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गुरिंदरवीर सिंह का कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में निराशाजनक डेब्यू, 100 मीटर हीट्स में सेमीफाइनल से चूके

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गुरिंदरवीर सिंह का कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में निराशाजनक डेब्यू, 100 मीटर हीट्स में सेमीफाइनल से चूके

सारांश

राष्ट्रीय रिकॉर्ड धारक गुरिंदरवीर सिंह का पहला कॉमनवेल्थ गेम्स डेब्यू निराशाजनक रहा — 10.09 सेकंड का इतिहास रचने के बाद ग्लासगो में वे 10.39 सेकंड के साथ हीट्स में ही बाहर हो गए। अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतिस्पर्धा और घरेलू प्रदर्शन के बीच की खाई एक बार फिर उजागर हुई।

मुख्य बातें

गुरिंदरवीर सिंह कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 की 100 मीटर स्पर्धा के हीट्स में 28वें स्थान पर रहे और सेमीफाइनल से बाहर हो गए।
उनका समय 10.39 सेकंड रहा, जो क्वालीफिकेशन कट 10.24 सेकंड से 0.15 सेकंड अधिक था।
हीट 4 में जमैका के रोहन वॉटसन ( 10.13 सेकंड ) के बाद वे दूसरे स्थान पर रहे।
मई 2026 में रांची फेडरेशन कप में गुरिंदरवीर ने 10.09 सेकंड का राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाया था — 10.10 सेकंड बैरियर तोड़ने वाले पहले भारतीय पुरुष बने।
73 एथलीटों में से सबसे तेज़ 17 ही सेमीफाइनल में पहुँचे।

राष्ट्रीय रिकॉर्ड धारक गुरिंदरवीर सिंह कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 की पुरुषों की 100 मीटर स्पर्धा के हीट राउंड में सेमीफाइनल की दहलीज़ पार नहीं कर सके, जिससे 27 जुलाई को ग्लासगो में एथलेटिक्स प्रतियोगिता के पहले दिन भारत की पदक उम्मीदों को गहरा झटका लगा। यह गुरिंदरवीर का पहला कॉमनवेल्थ गेम्स था और उनसे बड़ी अपेक्षाएँ थीं।

हीट में क्या हुआ

हीट 4 में लेन पाँच से दौड़ते हुए 25 वर्षीय गुरिंदरवीर ने अच्छी शुरुआत की और रेस के शुरुआती चरण में जमैका के रोहन वॉटसन के साथ कदमताल बनाए रखी। हालाँकि, 9.91 सेकंड के व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ वाले वॉटसन ने अंतिम मीटरों में रफ़्तार बढ़ाई और 10.13 सेकंड में फिनिश लाइन पार की। गुरिंदरवीर 10.39 सेकंड के साथ हीट में दूसरे स्थान पर रहे।

रेस 1.9 मीटर/सेकंड की वैध टेलविंड के साथ हुई। 73 एथलीटों में से केवल सबसे तेज़ 17 ही अगले राउंड में आगे बढ़े। गुरिंदरवीर को 28वाँ स्थान मिला और वे सेमीफाइनल के लिए आवश्यक 10.24 सेकंड के क्वालीफिकेशन समय से 0.15 सेकंड पीछे रह गए।

राष्ट्रीय रिकॉर्ड की पृष्ठभूमि

ग्लासगो में यह प्रदर्शन इसलिए भी अप्रत्याशित रहा क्योंकि गुरिंदरवीर ने मई में रांची के फेडरेशन कप में भारतीय स्प्रिंटिंग इतिहास रच दिया था। पंजाब के इस धावक ने पहले सेमीफाइनल में 10.17 सेकंड का राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाया — अनिमेष कुजूर के 10.18 सेकंड के पिछले मार्क को पीछे छोड़ते हुए — और फिर फाइनल में इसे और बेहतर करके 10.09 सेकंड कर लिया।

इस प्रदर्शन के साथ गुरिंदरवीर 10.10 सेकंड का बैरियर तोड़ने वाले पहले भारतीय पुरुष धावक बन गए थे। उस उपलब्धि के बाद कॉमनवेल्थ गेम्स में पदक की उम्मीदें स्वाभाविक रूप से बढ़ गई थीं।

