यमुना सफाई अभियान: दिल्ली के 28 घाटों पर CM रेखा गुप्ता के निर्देश पर एक साथ उतरे BJP नेता और हजारों कार्यकर्ता
सारांश
मुख्य बातें
नई दिल्ली में 14 जून 2026 को दिल्ली सरकार के निर्देश पर 28 घाटों पर एक साथ 'मां यमुना नदी तट सफाई अभियान' चलाया गया, जिसमें मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की पूरी कैबिनेट, सातों सांसद, भारतीय जनता पार्टी (BJP) के विधायक, नगर निगम पार्षद और हजारों पार्टी कार्यकर्ता शामिल हुए। यह अभियान केवल एक सफाई कार्यक्रम नहीं, बल्कि दिल्ली सरकार की व्यापक सेवा मुहिम का हिस्सा बताया जा रहा है।
मुख्य घटनाक्रम
BJP विधायक सतीश उपाध्याय ने अभियान में भाग लेते हुए कहा कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में पूरी दिल्ली में स्वच्छता, वृक्षारोपण और आउटरीच कार्यक्रमों के ज़रिए समाज से जुड़ने के अभियान चलाए जा रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि 'यह कार्यक्रम केवल फोटो सेशन का नहीं है।'
केंद्रीय राज्य मंत्री एवं दिल्ली BJP अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी और CM रेखा गुप्ता के नेतृत्व वाली दिल्ली सरकार ने यमुना की सफाई की जिम्मेदारी उठाई है। उन्होंने बताया कि 28 अलग-अलग स्थानों पर कई स्वयंसेवी संस्थाएं भी इस काम में जुटी हैं।
प्रशासनिक तैयारी
शाहदरा उत्तर की डिप्टी कमिश्नर ममता यादव ने बताया कि मुख्यमंत्री के निर्देश पर नदी किनारे बसे जिलों में यह अभियान चलाया जा रहा है। उनके MCD ज़ोन में पाँच स्थानों पर प्रत्येक साइट पर 100 से अधिक कर्मचारी और 12-13 गाड़ियाँ तैनात की गई हैं।
नेताओं की भागीदारी
BJP सांसद योगेंद्र चंदोलिया ने कहा कि आज दिल्ली BJP अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा के नेतृत्व में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, पूरी कैबिनेट, दिल्ली के सभी सात सांसद, BJP विधायक, नगर निगम पार्षद और पार्टी के हजारों कार्यकर्ता यमुना सफाई अभियान के लिए एकजुट हुए हैं।
दिल्ली सरकार के मंत्री प्रवेश वर्मा ने आईटीओ हाथी घाट पर यमुना सफाई अभियान में सक्रिय भागीदारी की।
व्यापक संदर्भ
यमुना की सफाई दशकों से दिल्ली की राजनीति में एक संवेदनशील मुद्दा रही है। गौरतलब है कि यह अभियान ऐसे समय में आया है जब दिल्ली में नई सरकार के गठन के बाद यमुना पुनरुद्धार को प्राथमिकता सूची में ऊपर रखने का दावा किया जा रहा है। आलोचकों का कहना है कि इस तरह के एकदिवसीय अभियानों की सफलता दीर्घकालिक नीतिगत हस्तक्षेप और सीवेज प्रबंधन पर निर्भर करती है।
आगे की राह
दिल्ली सरकार के अनुसार, यह अभियान एक बार का कार्यक्रम नहीं है, बल्कि सेवा की व्यापक श्रृंखला का हिस्सा है जिसमें स्वच्छता और वृक्षारोपण के नियमित कार्यक्रम शामिल हैं। आने वाले समय में यमुना पुनरुद्धार की दिशा में ठोस नीतिगत कदमों पर सभी की निगाहें टिकी रहेंगी।