प्रयागराज में TGT परीक्षा 2026 का दूसरा दिन शांतिपूर्ण, केंद्रों पर बायोमैट्रिक और कड़ी सुरक्षा
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग द्वारा आयोजित TGT (प्रशिक्षित स्नातक शिक्षक) परीक्षा 2026 के दूसरे दिन 4 जून को प्रयागराज के सभी परीक्षा केंद्रों पर परीक्षा शांतिपूर्ण और पारदर्शी ढंग से संपन्न करायी जा रही है। यह परीक्षा 3 और 4 जून 2026 को दो पालियों में आयोजित हो रही है, जिसमें नकल रोकने के लिए बायोमैट्रिक उपस्थिति और गहन तलाशी जैसे सख्त इंतजाम लागू किए गए हैं।
परीक्षा केंद्रों पर सुबह से ही जुटे अभ्यर्थी
गुरुवार सुबह से ही परीक्षा केंद्रों के बाहर अभ्यर्थियों की भीड़ जुटनी शुरू हो गई थी। केंद्रों तक पहुँचे छात्र-छात्राओं के चेहरों पर जहाँ परीक्षा को लेकर हल्की घबराहट थी, वहीं तैयारी का आत्मविश्वास भी साफ झलक रहा था। प्रवेश पत्र में अंकित नियमों के तहत मोबाइल फोन, ब्लूटूथ डिवाइस और डिजिटल घड़ियों जैसी सभी इलेक्ट्रॉनिक वस्तुओं को परीक्षा कक्ष में ले जाने पर पूर्ण प्रतिबंध है।
नकल-मुक्त परीक्षा के लिए कड़े इंतजाम
परीक्षा को निष्पक्ष और नकल-मुक्त बनाने के लिए केंद्रों पर बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई है। अभ्यर्थियों के लिए ओरिजिनल पहचान-पत्र और प्रवेश पत्र साथ लाना अनिवार्य है, और तलाशी के बाद बायोमैट्रिक सत्यापन के माध्यम से ही उन्हें परीक्षा कक्ष तक प्रवेश दिया जा रहा है।
केंद्र व्यवस्था में तैनात अध्यापक विश्वनाथ मिश्र ने राष्ट्र प्रेस को बताया कि आयोग द्वारा दोनों पालियों में परीक्षा का सुचारु संचालन किया जा रहा है। उन्होंने कहा, ‘अभ्यर्थियों के पास ओरिजिनल आईडी और प्रवेश पत्र होना अनिवार्य है। तलाशी और बायोमैट्रिक उपस्थिति के बाद ही उन्हें कक्ष तक भेजा जा रहा है।’
अभ्यर्थियों की प्रतिक्रिया
TGT अंग्रेज़ी की परीक्षा देने पहुँचीं अभ्यर्थी महिमा ने कहा कि केंद्र पर व्यवस्था सही ढंग से की गई है और इलेक्ट्रॉनिक सामग्री अंदर ले जाने पर पूरी तरह रोक है। एक अन्य अभ्यर्थी जितेंद्र कुमार पटेल ने बताया, ‘तैयारी अच्छी है, अब देखना है कि पेपर कैसा जाता है।’ एक अन्य अभ्यर्थी ने कहा कि यह परीक्षा लगभग चार वर्ष बाद आयोजित हो रही है, ऐसे में उम्मीद है कि यह बिना किसी व्यवधान के संपन्न होगी।
लंबे इंतज़ार के बाद हो रही परीक्षा
गौरतलब है कि TGT भर्ती परीक्षा का आयोजन लंबे अंतराल के बाद हो रहा है, जिससे राज्य के लाखों अभ्यर्थियों की उम्मीदें जुड़ी हैं। उत्तर प्रदेश के सरकारी सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों में प्रशिक्षित स्नातक शिक्षकों के रिक्त पदों को भरने के लिहाज़ से इस परीक्षा को बेहद अहम माना जा रहा है। आयोग ने स्पष्ट किया है कि नियमों के उल्लंघन पर अभ्यर्थी की उम्मीदवारी रद्द की जा सकती है।
परीक्षा परिणाम और उत्तर कुंजी से जुड़ी आधिकारिक सूचनाएँ आयोग की वेबसाइट पर जारी की जाएँगी।