सिकंदर रजा का बड़ा बयान: '7 विकेट की हार में बल्लेबाजी मानकों के अनुरूप नहीं', नमी को बताया जिम्मेदार
सारांश
मुख्य बातें
जिम्बाब्वे के कप्तान सिकंदर रजा ने 23 जुलाई को हरारे स्पोर्ट्स क्लब में भारत के खिलाफ टी20 सीरीज के पहले मैच में 7 विकेट की करारी हार के बाद अपनी टीम की बल्लेबाजी को 'मानकों के अनुरूप नहीं' करार दिया। उन्होंने सुबह की नमी को शुरुआती विकेटों के पतन का प्रमुख कारण बताया, साथ ही मिडिल ऑर्डर की वापसी को उम्मीद की किरण भी माना।
मैच का घटनाक्रम
टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी जिम्बाब्वे की टीम महज 32 रनों पर 4 विकेट गंवा बैठी। बाद में मिडिल ऑर्डर के संघर्ष के दम पर टीम ने 125/7 का स्कोर खड़ा किया। भारत ने यह लक्ष्य 40 गेंदें शेष रहते आसानी से हासिल कर लिया।
सिकंदर रजा की प्रतिक्रिया
मैच के बाद रजा ने कहा, 'यह फिर से मानकों के अनुरूप नहीं था। सुबह के समय नमी ने निश्चित रूप से भूमिका निभाई, लेकिन मुझे नहीं लगा था कि यह इतनी देर तक असर डालेगी। नई गेंद के साथ खेलना मुश्किल रहा। दुर्भाग्य से, हमने शुरुआत में ज़्यादा बाउंड्री भी नहीं लगाईं, इसलिए गेंद नई बनी रही और इसी वजह से पिच से गेंद की मूवमेंट ने बैटिंग को और भी मुश्किल बना दिया।'
रजा ने बांग्लादेश के खिलाफ हाल की वनडे सीरीज की पिच से तुलना करते हुए कहा कि उस दौरान नमी काफी लंबे समय तक बनी रही थी, जबकि गुरुवार को यह केवल पहले 8 से 12 ओवर तक ही सीमित रही। उन्होंने कहा, 'जब भारत बल्लेबाजी करने आया, तो विकेट बहुत अच्छा हो गया था।' रजा को उम्मीद है कि अगले मैच में बेहतर विकेट मिलेगा ताकि टॉस का परिणाम इतना निर्णायक न हो।
मिडिल ऑर्डर में उम्मीद की किरण
भारी हार के बावजूद रजा ने वेस्ली मधेवेरे (39 रन) और तदिवनाशे मारुमानी (27 रन, नाबाद) के प्रदर्शन की सराहना की। उन्होंने कहा, 'मारुमानी और मधेवेरे के लिए यह एक नई भूमिका भी है। उन्होंने बहुत अच्छी बल्लेबाजी की और हमें एक सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाया।' रजा ने उम्मीद जताई कि बाकी खिलाड़ी भी अगले मैचों में योगदान देंगे।
आगे की राह
यह ऐसे समय में आया है जब जिम्बाब्वे टीम अपने घरेलू मैदान पर लगातार चुनौतियों का सामना कर रही है। गौरतलब है कि बांग्लादेश के खिलाफ भी पिच की परिस्थितियाँ चर्चा का विषय रही थीं। सीरीज में दो और मैच शेष हैं और जिम्बाब्वे को वापसी के लिए अपनी बल्लेबाजी की शुरुआत को मज़बूत करना होगा।