शिलांग को मिला अत्याधुनिक इनडोर स्पोर्ट्स हॉल, मेघालय में ₹150 करोड़ का हाई-एल्टीट्यूड ट्रेनिंग सेंटर बनेगा
सारांश
मुख्य बातें
केंद्रीय युवा मामले एवं खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने शनिवार, 31 मई 2025 को शिलांग में एक अत्याधुनिक एकीकृत बहुउद्देशीय इनडोर खेल हॉल का उद्घाटन किया। यह उद्घाटन उनके पूर्वोत्तर भारत के तीन दिवसीय दौरे के दौरान हुआ। इसके साथ ही, मांडविया ने घोषणा की कि मेघालय में शीघ्र ही ₹150 करोड़ की लागत से एक विश्व स्तरीय हाई-एल्टीट्यूड ट्रेनिंग सेंटर स्थापित किया जाएगा।
नई सुविधाओं का महत्व
उद्घाटन के अवसर पर डॉ. मांडविया ने कहा कि यह इनडोर स्पोर्ट्स हॉल युवा एथलीट्स के लिए अवसरों के नए द्वार खोलेगा और मेघालय तथा व्यापक पूर्वोत्तर क्षेत्र में खेलों के भविष्य को संवारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उनके अनुसार, यह सुविधा खेल इकोसिस्टम को और मज़बूत करेगी तथा प्रतिभाओं की अगली पीढ़ी को तराशने में सहायक होगी।
प्रस्तावित हाई-एल्टीट्यूड ट्रेनिंग सेंटर मेघालय की भौगोलिक विशेषताओं का लाभ उठाते हुए एथलीट्स को उच्च-ऊँचाई प्रशिक्षण का अवसर देगा — एक ऐसी सुविधा जो अब तक पूर्वोत्तर में उपलब्ध नहीं थी।
39वें नेशनल गेम्स 2027 की तैयारी
इसी दौरे के तहत, डॉ. मांडविया ने 39वें नेशनल गेम्स 2027 की मेजबानी के लिए मेघालय की तैयारियों की समीक्षा हेतु एक उच्च-स्तरीय बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में मेघालय के मुख्यमंत्री कॉनराड संगमा, युवा मामले एवं खेल राज्य मंत्री रक्षा खडसे, भारतीय ओलंपिक संघ (IOA) की अध्यक्ष पीटी उषा, मेघालय के खेल मंत्री वाइलाडमिकी श्याला, पूर्वोत्तर के आठ राज्यों के खेल अधिकारी और केंद्रीय युवा मामले एवं खेल मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।
बैठक में डॉ. मांडविया ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विज़न के अनुरूप, 39वें नेशनल गेम्स को केवल एक खेल आयोजन तक सीमित नहीं रखा जाना चाहिए — यह मेघालय और पूरे पूर्वोत्तर की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, विविधता और अनूठी पहचान को देश-दुनिया के सामने प्रस्तुत करने का मंच बनना चाहिए। उन्होंने कहा, "मेघालय में 2027 में होने वाले 39वें नेशनल गेम्स के लिए हमारा संदेश है — स्थिरता और विविधता।"
प्रतिभा पहचान और डोपिंग जागरूकता पर ज़ोर
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि नेशनल गेम्स का मुख्य फ़ोकस प्रतिभा की पहचान और स्काउटिंग पर होना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि इस आयोजन को डोपिंग के प्रति जागरूकता फैलाने के अवसर के रूप में भी उपयोग किया जाए, ताकि एथलीट्स को इसके दुष्प्रभावों से अवगत कराया जा सके। साथ ही, उन्होंने सुझाव दिया कि राष्ट्रीय खेलों के दौरान 'माय भारत' के स्वयंसेवकों की भागीदारी सुनिश्चित की जाए।
मुख्यमंत्री संगमा की सराहना
डॉ. मांडविया ने मुख्यमंत्री कॉनराड संगमा के नेतृत्व की प्रशंसा करते हुए कहा कि पिछले आठ वर्षों में मेघालय ने खेल क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है। संगमा ने कहा कि खेल विज्ञान और आधुनिक प्रशिक्षण पद्धतियों को बढ़ावा देने के साथ-साथ जमीनी स्तर पर प्रतिभा पहचान कार्यक्रम स्थापित कर मेघालय ने अन्य राज्यों के लिए एक मिसाल पेश की है।
आगे की राह
₹150 करोड़ के प्रस्तावित हाई-एल्टीट्यूड ट्रेनिंग सेंटर और नए इनडोर स्पोर्ट्स हॉल के साथ, मेघालय 2027 नेशनल गेम्स की मेजबानी के लिए अपनी खेल अवसंरचना को तेज़ी से उन्नत कर रहा है। पूर्वोत्तर के लिए यह निवेश न केवल खेल प्रतिभाओं को अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुँचाने का मार्ग प्रशस्त करेगा, बल्कि क्षेत्र में खेल पर्यटन और रोज़गार को भी नई गति देगा।