CWG 2026 के 10वें दिन भारत ने जीते 16 मेडल, 7 गोल्ड; PM मोदी ने की खिलाड़ियों की तारीफ
सारांश
मुख्य बातें
ग्लासगो में जारी कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 का 10वाँ दिन भारत के खेल इतिहास में सुनहरे अक्षरों में दर्ज हो गया, जब देश ने एक ही दिन में 16 मेडल — जिनमें 7 गोल्ड शामिल हैं — अपनी झोली में डाले। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर प्रत्येक पदक विजेता को व्यक्तिगत रूप से बधाई देते हुए उनके जज़्बे और समर्पण की सराहना की।
मुक्केबाज़ों का जलवा
दिन का सबसे बड़ा आकर्षण भारतीय मुक्केबाज़ रहे, जिन्होंने अकेले 10 पदक अपने नाम किए। सचिन सिवाच ने पुरुषों के 60 किग्रा बॉक्सिंग इवेंट में गोल्ड मेडल जीता। प्रधानमंत्री ने उन्हें बधाई देते हुए एक्स पर लिखा, "सचिन सिवाच ने ग्लासगो में गोल्ड मेडल जीता। पुरुषों के 60 किलोग्राम बॉक्सिंग इवेंट में मिली इस कामयाबी के लिए उन्हें बधाई। वह कई युवा बॉक्सर्स को प्रेरित करेंगे।"
महिला वर्ग में अरुंधति चौधरी ने 70 किग्रा इवेंट में गोल्ड जीतकर इतिहास रचा। प्रधानमंत्री ने लिखा, "अरुंधति चौधरी ने ग्लासगो गेम्स में महिलाओं के 70 किग्रा बॉक्सिंग इवेंट में शानदार गोल्ड मेडल जीतकर इतिहास रच दिया है। उन्होंने बेहतरीन तकनीक और अटूट आत्मविश्वास का प्रदर्शन किया।"
प्रिया घांगस ने महिलाओं के 60 किग्रा वर्ग में गोल्ड मेडल हासिल किया। मोदी ने उनकी 'बेहतरीन स्किल और मानसिक मजबूती' की तारीफ की। महिलाओं के 51 किग्रा वर्ग में साक्षी ने भी गोल्ड अपने नाम किया।
सिल्वर मेडल विजेता
महिला मुक्केबाज़ लवलीना बोरगोहेन ने 75 किग्रा वर्ग में रजत पदक जीता। प्रधानमंत्री ने कहा, "महिलाओं के 75 किलोग्राम बॉक्सिंग इवेंट में सिल्वर मेडल जीतने पर लवलीना बोरगोहेन पर गर्व है। उनका समर्पण और निरंतरता देश भर के एथलीटों को प्रेरित करते रहते हैं।" पुरुष 55 किग्रा वर्ग में जादुमनी सिंह मंडेंगबाम ने सिल्वर मेडल जीता, जिसे प्रधानमंत्री ने उनके 'साहस, अनुशासन और दृढ़ता का नतीजा' बताया।
पैरा-एथलेटिक्स में ऐतिहासिक उपलब्धि
सोमन राणा ने पुरुषों के शॉट पुट F57 इवेंट में गोल्ड मेडल जीतकर इस स्पर्धा में भारत का पहला कॉमनवेल्थ गोल्ड हासिल किया। प्रधानमंत्री ने लिखा, "सोमन राणा ने इतिहास रच दिया। इस शानदार जीत के साथ उन्होंने इस इवेंट में भारत के लिए पहला कॉमनवेल्थ गोल्ड मेडल हासिल किया है।" उसी इवेंट में शुभम जुयाल ने सिल्वर मेडल जीता। मोदी ने उनकी 'जबरदस्त तकनीक और खेल के प्रति समर्पण' को सराहा।
आगे क्या
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत का प्रदर्शन इस बार पिछले संस्करणों की तुलना में उल्लेखनीय रूप से मजबूत दिख रहा है। मुक्केबाज़ी और पैरा-एथलेटिक्स में एक साथ आई इस सफलता ने देश की खेल प्रतिभा की गहराई को उजागर किया है। प्रतियोगिता के शेष दिनों में भारतीय दल से और पदकों की उम्मीद बनी हुई है।