12 मार्च का पंचांग: गुरुवार को भद्रा का साया नहीं रहेगा, जानें अमृत मुहूर्त कब होगा
सारांश
Key Takeaways
- 12 मार्च को भद्रा का साया नहीं रहेगा।
- अभिजित मुहूर्त 12:08 से 12:56 बजे तक रहेगा।
- अमृत काल शाम 5:26 से 7:23 बजे तक है।
- राहुकाल 2:01 से 3:30 बजे तक रहेगा।
- दक्षिण दिशा में यात्रा से बचें।
नई दिल्ली, 11 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। हर एक दिन नई तिथि और मुहूर्त के साथ आता है, और हिंदू सनातन धर्म में मुहूर्त और विशेष तिथियों का अत्यधिक महत्व है।
बिना शुभ तिथि और मुहूर्त के कोई नया कार्य प्रारंभ नहीं किया जाता। 12 मार्च का दिन शुभ रहने वाला है क्योंकि इस दिन, गुरुवार को, भद्रा का साया नहीं रहेगा। इसके अलावा, गुरुवार को कोई मासिक त्योहार भी नहीं होगा। तिथि के अनुसार, 12 मार्च को सुबह 6:28 बजे तक नवमी तिथि रहेगी, उसके बाद दशमी तिथि का आरंभ होगा। आइए, हम 12 मार्च के शुभ और अशुभ मुहूर्त के बारे में विस्तार से जानते हैं।
शुभ मुहूर्त की बात करें तो 12 मार्च को अभिजित मुहूर्त दोपहर 12:08 बजे से 12:56 बजे तक रहेगा। गोधूलि मुहूर्त शाम 6:26 बजे से 6:50 बजे तक होगा। अमृत काल मुहूर्त शाम 5:26 बजे से दोपहर 7:23 बजे तक रहेगा। विजय मुहूर्त 12 मार्च को दोपहर 2:31 बजे से 3:18 बजे तक रहेगा, जबकि ब्रह्म मुहूर्त सुबह 4:58 बजे से 5:47 बजे तक रहेगा।
अशुभ मुहूर्त की चर्चा करें तो राहुकाल दोपहर 2:01 बजे से 3:30 बजे तक रहेगा। गुलिक काल सुबह 9:34 बजे से 11:03 बजे तक रहेगा, और यमगण्ड काल सुबह 6:35 बजे से 8:04 बजे तक रहेगा। दुर्मुहूर्त सुबह 10:33 बजे से 11:20 बजे तक होगा। आडल योग 12 मार्च को सुबह 12:43 बजे से 6:34 बजे तक रहेगा।
सूर्योदय की बात करें तो सूर्योदय सुबह 6:35 बजे होगा, और सूर्यास्त शाम 6:28 बजे होगा। चन्द्रोदय सुबह 2:45 बजे (13 मार्च) पर होगा और अगले दिन दोपहर 12 बजे तक रहेगा। गुरुवार के दिन दिशाशूल दक्षिण दिशा में होगा। 12 मार्च को कोई मासिक त्योहार नहीं है, इसलिए इस दिन दक्षिण दिशा में यात्रा करने से बचें।