छोड़ने की दर और सीखने के स्तर पर चिंताएँ बनी हुई हैं। सामुदायिक सहभागिता को शैक्षिक नीति-निर्माताओं द्वारा इन चुनौतियों के प्रभावी समाधानों में से एक माना जाता रहा है।
आयोजन की गतिविधियाँ
कार्यक्रम के दौरान रैली/प्रभातफेरी, नाटक एवं कहानी-वाचन, पोस्टर एवं कलाकृतियों की प्रदर्शनी तथा खेल प्रतियोगिताएँ आयोजित की जाएंगी। इसके साथ ही हस्ताक्षर अभियान और सेल्फी पॉइंट जैसी गतिविधियों के ज़रिए बच्चों, अभिभावकों और ग्रामीणों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।
उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को अतिथियों द्वारा सम्मानित किए जाने का प्रावधान भी रखा गया है, जिससे बच्चों में उपलब्धि के प्रति उत्साह और आत्मविश्वास को प्रोत्साहन मिलेगा। कार्यक्रम में बाल अधिकारों के समर्थन में एक विशेष हस्ताक्षर अभियान भी चलाया जाएगा, जो अभिभावकों और ग्रामीणों को बच्चों के अधिकारों के प्रति जागरूक करेगा।
सरकार और प्रशासन की प्रतिक्रिया
राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) बेसिक शिक्षा संदीप सिंह ने कहा कि पीएम श्री स्कूलों को समुदाय से जोड़ना सरकार की प्राथमिकता है और यह कार्यक्रम विद्यालय, अभिभावक तथा ग्राम समुदाय मिलकर बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव रखेंगे।
महानिदेशक, स्कूल शिक्षा मोनिका रानी ने कहा कि विद्यालय और समुदाय की सहभागिता से बच्चों की शिक्षा को नई ऊर्जा मिलेगी और इस कार्यक्रम की गतिविधियों से बच्चों की प्रतिभा, सीखने और आगे बढ़ने के अवसरों को प्रोत्साहित किया जाएगा।
आगे की राह
नवंबर में होने वाले इस आयोजन से पहले सभी 1,565 पीएम श्री स्कूलों में तैयारियाँ शुरू होने की उम्मीद है। समुदाय को समग्र शिक्षा से जुड़ी विभिन्न योजनाओं की जानकारी भी इस अवसर पर दी जाएगी। यह पहल यदि सफलतापूर्वक लागू होती है, तो इसे अन्य सरकारी स्कूलों के लिए एक मॉडल के रूप में देखा जा सकता है।