राज्यपाल ने बच्चों के गुणवत्तापूर्ण शिक्षा हेतु नामांकन बढ़ाने पर दिया जोर
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लखनऊ, 13 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को जन भवन में 05.17 करोड़ रुपये की लागत से बने आदर्श माध्यमिक विद्यालय का उद्घाटन किया।
राज्यपाल ने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि जब उन्हें पहली बार मध्य प्रदेश का राज्यपाल बनाया गया, तब उन्होंने अपने दायित्वों को समझने के लिए लगातार प्रयास किए। इस दौरान उन्हें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मार्गदर्शन मिला, जिनकी प्रेरणा से उन्होंने शिक्षा की गुणवत्ता, NAAC मूल्यांकन और आंगनबाड़ियों के सशक्तीकरण जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में कार्य प्रारंभ किया। प्रधानमंत्री की सोच के अनुसार आंगनबाड़ियों को मजबूत करना बहुत आवश्यक है, क्योंकि वहां वंचित वर्ग के बच्चे आते हैं और उनके समग्र विकास के लिए विशेष प्रयास किए जाने चाहिए।
आनंदीबेन पटेल ने बताया कि राज्य सरकार ने कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व के सहयोग से विद्यालय का निर्माण किया और जन जागरूकता अभियानों के माध्यम से नामांकन में उल्लेखनीय वृद्धि हुई। उन्होंने खुशी व्यक्त की कि वर्तमान में विद्यालय में लगभग 450 विद्यार्थी पढ़ाई कर रहे हैं। उन्होंने निर्देश दिया कि विद्यालय में उपलब्ध उत्कृष्ट सुविधाओं का अधिकतम लाभ विद्यार्थियों तक पहुंचाया जाए और भविष्य में आवश्यकता पड़ने पर दो पालियों में शिक्षण कार्य संचालित कर नामांकन को 1000 तक बढ़ाने का लक्ष्य रखा जाए, ताकि अधिक बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सके।
उन्होंने कहा कि जन भवन में न केवल शैक्षणिक गतिविधियां, बल्कि खेल और सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों को भी समान महत्व दिया जा रहा है। यहां अधिकारियों, कर्मचारियों और बच्चों द्वारा सामूहिक रूप से विभिन्न खेलों और गतिविधियों में भाग लिया जाता है, जिससे स्वास्थ्य और टीम भावना का विकास होता है। उन्होंने बताया कि प्रतिवर्ष आयोजित खेल प्रतियोगिताओं में बड़ी संख्या में लोग भाग लेते हैं, जिससे स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा मिलता है। उन्होंने यह भी कहा कि जन भवन परिसर सभी के लिए खुला है और यहां विभिन्न आयु वर्ग के लोग आकर गतिविधियों में भाग लेते हैं।
राज्यपाल ने बताया कि जन भवन में रहने वाले लोगों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए जन भवन परिसर स्थित आनंदा अस्पताल में आधुनिक मशीनों की व्यवस्था की गई है, जिसका लाभ बड़ी संख्या में लोग ले रहे हैं। ऐसे प्रयास समाज के समग्र कल्याण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने आंगनबाड़ियों के सशक्तीकरण के लिए जारी प्रयासों का उल्लेख करते हुए बताया कि विश्वविद्यालयों और CSR के सहयोग से प्रदेश की आंगनबाड़ियों को मजबूत किया जा रहा है और यह कार्य निरंतर जारी रहेगा।
उन्होंने अपने गुजरात के अनुभव को साझा करते हुए बताया कि किस प्रकार प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में वहां शिक्षा और विकास के क्षेत्र में व्यापक परिवर्तन संभव हुआ। इसी प्रेरणा से उत्तर प्रदेश में भी शिक्षा और सामाजिक विकास के क्षेत्र में अनेक नवाचार किए जा रहे हैं। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि मध्य प्रदेश में अपने कार्यकाल के दौरान भी उन्होंने शिक्षा और संस्थागत विकास के क्षेत्र में महत्वपूर्ण पहल की थी।
राज्यपाल ने कहा कि जन भवन स्थित गौशाला में रह रही गायों के साथ जन भवन में रहने वाले अधिकारियों, कर्मचारियों और बच्चों का भावनात्मक जुड़ाव बढ़ाने के लिए विशेष प्रयास किए गए हैं। जन भवन में रहने वाले सभी लोग, बच्चे और कर्मचारी नियमित रूप से गौशाला में जाकर गायों के प्रति स्नेह प्रकट करते हैं और उन्हें गुड़ और रोटी खिलाते हैं, जिससे उनमें संवेदनशीलता और सेवा भाव का विकास हो रहा है। राज्यपाल ने कहा कि शिक्षा, समाज और शासन के समन्वित प्रयासों से ही प्रदेश और देश का समग्र विकास संभव है।
उन्होंने समाज के सहयोग से बच्चों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने की आवश्यकता पर बल दिया और सभी से आह्वान किया कि वे राष्ट्र निर्माण में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएं।