विकसित भारत बिल्डाथॉन 2025: प्रह्लाद जोशी 28 अक्टूबर को शीर्ष 10 टीमों को सम्मानित करेंगे, गिनीज रिकॉर्ड प्रमाण पत्र भी मिलेगा
सारांश
मुख्य बातें
केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी 28 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली में आयोजित एक विशेष समारोह में 'विकसित भारत बिल्डाथॉन 2025' (VBB 2025) के राष्ट्रीय विजेताओं को सम्मानित करेंगे। आधिकारिक बयान के अनुसार, यह प्रतियोगिता अब गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में 'सबसे बड़ी इनोवेशन सॉल्यूशन प्रतियोगिता' के रूप में दर्ज हो चुकी है, जिसमें 'आइडिया' और 'प्रोटोटाइप' दोनों ट्रैक्स के अंतर्गत कुल 2,87,967 प्रोजेक्ट सबमिट किए गए।
मुख्य कार्यक्रम और सम्मान समारोह
समारोह में जोशी राष्ट्रीय स्तर पर चयनित 10 विजेता टीमों एवं इनोवेटर्स को सम्मानित करेंगे। इन टीमों के क्रांतिकारी समाधान और प्रोटोटाइप मॉडल भी कार्यक्रम स्थल पर प्रदर्शित किए जाएंगे। इसी दौरान गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड का आधिकारिक प्रमाण पत्र सौंपने का समारोह भी आयोजित किया जाएगा।
इस कार्यक्रम में शिक्षा राज्य मंत्री जयंत चौधरी, डीएसआईएल सचिव टी. के. अनिल कुमार, अतिरिक्त सचिव धीरज साहू, अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद (AICTE) के अध्यक्ष टी. जी. सीताराम, शिक्षा मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी, स्वायत्त निकायों के प्रतिनिधि और राज्यों तथा केंद्र शासित प्रदेशों के शिक्षा विभागों के प्रतिनिधि भी उपस्थित रहेंगे।
बिल्डाथॉन की संरचना और उद्देश्य
स्कूल शिक्षा और साक्षरता विभाग द्वारा अटल इनोवेशन मिशन (AIM), नीति आयोग और AICTE के सहयोग से आयोजित VBB 2025 की शुरुआत स्कूली छात्रों में रचनात्मक समस्या-समाधान, उद्यमिता और वैज्ञानिक जिज्ञासा को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से की गई थी। यह बिल्डाथॉन चार मुख्य स्तंभों — आत्मनिर्भर भारत, स्वदेशी, वोकल फॉर लोकल और समृद्ध भारत — पर केंद्रित है।
आधिकारिक बयान के अनुसार, यह पहल युवा छात्रों को केवल पाठ्यपुस्तक तक सीमित रहने वालों से आगे बढ़कर समस्या-समाधानकर्ता, पेटेंट धारक और भविष्य के उद्यमी बनने के लिए प्रेरित करती है — जो 'विकसित भारत' के दीर्घकालिक विजन की दिशा में एक ठोस कदम है।
उल्लास साक्षरता कार्यक्रम के दिशा-निर्देश भी जारी होंगे
इसी समारोह में शिक्षा मंत्रालय 'उल्लास-नव भारत साक्षरता कार्यक्रम' के अंतर्गत शिक्षक शिक्षा संस्थानों (TEI) के लिए नए दिशा-निर्देश भी जारी करेगा। यह कदम देशभर में शिक्षक प्रशिक्षण की गुणवत्ता को मानकीकृत करने की दिशा में उठाया जाएगा।
विशेष अभियान 6.0 और ई-वेस्ट जागरूकता
बयान के अनुसार, 'विशेष अभियान 6.0' के तहत मंत्रालय के दोनों विभागों — स्कूल शिक्षा और साक्षरता विभाग तथा उच्च शिक्षा विभाग — द्वारा ई-वेस्ट के प्रति जागरूकता फैलाने और ई-वेस्ट संग्रह के प्रयासों को भी इस कार्यक्रम में उजागर किया जाएगा। यह ऐसे समय में आया है जब देश भर में इलेक्ट्रॉनिक कचरे की बढ़ती समस्या को लेकर नीतिगत सक्रियता बढ़ रही है।
आगे की राह
गौरतलब है कि VBB 2025 का गिनीज रिकॉर्ड में दर्ज होना भारत के स्कूल इनोवेशन पारिस्थितिकी तंत्र की बढ़ती ताकत का प्रमाण है। आने वाले समय में इस मॉडल को और व्यापक बनाने की योजना है, जिससे अधिक से अधिक छात्र 'विकसित भारत' के निर्माण में भागीदार बन सकें।