26 अगस्त 2026
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2027 UP चुनाव: अवधेश प्रसाद का दावा — अखिलेश के नेतृत्व में बनेगी सपा सरकार, योगी के वादों पर तंज

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2027 UP चुनाव: अवधेश प्रसाद का दावा — अखिलेश के नेतृत्व में बनेगी सपा सरकार, योगी के वादों पर तंज

सारांश

सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने अयोध्या से 2027 का बिगुल फूँका — योगी सरकार के एक लाख नौकरी वादे को झूठ बताया, जेपीएनआईसी लीज को जयप्रकाश नारायण का अपमान कहा, और दावा किया कि महंगाई व बेरोज़गारी से त्रस्त जनता अखिलेश के साथ खड़ी है।

मुख्य बातें

सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने 26 अगस्त 2026 को अयोध्या में दावा किया कि 2027 में अखिलेश यादव के नेतृत्व में सपा सरकार बनेगी।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के छह महीने में एक लाख सरकारी नियुक्ति पत्र देने के वादे को उन्होंने 'बिल्कुल झूठ' बताया।
PM मोदी के हर साल दो करोड़ नौकरियों के वादे का हवाला देते हुए कहा — 12 साल बाद भी वादा पूरा नहीं हुआ।
जेपीएनआईसी को निजी कंसोर्टियम को लीज देने के फैसले को जयप्रकाश नारायण का अपमान बताया।
प्रदेश में चीनी ₹70 से ₹100 प्रति किलोग्राम तक बिकने का आरोप लगाते हुए महंगाई और कानून-व्यवस्था पर निशाना साधा।

समाजवादी पार्टी के सांसद अवधेश प्रसाद ने 26 अगस्त 2026 को अयोध्या में कहा कि उत्तर प्रदेश की एनडीए सरकार से जनता का भरोसा पूरी तरह उठ चुका है और 2027 के विधानसभा चुनाव में अखिलेश यादव के नेतृत्व में समाजवादी पार्टी (सपा) की सरकार बनेगी। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ चुनाव नजदीक आते ही बड़े-बड़े वादे कर रहे हैं, जबकि जमीनी हकीकत इससे कोसों दूर है।

योगी के एक लाख नौकरी वादे पर सपा का पलटवार

यह बयान उस समय आया जब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घोषणा की थी कि अगले छह महीने के भीतर एक लाख युवाओं को सरकारी नियुक्ति पत्र दिए जाएंगे। अवधेश प्रसाद ने इसे 'बिल्कुल झूठी बात' करार दिया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वादा किया था कि हर साल दो करोड़ नौकरियाँ दी जाएंगी, किंतु 12 वर्ष बीत जाने के बाद भी यह वादा पूरा नहीं हुआ। उनके अनुसार, भारतीय जनता पार्टी (BJP) की कथनी और करनी में हमेशा अंतर रहा है।

सपा का 2027 का एजेंडा: युवा, किसान और नियमित भर्ती

अवधेश प्रसाद ने दावा किया कि 2027 में सपा की सरकार बनने पर युवाओं और छात्रों को सरकारी नौकरियाँ दी जाएंगी और नियमित भर्तियाँ सुनिश्चित की जाएंगी। उन्होंने कहा कि किसानों और युवाओं को सम्मान देना सपा की प्राथमिकता होगी। यह बयान ऐसे समय में आया है जब उत्तर प्रदेश में बेरोज़गारी और कृषि संकट प्रमुख राजनीतिक मुद्दे बने हुए हैं।

जेपीएनआईसी लीज विवाद पर तीखी प्रतिक्रिया

जयप्रकाश नारायण इंटरनेशनल सेंटर (जेपीएनआईसी) को एक निजी कंसोर्टियम को लीज पर देने के सरकारी फैसले पर सपा सांसद ने कड़ी आपत्ति जताई। उन्होंने इसे जयप्रकाश नारायण और देश की आज़ादी का अपमान बताया। उनके अनुसार, यह इमारत अखिलेश यादव के मुख्यमंत्री कार्यकाल में लखनऊ में जयप्रकाश नारायण के सम्मान में बनाई गई थी। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि एक बार अखिलेश यादव को इस परिसर में प्रवेश से रोका गया था, जिसे उन्होंने 'दुर्भाग्यपूर्ण' बताया।