भारत पर असर

गुरिंदरवीर का हीट्स में ही बाहर होना भारतीय स्प्रिंट अभियान के लिए निराशाजनक शुरुआत है। यह ऐसे समय में आया है जब भारतीय एथलेटिक्स अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अपनी पहचान मज़बूत करने की कोशिश में है। गौरतलब है कि हीट में दूसरे स्थान पर रहने के बावजूद उनका समय समग्र क्वालीफिकेशन कट से कम रहा, जो प्रतियोगिता के ऊँचे स्तर को दर्शाता है।

आगे क्या

गुरिंदरवीर सिंह का कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में 100 मीटर अभियान समाप्त हो गया है। हालाँकि यह डेब्यू अपेक्षाओं पर खरा नहीं उतरा, 10.09 सेकंड का राष्ट्रीय रिकॉर्ड उनकी क्षमता का प्रमाण बना रहेगा। आने वाले अंतरराष्ट्रीय सत्र में वे इस अनुभव से सबक लेकर और मज़बूती से वापसी कर सकते हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन ग्लासगो ने एक बार फिर यह दिखाया कि घरेलू परिस्थितियों में बना रिकॉर्ड और अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा के बीच बड़ा अंतर है। 10.24 सेकंड का क्वालीफिकेशन कट वैश्विक स्तर की माँग को दर्शाता है जहाँ 0.15 सेकंड का अंतर भी निर्णायक होता है। भारतीय एथलेटिक्स को इस पर विचार करना होगा कि क्या फेडरेशन कप जैसी घरेलू प्रतियोगिताओं की परिस्थितियाँ और प्रशिक्षण ढाँचा खिलाड़ियों को सच्ची वैश्विक चुनौती के लिए तैयार कर पा रहे हैं।
RashtraPress
27 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

गुरिंदरवीर सिंह कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में क्यों बाहर हो गए?
गुरिंदरवीर सिंह 100 मीटर हीट्स में 10.39 सेकंड का समय निकाल सके, जो सेमीफाइनल के लिए आवश्यक 10.24 सेकंड के क्वालीफिकेशन कट से 0.15 सेकंड अधिक था। 73 एथलीटों में से केवल 17 सबसे तेज़ धावक ही अगले राउंड में पहुँचे और वे 28वें स्थान पर रहे।
गुरिंदरवीर सिंह का राष्ट्रीय रिकॉर्ड क्या है?
गुरिंदरवीर सिंह ने मई 2026 में रांची के फेडरेशन कप में 10.09 सेकंड का राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाया। इसके साथ वे 10.10 सेकंड का बैरियर तोड़ने वाले पहले भारतीय पुरुष धावक बने।
हीट 4 में गुरिंदरवीर के साथ कौन दौड़ा और कौन जीता?
हीट 4 में जमैका के रोहन वॉटसन ने 10.13 सेकंड के साथ पहला स्थान हासिल किया। वॉटसन का व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ 9.91 सेकंड है। गुरिंदरवीर 10.39 सेकंड के साथ दूसरे स्थान पर रहे।
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में 100 मीटर हीट्स का प्रारूप क्या था?
11 हीट्स में कुल 73 एथलीटों ने भाग लिया। इनमें से केवल सबसे तेज़ 17 धावक ही सेमीफाइनल में जगह बना सके। सेमीफाइनल के लिए क्वालीफिकेशन कट 10.24 सेकंड निर्धारित था।
क्या गुरिंदरवीर सिंह कॉमनवेल्थ गेम्स में पहली बार खेल रहे थे?
हाँ, ग्लासगो 2026 गुरिंदरवीर सिंह का पहला कॉमनवेल्थ गेम्स था। फेडरेशन कप में राष्ट्रीय रिकॉर्ड के बाद उनसे पदक की उम्मीद थी, लेकिन उनका डेब्यू हीट्स में ही समाप्त हो गया।
राष्ट्र प्रेस
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