UP TGT परीक्षा 2026: प्रयागराज में 3-4 जून को दो पालियों में परीक्षा, 614 केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग (UPESSC) की प्रशिक्षित स्नातक शिक्षक (TGT) भर्ती परीक्षा 3 और 4 जून को दो पालियों में आयोजित की जा रही है, जिसके लिए प्रयागराज सहित प्रदेश के 36 जनपदों में कुल 614 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। बुधवार सुबह से ही प्रयागराज के केंद्रों पर अभ्यर्थियों की भीड़ जुटनी शुरू हो गई, और प्रशासन ने नकल-मुक्त परीक्षा सुनिश्चित करने के लिए पुख्ता सुरक्षा इंतज़ाम किए हैं।
मुख्य घटनाक्रम
आयोग ने कुल 3,539 पदों के लिए यह भर्ती निकाली है, जिसके लिए रिकॉर्ड 8,68,531 अभ्यर्थियों ने आवेदन किया है — यानी प्रति पद औसतन लगभग 245 दावेदार। यह आँकड़ा प्रदेश में शिक्षक भर्ती की भारी प्रतिस्पर्धा और रोज़गार के दबाव की ओर इशारा करता है।
सुरक्षा और प्रवेश व्यवस्था
परीक्षा केंद्रों पर मोबाइल फोन, ब्लूटूथ डिवाइस और डिजिटल घड़ियों जैसी सभी इलेक्ट्रॉनिक सामग्रियों पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है। अभ्यर्थियों को केंद्र में प्रवेश से पहले बायोमैट्रिक सत्यापन, मूल पहचान-पत्र और प्रवेश पत्र की जाँच से गुज़रना अनिवार्य है।
केंद्र पर व्यवस्था सम्भाल रहे शिक्षक विश्वनाथ मिश्र ने बताया, ‘यूपीईएसएससी की ओर से बुधवार और गुरुवार को टीजीटी की परीक्षा कराई जाएगी। दो-दो पालियों में परीक्षाएं संचालित होंगी। हमारी सबसे पहली प्राथमिकता यह है कि परीक्षा देने आ रहे अभ्यर्थियों के पास मूल आईडी और प्रवेश पत्र — ये दोनों चीजें होनी चाहिए। इसके अलावा, बायोमैट्रिक भी कराई जा रही है। तभी अभ्यर्थियों को परीक्षा हॉल में भेजा जा रहा है।’
अभ्यर्थियों की प्रतिक्रिया
जौनपुर से प्रयागराज पहुँचे एक अभ्यर्थी ने कहा, ‘मैं परीक्षा को लेकर अपनी तैयारी ठीक से करके आया हूं। परीक्षा केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था है। अंदर किसी भी इलेक्ट्रॉनिक सामान को ले जाने की सख्त मनाही है।’ एक अन्य अभ्यर्थी ने केंद्र की व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए कहा कि प्रशासन की टीमें मौजूद हैं ताकि ‘नकल-विहीन परीक्षा’ सुनिश्चित हो सके।
क्यों मायने रखती है यह परीक्षा
यह परीक्षा ऐसे समय में हो रही है जब उत्तर प्रदेश में पिछली शिक्षक भर्ती परीक्षाओं को लेकर पेपर लीक और रद्दीकरण के विवाद सामने आते रहे हैं। गौरतलब है कि 2024 में राज्य की कई प्रतियोगी परीक्षाओं को सुरक्षा खामियों के चलते दोबारा आयोजित करना पड़ा था — इसी पृष्ठभूमि में बायोमैट्रिक और इलेक्ट्रॉनिक-प्रतिबंध जैसे कड़े नियम लागू किए गए हैं।
क्या होगा आगे
परीक्षा का दूसरा दिन 4 जून को निर्धारित है, जिसमें भी दो पालियों में पेपर आयोजित होंगे। उत्तर कुंजी और परिणाम की तिथियों की औपचारिक घोषणा आयोग की ओर से बाद में की जाएगी।