आईटीटीएफ विश्व टीम टेबल टेनिस चैंपियनशिप: भारत की पुरुष और महिला दोनों टीमें राउंड ऑफ 32 में बाहर
सारांश
मुख्य बातें
लंदन, 6 मई — आईटीटीएफ विश्व टीम टेबल टेनिस चैंपियनशिप 2026 में भारत की यात्रा राउंड ऑफ 32 में समाप्त हो गई। ओवीओ एरिना वेम्बली में आयोजित नॉकआउट चरण में भारतीय पुरुष टीम को ऑस्ट्रिया से 0-3 की सीधी हार का सामना करना पड़ा, जबकि महिला टीम को संयुक्त राज्य अमेरिका से 1-3 से पराजित होना पड़ा। ग्रुप स्टेज में शानदार प्रदर्शन के बाद यह निराशाजनक समापन दोनों दलों के लिए एक बड़ा झटका रहा।
पुरुष टीम की कहानी
वर्ल्ड नंबर 51 मानुष शाह ने ऑस्ट्रियाई खिलाड़ी रॉबर्ट गार्डोस के विरुद्ध पहले मैच में कड़ा संघर्ष किया, लेकिन 2-3 (6-11, 11-7, 11-3, 8-11, 13-11) से अत्यंत करीबी अंतर से हार गए। यह एक-गेम की हार भारत के लिए निर्णायक साबित हुई। वर्ल्ड नंबर 39 मानव ठक्कर को डेनियल हैबेसोहन से 0-3 (11-7, 11-5, 11-6) से हार का सामना करना पड़ा। 42वीं रैंक के ओलंपियन साथियान ज्ञानशेखरन भी एंड्रियास लेवेंको के विरुद्ध 0-3 (11-5, 11-8, 11-9) से सीधे गेम में पराजित हुए। ऑस्ट्रिया ने इस टाई को सहजता से जीत लिया।
ग्रुप स्टेज में भारत की मजबूत शुरुआत
भारतीय पुरुष टीम ने शुरुआती दौर में प्रभावशाली प्रदर्शन किया था। उन्होंने ट्यूनीशिया और ग्वाटेमाला को 0-3 से हराया और स्लोवाकिया के विरुद्ध एक शानदार वापसी दर्ज की। इसी के कारण भारत ने स्टेज 1 बी ग्रुप में शीर्ष स्थान हासिल किया और नॉकआउट चरण में प्रवेश किया। हालांकि, विश्व की शीर्ष टीमों का सामना करते समय भारतीय खिलाड़ियों का प्रदर्शन अपेक्षाओं पर खरा नहीं उतर सका।
महिला टीम का संघर्ष
भारतीय महिला टीम अपने ग्रुप में शीर्ष स्थान पर रहते हुए राउंड ऑफ 32 में पहुंची थी, लेकिन अमेरिकी टीम उनके लिए बहुत मजबूत साबित हुई। पहले मैच में वर्ल्ड नंबर 61 यशस्विनी घोरपड़े को सैली मोयलैंड से 3-0 (11-8, 11-8, 11-7) से हार का सामना करना पड़ा। 48वीं रैंक की ओलंपियन मनिका बत्रा ने जेसिका रेयेस लाई को 3-1 (11-2, 11-7, 8-11, 11-4) से हराकर टाई को बराबर किया। लेकिन यह गति अधिक समय तक नहीं टिकी। 95वीं रैंक की दीया चितले को लिली झांग से 0-3 (11-8, 11-7, 13-11) से हार मिली। मनिका बत्रा चौथे निर्णायक मैच में फिर से उतरीं, लेकिन मोयलैंड से 1-3 (10-12, 11-9, 11-3, 13-11) से पराजित हुईं, जिससे भारत टूर्नामेंट से बाहर हो गया।
महिला टीम की ग्रुप स्टेज की जीतें
महिला टीम ने स्टेज 1 के ग्रुप बी में शानदार प्रदर्शन किया था। उन्होंने यूक्रेन, युगांडा और रवांडा को क्रमशः हराकर अपने ग्रुप में शीर्ष पर रहीं और आत्मविश्वास के साथ नॉकआउट चरण में प्रवेश किया। हालांकि, विश्व की शीर्ष टीमों के विरुद्ध उनका प्रदर्शन उम्मीदों से कम रहा।
टूर्नामेंट संरचना और आगे
इस प्रतिष्ठित चैंपियनशिप में कुल 64 टीमें 16 ग्रुपों में विभाजित थीं। प्रत्येक ग्रुप से शीर्ष दो टीमें स्टेज 2 में पहुंचीं। भारत ने शुरुआती चरण में मजबूत प्रदर्शन किया, लेकिन नॉकआउट स्टेज में विश्व की शीर्ष टीमों के समक्ष कमजोरियाँ उजागर हुईं। यह चैंपियनशिप 10 मई को समाप्त होगी, और अब भारत के लिए अगली चुनौतियों की तैयारी शुरू हो जाएगी।