महंगाई और कानून-व्यवस्था पर निशाना

अवधेश प्रसाद ने योगी सरकार की विभिन्न घोषणाओं — जैसे मुफ्त बस यात्रा, ₹50,000 की सहायता और घर-घर जाकर पैसे बाँटने के वादे — को 'अर्थहीन' बताया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में महंगाई दिन-ब-दिन बढ़ रही है और कुछ स्थानों पर चीनी ₹70 से ₹100 प्रति किलोग्राम तक बिक रही है। उनके अनुसार, कानून-व्यवस्था की स्थिति भी चिंताजनक है और BJP सरकार ने जनता का विश्वास खो दिया है।

राजनीतिक पृष्ठभूमि

गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश में 2027 का विधानसभा चुनाव अभी लगभग डेढ़ वर्ष दूर है, लेकिन सपा और BJP दोनों दलों ने अपनी-अपनी राजनीतिक ज़मीन मजबूत करने की कोशिशें तेज़ कर दी हैं। 2022 के विधानसभा चुनाव में BJP ने बहुमत के साथ सत्ता बरकरार रखी थी, जबकि सपा मुख्य विपक्षी दल के रूप में उभरी थी। आने वाले महीनों में दोनों दलों के बीच यह बयानबाज़ी और तेज़ होने की संभावना है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली सवाल यह है कि क्या सपा के पास 2027 के लिए केवल विरोध की भाषा है या कोई ठोस वैकल्पिक एजेंडा भी। योगी सरकार के नौकरी वादों पर सवाल उठाना राजनीतिक रूप से सुविधाजनक है, किंतु सपा के अपने कार्यकाल में भर्ती प्रक्रियाओं की गति पर भी आलोचकों ने सवाल उठाए थे। जेपीएनआईसी विवाद एक भावनात्मक मुद्दा है जो समाजवादी विरासत को भुनाने का अवसर देता है, लेकिन इसे बड़े शासन-विफलता के रूप में स्थापित करने के लिए तथ्यात्मक आधार की ज़रूरत होगी। 2027 तक की राजनीतिक लड़ाई वादों की नहीं, विश्वसनीयता की होगी।
RashtraPress
26 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

अवधेश प्रसाद ने 2027 चुनाव को लेकर क्या दावा किया?
सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने दावा किया कि 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में अखिलेश यादव के नेतृत्व में समाजवादी पार्टी की सरकार बनेगी। उनके अनुसार, एनडीए सरकार से जनता का भरोसा पूरी तरह उठ चुका है।
योगी सरकार के एक लाख नौकरी वादे पर सपा की क्या प्रतिक्रिया है?
अवधेश प्रसाद ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के छह महीने में एक लाख सरकारी नियुक्ति पत्र देने के वादे को 'बिल्कुल झूठ' बताया। उन्होंने PM मोदी के हर साल दो करोड़ नौकरियों के 12 साल पुराने वादे का हवाला देते हुए कहा कि BJP की कथनी और करनी में हमेशा अंतर रहा है।
जेपीएनआईसी लीज विवाद क्या है?
जयप्रकाश नारायण इंटरनेशनल सेंटर (जेपीएनआईसी) को योगी सरकार ने एक निजी कंसोर्टियम को लीज पर देने का फैसला किया है। सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने इसे जयप्रकाश नारायण और देश की आज़ादी का अपमान बताया, क्योंकि यह भवन अखिलेश यादव के मुख्यमंत्री कार्यकाल में लखनऊ में जेपी के सम्मान में बनाया गया था।
सपा 2027 में सत्ता में आने पर युवाओं और किसानों के लिए क्या करेगी?
अवधेश प्रसाद के अनुसार, सपा सरकार युवाओं और छात्रों को सरकारी नौकरियाँ देगी, नियमित भर्तियाँ सुनिश्चित करेगी और किसानों तथा युवाओं को सम्मान दिया जाएगा। हालाँकि, इन वादों का विस्तृत खाका अभी सामने नहीं आया है।
उत्तर प्रदेश में 2027 का चुनावी माहौल कैसा है?
2027 का विधानसभा चुनाव अभी लगभग डेढ़ वर्ष दूर है, लेकिन BJP और सपा दोनों दलों ने राजनीतिक सरगर्मियाँ तेज़ कर दी हैं। 2022 में BJP ने बहुमत के साथ सत्ता बरकरार रखी थी, जबकि सपा मुख्य विपक्षी दल रही। महंगाई, बेरोज़गारी और कानून-व्यवस्था प्रमुख चुनावी मुद्दे बनते दिख रहे हैं।
राष्ट्र प्रेस
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