वाशिम में गांजे की अवैध खेती उजागर: 15 किलो से अधिक जब्त, 70 वर्षीय किसान हिरासत में
सारांश
मुख्य बातें
महाराष्ट्र के वाशिम जिले में पुलिस ने 3 नवंबर 2026 को मानोरा तहसील के रतनवाड़ी गांव स्थित एक खेत पर छापेमारी कर 15 किलो 225 ग्राम गांजा जब्त किया। इस मादक पदार्थ की अनुमानित बाज़ार कीमत ₹2 लाख 26 हज़ार 500 रुपये बताई जा रही है। मामले में 70 वर्षीय किसान नारायण किसन व्यवहारे को हिरासत में लिया गया है।
कैसे हुआ खुलासा
पुलिस को एक मुखबीर से गुप्त सूचना मिली थी कि रतनवाड़ी गांव के एक खेत में अवैध रूप से गांजे की खेती की जा रही है। सूचना की गंभीरता को देखते हुए तत्काल कार्रवाई की योजना बनाई गई। इसके बाद उपविभागीय पुलिस अधिकारी मनीष ठाकरे, थाना प्रभारी नैना पोहेकर और तहसीलदार राजेंद्र पाटील के नेतृत्व में पुलिस एवं राजस्व विभाग की एक संयुक्त टीम गठित की गई।
मुख्य घटनाक्रम
संयुक्त टीम ने सूचना के आधार पर संबंधित खेत पर दबिश दी, जहाँ गांजे की फसल खड़ी मिली। पुलिस ने मौके से 15 किलो 225 ग्राम गांजा बरामद कर जब्त कर लिया। खेत से जुड़े किसान नारायण किसन व्यवहारे को उसी समय हिरासत में ले लिया गया।
जांच की दिशा
पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश में जुटी है कि यह खेती कब से चल रही थी और इसके पीछे किसी अन्य व्यक्ति या संगठित गिरोह की संलिप्तता तो नहीं है। अधिकारियों के अनुसार, जब्त गांजे की बिक्री की कोई योजना भी थी या नहीं, यह भी जांच का हिस्सा है। मानोरा पुलिस ने संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है।
पुलिस का बयान
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मुखबीर की सूचना के बाद टीम गठित कर कार्रवाई की गई और अब यह पता लगाया जा रहा है कि इस अवैध खेती में कितने लोग शामिल हैं। 70 वर्षीय किसान नारायण किसन व्यवहारे के बयान के आधार पर मामला दर्ज किया गया है। गौरतलब है कि महाराष्ट्र के ग्रामीण इलाकों में नारकोटिक्स ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंसेज (NDPS) एक्ट के तहत ऐसे मामलों में पुलिस को कड़ी कार्रवाई का अधिकार है।
आगे क्या होगा
जांच पूरी होने के बाद ही इस अवैध कारोबार से जुड़े अन्य तथ्यों का खुलासा हो सकेगा। यदि जांच में किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका सामने आती है, तो और गिरफ्तारियां संभव हैं।