वांगचुक आंदोलन पर TMC का हमला: सौगत रॉय बोले — केंद्र घबराई, लोकतंत्र पर चोट
सारांश
मुख्य बातें
तृणमूल कांग्रेस (TMC) के वरिष्ठ सांसद सौगत रॉय ने 18 जुलाई को एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक को अनशन स्थल से अस्पताल ले जाए जाने की घटना को 'दुर्भाग्यपूर्ण' करार दिया। उन्होंने कहा कि वांगचुक अपने मुद्दों के लिए बहादुरी से संघर्ष कर रहे थे और केंद्र सरकार उनके आंदोलन से स्पष्ट रूप से घबरा गई है।
वांगचुक मामले पर सौगत रॉय की प्रतिक्रिया
सौगत रॉय ने कहा कि यदि यह कार्रवाई हाईकोर्ट के आदेश पर आधारित है तो उस पर सीधी टिप्पणी करना उचित नहीं होगा। हालाँकि, उन्होंने वांगचुक की शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की माँग का समर्थन किया और कहा कि इस माँग को नज़रअंदाज़ नहीं किया जाना चाहिए। उनके अनुसार, केंद्र की यह कार्रवाई एक शांतिपूर्ण आंदोलन को कुचलने की कोशिश जैसी प्रतीत होती है।
TMC सांसद सागरिका घोष का केंद्र पर सीधा हमला
TMC सांसद सागरिका घोष ने भी वांगचुक प्रकरण को लेकर केंद्र सरकार पर तीखा प्रहार किया। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार वांगचुक के शांतिपूर्ण आंदोलन से डरी हुई थी और इसीलिए उन्हें अस्पताल भेजा गया। सागरिका घोष ने बताया कि वे स्वयं संसद मार्च में शामिल होने वाली थीं। उन्होंने इस पूरे घटनाक्रम को 'लोकतंत्र और जनता के अधिकारों पर हमला' बताया।
सागरिका घोष ने कहा कि TMC संसद में जनता से जुड़े मुद्दों को उठाती रहेगी। उन्होंने NEET परीक्षा और राम मंदिर से जुड़े कथित मामलों का उल्लेख करते हुए कहा कि केंद्र सरकार को जवाबदेही से बचने नहीं दिया जाएगा।
वंदे मातरम विधेयक पर TMC का रुख
केंद्र सरकार द्वारा प्रस्तावित 'राष्ट्रीय सम्मान के अपमान की रोकथाम (संशोधन) विधेयक, 2026' पर सौगत रॉय ने सकारात्मक रुख दिखाया। उन्होंने कहा कि 'वंदे मातरम' देश का राष्ट्रीय गीत है और जिस प्रकार राष्ट्रगान की रक्षा के लिए कानून है, उसी तरह राष्ट्रीय गीत के लिए भी कानूनी प्रावधान होना चाहिए। उन्होंने संकेत दिया कि पार्टी इस मुद्दे पर सकारात्मक रुख रखती है।
शहीद दिवस और अमित शाह के दौरे पर प्रतिक्रिया
21 जुलाई को कोलकाता में होने वाले TMC के शहीद दिवस कार्यक्रम की तैयारियों के बारे में सौगत रॉय ने कहा कि पार्टी पूरी तरह तैयार है और राज्यभर से बड़ी संख्या में कार्यकर्ता पहुँचेंगे। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के पश्चिम बंगाल दौरे पर उन्होंने कहा कि उन्हें दौरे के उद्देश्य की पूरी जानकारी नहीं है, लेकिन साथ ही भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर आरोप लगाया कि उसके कार्यकर्ता कई जगहों पर गुंडागर्दी कर रहे हैं।
आगे क्या
वांगचुक के अस्पताल में भर्ती होने के बाद उनके समर्थकों की माँगें और विपक्षी दलों का दबाव बढ़ने की संभावना है। TMC ने स्पष्ट किया है कि वह संसद में इस मुद्दे को उठाना जारी रखेगी। यह घटनाक्रम ऐसे समय में आया है जब 21 जुलाई के शहीद दिवस से पहले पश्चिम बंगाल की राजनीति पहले से ही गर्म है।